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अंधेरे में रहते है पुल, रात में गुजरने में होती है परेशानी
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भटौलीपुल, चुनार पक्का पुल आदि पर प्रकाश की उचित व्यवस्था ना होने से रात के समय अंधेरा रहता है। इस कारण रात के समय पुल से गुजरने वाले लोगों को समस्या का सामना करना पड़ता है। भटौली पुल के पास किनारे पर लगी सौर ऊर्जा की बैटरी को चोर चोरी कर ले गए। जिसके बाद उसे बदला नहीं जा सकता है। यही हाल चुनार पक्का पुल का भी है। वहां भी रोशनी की व्यवस्था नहीं है। शास्त्री पुल पर लाइटें लगी है। उसमें भी कई लाइटें खराब है। इससे पुल पर रात के समय गुजरना खतरनाक रहता है। लोगों को छिनैती का भय सताता है।
जिले में गंगा नदी पर तीन पुल है। सबसे पुरानी शास्त्री पुल है। उस पर लाइट का प्रबंध तो है, पर समय-समय पर उसकी लाइटें खराब रहती है। जिसे बनने में समय रहता है, पर अन्य लाइटें जलने से वहां पर समस्या कम है। सबसे अधिक समस्या भटौली और चुनार पक्का पुल की है। कछवां, भटौली पुल पर लोक निर्माण विभाग की ओर से नौ लाइटें लगी थी। इसमें से इन दिनों एक भी नहीं जल रही है। कुछ की बैटरी चोरी हो गई तो कुछ टूट कर गिर गई है। इसके अलावा भटौली पुल के दोनों छोर पर सौर ऊर्जा की लाइट लगी है। जौसरा की ओर तो एक लाइट जल रही है, पर बरैनी की ओर लगी लाइट नहीं जल रही है। सौर ऊर्जा की बैटरी चोरी हो चुकी है। चुनार, नगर के बालूघाट से मेड़िया घाट पर बने पक्का पुल पर प्रकाश व्यवस्था कराये जाने की स्थानीय लोगों की मांग अब तक पूरी नहीं हो सकी। शाम होते ही पुल अंधेरे में डूब जाता है। अंधेरा होने के चलते पुल से आवागमन कर रहे लोग खुद को असुरक्षित महसूस करते हैं। वह आवागमन के दौरान वाहन से होने वाले दुर्घटना के साथ ही छिनैती जैसे अपराध होने की आंशका को लेकर चिंतित एवं भय के माहौल में पुल पार करते हैं। स्थानीय लोगों ने पुल पर प्रकाश व्यवस्था कराये जाने की मांग जिले के अधिकारियों एवं जन प्रतिनिधियों से कई बार किया, पर अब तक समस्या का समाधान नहीं सका है।
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जिले में गंगा नदी पर तीन पुल है। सबसे पुरानी शास्त्री पुल है। उस पर लाइट का प्रबंध तो है, पर समय-समय पर उसकी लाइटें खराब रहती है। जिसे बनने में समय रहता है, पर अन्य लाइटें जलने से वहां पर समस्या कम है। सबसे अधिक समस्या भटौली और चुनार पक्का पुल की है। कछवां, भटौली पुल पर लोक निर्माण विभाग की ओर से नौ लाइटें लगी थी। इसमें से इन दिनों एक भी नहीं जल रही है। कुछ की बैटरी चोरी हो गई तो कुछ टूट कर गिर गई है। इसके अलावा भटौली पुल के दोनों छोर पर सौर ऊर्जा की लाइट लगी है। जौसरा की ओर तो एक लाइट जल रही है, पर बरैनी की ओर लगी लाइट नहीं जल रही है। सौर ऊर्जा की बैटरी चोरी हो चुकी है। चुनार, नगर के बालूघाट से मेड़िया घाट पर बने पक्का पुल पर प्रकाश व्यवस्था कराये जाने की स्थानीय लोगों की मांग अब तक पूरी नहीं हो सकी। शाम होते ही पुल अंधेरे में डूब जाता है। अंधेरा होने के चलते पुल से आवागमन कर रहे लोग खुद को असुरक्षित महसूस करते हैं। वह आवागमन के दौरान वाहन से होने वाले दुर्घटना के साथ ही छिनैती जैसे अपराध होने की आंशका को लेकर चिंतित एवं भय के माहौल में पुल पार करते हैं। स्थानीय लोगों ने पुल पर प्रकाश व्यवस्था कराये जाने की मांग जिले के अधिकारियों एवं जन प्रतिनिधियों से कई बार किया, पर अब तक समस्या का समाधान नहीं सका है।
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