{"_id":"62-81415","slug":"Mirzapur-81415-62","type":"story","status":"publish","title_hn":"सोनभद्र वकील हत्याकांड का आरोपी सलीम ट्रेन से कूदकर भागा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सोनभद्र वकील हत्याकांड का आरोपी सलीम ट्रेन से कूदकर भागा
Mirzapur
Updated Thu, 22 Nov 2012 12:00 PM IST
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मिर्जापुर। लालगंज पुलिस पर चाकू से हमले समेत कई आपराधिक वारदातों को अंजाम दे चुका बदमाश सलीम नट बुधवार को जिला कचहरी में पेशी से लौटते वक्त ट्रेन से कूदकर भाग निकला। बदमाश सलीम नट शुरू से ही मनबढ़ रहा है। पुलिस रिकार्ड में उसके ऊपर हत्या, लूट, चोरी, जालसाजी व सिपाहियों पर चाकू से हमला कर हत्या के प्रयास समेत कुल पंद्रह मुकदमे दर्ज हैं। यह मामले मिर्जापुर जिले के लालगंज थाने के अलावा इलाहाबाद, मध्य प्रदेश के रीवा में भी पंजीकृत है।
इलाहाबाद पुलिस के एक जवान की मौत का जिम्मेेदार लालगंज थाना क्षेत्र के बसहीं गांव निवासी सलीम नट पुत्र कलीम नट मिर्जापुर जिले में भी दो सिपाहियों पर चाकू से हमला कर उन्हें जान से मारने का प्रयास कर चुका है। घटना दस फरवरी वर्ष 2011 की है। उस वक्त लालगंज थाने में वर्तमान प्रभारी शहर कोतवाल आरके सिंह थानेदार के रूप में तैनात थे। बुधवार को इलाहाबाद के करछना इलाके में सलीम के ट्रेन से कूदकर भागने व उसे पकड़ने के चक्कर में सिपाही की हुई मौत की घटना के संबंध में जब कोतवाल आरके सिंह को बताया गया तो उन्होंने तुरंत कहा कि सलीम बहुत बड़ा बदमाश था। करीब बीस माह पीछे जाते हुए आरके सिंह ने कहा कि दस फरवरी वर्ष 2011 को एक युवक ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसका मोबाइल फोन इलाके के ही सलीम नामक बदमाश ने छीन लिया है। उस समय थाने में तैनात सिपाही सलीम को समझ नहीं सके और जब वह उसे गिरफ्तार करने गए तो सलीम ने सिपाहियों पर जानलेवा हमला कर उन्हें लहूलुहान कर दिया और भाग निकला।
उधर, सलीम पर इलाहाबाद के हंडिया थाने में भी सोनभद्र के एक अधिवक्ता की हत्या व बोलेरो की लूट का मामला दर्ज है। लालगंज की घटना के करीब सात माह बाद छह सितंबर वर्ष 2011 को सलीम नट को इलाहाबाद पुलिस के गिरफ्त में आया और उसके घर बसहीं से ही अधिवक्ता की लूटी गई बोलेरो पुलिस ने बरामद की थी। सलीम को लालगंज थाने में दर्ज मामलों में ही इलाहाबाद पुलिस बुधवार को जिला कचहरी में पेशी पर लेकर आई हुई थी। शातिर बदमाश सलीम नट ने इस बार इलाहाबाद पुलिस के जवान को न सिर्फ चकमा दिया, बल्कि उसकी मौत का जिम्मेदार भी बन गया। ट्रेन से कूदकर भागे सलीम को गिरफ्तार करने के प्रयास में सिपाही भी चलती ट्रेन से इलाहाबाद केे करछना इलाके में कूद गया और वह ट्रेन के नीचे आकर कट गया।
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इलाहाबाद पुलिस के एक जवान की मौत का जिम्मेेदार लालगंज थाना क्षेत्र के बसहीं गांव निवासी सलीम नट पुत्र कलीम नट मिर्जापुर जिले में भी दो सिपाहियों पर चाकू से हमला कर उन्हें जान से मारने का प्रयास कर चुका है। घटना दस फरवरी वर्ष 2011 की है। उस वक्त लालगंज थाने में वर्तमान प्रभारी शहर कोतवाल आरके सिंह थानेदार के रूप में तैनात थे। बुधवार को इलाहाबाद के करछना इलाके में सलीम के ट्रेन से कूदकर भागने व उसे पकड़ने के चक्कर में सिपाही की हुई मौत की घटना के संबंध में जब कोतवाल आरके सिंह को बताया गया तो उन्होंने तुरंत कहा कि सलीम बहुत बड़ा बदमाश था। करीब बीस माह पीछे जाते हुए आरके सिंह ने कहा कि दस फरवरी वर्ष 2011 को एक युवक ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसका मोबाइल फोन इलाके के ही सलीम नामक बदमाश ने छीन लिया है। उस समय थाने में तैनात सिपाही सलीम को समझ नहीं सके और जब वह उसे गिरफ्तार करने गए तो सलीम ने सिपाहियों पर जानलेवा हमला कर उन्हें लहूलुहान कर दिया और भाग निकला।
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उधर, सलीम पर इलाहाबाद के हंडिया थाने में भी सोनभद्र के एक अधिवक्ता की हत्या व बोलेरो की लूट का मामला दर्ज है। लालगंज की घटना के करीब सात माह बाद छह सितंबर वर्ष 2011 को सलीम नट को इलाहाबाद पुलिस के गिरफ्त में आया और उसके घर बसहीं से ही अधिवक्ता की लूटी गई बोलेरो पुलिस ने बरामद की थी। सलीम को लालगंज थाने में दर्ज मामलों में ही इलाहाबाद पुलिस बुधवार को जिला कचहरी में पेशी पर लेकर आई हुई थी। शातिर बदमाश सलीम नट ने इस बार इलाहाबाद पुलिस के जवान को न सिर्फ चकमा दिया, बल्कि उसकी मौत का जिम्मेदार भी बन गया। ट्रेन से कूदकर भागे सलीम को गिरफ्तार करने के प्रयास में सिपाही भी चलती ट्रेन से इलाहाबाद केे करछना इलाके में कूद गया और वह ट्रेन के नीचे आकर कट गया।
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