फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mirzapur News ›   फसलों में लगने वाले रोगों पर चर्चा

फसलों में लगने वाले रोगों पर चर्चा

Thu, 27 Sep 2018 01:08 AM IST
Updated Thu, 27 Sep 2018 01:08 AM IST
विज्ञापन
फसलों में लगने वाले रोगों पर चर्चा
जमालपुर। प्रक्षेत्र दिवस पर विकास खंड जमालपुर के ढेलवासपुर गांव में बुधवार को राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन तहत कृषकों को दिये जाने वाले लाभ की जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र के कई गांवों के किसानों ने भाग लिया। किसानों ने कृषि वैज्ञानिकों से अपनी फसलों में लगने वाले रोगों के बारे में भी जानकारी ली। इस कार्यक्रम के दौरान बरकछा स्थित साउथ कैंपस से आये कृषि वैज्ञानिक एसएन सिंह ने क्षेत्र के किसानों को बीज का शोधन कर बीज का इस्तेमाल करने की सलाह दी।
विज्ञापन

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि महेश सिंह ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलित कर किया। कृषि वैज्ञानिक एसएन सिंह ने कहा कि धान में लगने वाले खैरा रोग की रोकथाम के लिए किसान खेतों में दो किलो चूना, तीन से पांच किग्रा यूरिया एवं एक किलो ग्राम जिंक का छिड़काव करें। कहा कि धान के रेड़ा पड़ जाने के बाद बोरान का छिड़काव करने पर पईया नहीं लगता। कृषि वैज्ञानिक सुधीर श्रीवास्तव ने कृषि विभाग ने किसानों को दिए जाने वाले यंत्र, बीज एवं सोलर पंप पर मिलने वाले अनुदान के विषय में जानकारी दी तथा कृषकों को जैविक खाद का इस्तेमाल करने की सलाह दी। कार्यक्रम में 25 किसानों मे मृदा स्वास्थ्य कार्ड का वितरण भी किया गया। प्रक्षेत्र दिवस पर कृषि वैज्ञानिकों ने चयनित धान के खेत का निरीक्षण भी किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता ब्लाक प्रमुख बृजमोहन एवं संचालन फणींद्र श्रीवास्तव ने की। इस दौरान दिनेश सिंह, सुनील सिंह, मोतीलाल सिंह, रमेश सिंह, देवेंद्र गुप्ता, रामबली सिंह, प्रवीण कुमार, अमरनाथ,अस्पताली, कौशल तिवारी, विनोद सिंह, विश्वनाथ सिंह, जगनरायन सिंह, जगदीश सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed