मिर्जापुर। क्षिप्रा एक्सप्रेस में रविवार की सुबह एक आर्मी जवान के हंगामा करने पर उसे मिर्जापुर स्टेशन पर उतारकर जीआरपी के हवाले कर दिया गया। चर्चा तो है कि आर्मी का जवान शराब के नशे में छेड़खानी कर रहा था, इसलिए हंगामा हुआ। पर जीआरपी का कहना है कि वह ट्रेन नींद में होने के कारण आगे आ गया था। आगे आ जाने को लेकर टीटीई से हंगामा हुआ। जिसके बाद उसके परिजनों को बुलाकर उनके हवाले कर दिया गया।
क्षिप्रा एक्सप्रेस का मिर्जापुर स्टेशन पर ठहराव दो मिनट का है, पर रविवार की सुबह साढ़े छह बजे क्षिप्रा एक्सप्रेस में आर्मी के जवान द्वारा हंगामा करने पर 10 मिनट तक ट्रेन खड़ी रही। चर्चा है कि आर्मी का जवान शराब के नशे में ट्रेन में छेड़खानी कर रहा था, इसका लोगों ने विरोध किया। जीआरपी प्रभारी उदयशंकर कुशवाहा ने बताया कि आर्मी का जवान नागालैंड में तैनात है। वह छुट्टी पर घर आ रहा था। उसका घर गाजीपुर के गहमर गांव में है। वह सो गया था इसलिए गहमर गांव में नहीं उतर सका। मिर्जापुर स्टेशन पहुंचने पर टीटीई ने उसे प्रयागराज चलने को कहा, इस पर विवाद हो गया। आर्मी के जवान को थाने लाकर उसके परिजनों को सूचना दी गई। डेढ़ घंटे बाद उसका साला और परिजन आए। जवान को परिजनों के हवाले किया गया। छेड़खानी का कोई मामला नहीं है।