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आकाशीय बिजली की चपेट में आने से बालक की मौत
Updated Sat, 14 Jul 2018 11:48 PM IST
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मड़िहान। तहसील क्षेत्र के डढ़िया गांव में खेत में खड़े किशोर की बिजली गिरने से मौत हो गई। मौत की जानकारी होते ही परिजनों में कोहराम मच गया। घटना की सूचना पर पहुंचे तहसीलदार सुरेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि प्राकृतिक आपदा में मृतक के परिजन को चार लाख रुपये की सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। पुलिस ने पंचनामा कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
क्षेत्र के डढ़िया गांव निवासी आनंद ने अपने 12 वर्षीय बेटे को शुक्रवार की सुबह विद्यालय जाने से मना कर दिया। दोपहर में गरज चमक के साथ बारिश होने लगी। इसी दौरान, आनंद अपने पुत्र धीरज को साथ लेकर खेत पर मक्का की जोताई बुआई कराने चला गया। धीरज अगल-बगल गांव के ही चार पांच लोगों के साथ खेत के मेड़ पर खड़ा था। इसी दौरान बिजली कड़की और धीरज चपेट में आ गया। जमीन पर गिरकर तड़पने लगा। इलाज के लिए परिजन आनन फानन में पीएचसी पटेहरा ले गए। किशोर को देखते ही अस्पताल के चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया। धीरज आदर्श इंटर कालेज में कक्षा सात का छात्र था। शोक में विद्यालय को बंद कर दिया गया। कक्षा में सबसे तेज धीरज के परिजनों का रो रो कर बुरा हाल था। महिलाएं दहाड़ मारकर रोते बिलखते कह रही थी कि लाल को विद्यालय जाने से न रोका गया होता तो कुछ न होता।
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क्षेत्र के डढ़िया गांव निवासी आनंद ने अपने 12 वर्षीय बेटे को शुक्रवार की सुबह विद्यालय जाने से मना कर दिया। दोपहर में गरज चमक के साथ बारिश होने लगी। इसी दौरान, आनंद अपने पुत्र धीरज को साथ लेकर खेत पर मक्का की जोताई बुआई कराने चला गया। धीरज अगल-बगल गांव के ही चार पांच लोगों के साथ खेत के मेड़ पर खड़ा था। इसी दौरान बिजली कड़की और धीरज चपेट में आ गया। जमीन पर गिरकर तड़पने लगा। इलाज के लिए परिजन आनन फानन में पीएचसी पटेहरा ले गए। किशोर को देखते ही अस्पताल के चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया। धीरज आदर्श इंटर कालेज में कक्षा सात का छात्र था। शोक में विद्यालय को बंद कर दिया गया। कक्षा में सबसे तेज धीरज के परिजनों का रो रो कर बुरा हाल था। महिलाएं दहाड़ मारकर रोते बिलखते कह रही थी कि लाल को विद्यालय जाने से न रोका गया होता तो कुछ न होता।
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