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फारेस्टर व सौ नंबर पुलिस पर उत्पीड़न करने का आरोप
Updated Sun, 10 Sep 2017 12:20 AM IST
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मिर्जापुर। नगर के बथुआ निवासी शैलेंद्र चौधरी ने जिला प्रशासन के माध्यम से प्रमुख सचिव वन को एक पत्रक भेजकर एक फारेस्टर तथा सौ नंबर की पुलिस द्वारा परमिट व वैध लीज से पटिया ले जाने के बावजूद वाहन के विरुद्घ कार्रवाई करते हुए चालक तथा मेरे साथ अभद्र व्यवहार करते हुए उत्पीड़न का आरोप लगाया है। उन्होंने पूरे मामले की जांच कराकर फारेस्टर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
शैलेंद्र चौधरी ने भेजे गए पत्रक में बताया है कि आठ सितंबर को मेरे मोबाइल पर एक फारेस्टर ने फोन किया। कहा कि आपकी लीज से फर्जी परमिट के आधार पर बोल्डर बेचा गया है। जिसे मैने ट्रैक्टर सहित पकड़ा है। जब मैने बताया कि परमिट फर्जी नहीं है मैने शासन द्वारा जारी गई नई परमिट को आनलाइन लेकर दिया है और लीज भी वैध है। फिर भी फारेस्टर नहीं माना और चालक से कहा कि वैध हो अवैध इस रास्ते से जाना है को मेरे द्वारा जारी गई परमिट को लेना होगा जो एक हजार रुपये में मिलता है। जब मेरे चालक ने सुविधा शुल्क देने से मना किया तो उससे अभद्र व्यवहार करते हुए सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने समेत अन्य आरोप लगाने लगा। फारेस्टर व सौ नंबर पुलिस द्वारा किए गए उत्पीड़न की घटना को देहात कोतवाली के लौरिया गांव के कई लोगों ने देखा है। उन्होंनेे बताया कि पूरे मामले की जांच किसी सक्षम अधिकारी से करवाकर दोषियों के विरुद्घ कार्रवाई की जाए। जिससे व्यापारी वन सुरक्षा कर्मियों के उत्पीड़न से बच सके। ज्ञापन सौपंने वालों में बबलू मिश्रा, विमुन्ने तिवारी, राजन, प्रदीप सिंह, जय लाल, सुुुधीर जैन आदि शामिल रहे।
शैलेंद्र चौधरी ने भेजे गए पत्रक में बताया है कि आठ सितंबर को मेरे मोबाइल पर एक फारेस्टर ने फोन किया। कहा कि आपकी लीज से फर्जी परमिट के आधार पर बोल्डर बेचा गया है। जिसे मैने ट्रैक्टर सहित पकड़ा है। जब मैने बताया कि परमिट फर्जी नहीं है मैने शासन द्वारा जारी गई नई परमिट को आनलाइन लेकर दिया है और लीज भी वैध है। फिर भी फारेस्टर नहीं माना और चालक से कहा कि वैध हो अवैध इस रास्ते से जाना है को मेरे द्वारा जारी गई परमिट को लेना होगा जो एक हजार रुपये में मिलता है। जब मेरे चालक ने सुविधा शुल्क देने से मना किया तो उससे अभद्र व्यवहार करते हुए सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने समेत अन्य आरोप लगाने लगा। फारेस्टर व सौ नंबर पुलिस द्वारा किए गए उत्पीड़न की घटना को देहात कोतवाली के लौरिया गांव के कई लोगों ने देखा है। उन्होंनेे बताया कि पूरे मामले की जांच किसी सक्षम अधिकारी से करवाकर दोषियों के विरुद्घ कार्रवाई की जाए। जिससे व्यापारी वन सुरक्षा कर्मियों के उत्पीड़न से बच सके। ज्ञापन सौपंने वालों में बबलू मिश्रा, विमुन्ने तिवारी, राजन, प्रदीप सिंह, जय लाल, सुुुधीर जैन आदि शामिल रहे।
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