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बेलन बरौंधा से कोटाघाट मार्ग पर चलना हुआ कष्टप्रद
Updated Wed, 14 Jun 2017 12:35 AM IST
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हलिया। पिछले एक दशक से मरम्मत के अभाव में हलिया के बेलन बरौंधा से कोटाघाट संपर्क मार्ग पर आवागमन टेढ़ी खीर साबित हो रहा है। पूरी तरह गड्ढों में तब्दील हो चुके संपर्क मार्ग पर आए दिन दुर्घटनाएं भी होती रहती हैं। संपर्क मार्ग पर मरम्मत कार्य नहीं होने से लोगों में महकमे के प्रति गहरा आक्रोश व्याप्त है। हलिया विकास खंड के बेलन बरौंधा गांव से कोटाघाट तक करीब नौ किमी सड़क की दशा अत्यंत दयनीय हो चुकी है। इस संपर्क मार्ग पर आसपास के दर्जन भर से अधिक गांवों के लोगों का आना-जाना लगा रहता है।
सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ का 15 जून तक गड्ढामुक्त सड़क का फरमान जिले के हलिया ब्लॉक में पूरा होता नहीं दिख रहा है। हलिया व बरौंधा का लिंक मार्ग होने के कारण इस मार्ग पर ब्लॉक व थाना तक आने-जाने वाले अन्य गांवों के लोगों का आवाजाही बना रहता है, लेकिन एक दशक से संपर्क मार्ग पर मरम्मत का कार्य शुरू तक नहीं हो पाया है। बरौंधा से कोटाघाट तक सड़क पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है, वहीं सड़क पर जगह-जगह बने गड्ढे दुर्घटना को दावत दे रहे हैं। बेलन बरौंधा से कोटाघाट मार्ग पर बरौंधा सहित अमीरती, महाराजगंज, ढोपापुर, लोहरौंह, पसाहीपुर, कोठी, निवावल, सेमरिहा, भीटहां, कोटाघाट आदि दर्जन भर गांवों के लोगों का आना-जाना बना रहता है। इन गावों के लोगों का बरौंधा बाजार, कोटाघा बाजार, ब्लाक मुख्यालय तथा लालगंज तहसील मुख्यालय में आने-जाने का यही मुख्य मार्ग है। संपर्क मार्ग की खस्ताहाली का नजारा यह है कि बरौंधा से निकलते ही अमरीती व महाराजगंज तक सड़क का अस्तित्व ही समाप्त हो चुका है, वहीं निवावाल, सेमरिहा व भिटहां आदि गांवों के सामने सड़क पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है। बारिश में संपर्क मार्ग से गुजरना और भी मुश्किल हो जाता है। क्षेत्र के शिवेंद्र प्रताप सिंह, रामचंद्र उपाध्याय, बैजनाथ कोल, डा. अनिल सिंह, बलराम प्रसाद आदि का कहना है कि गड्ढायुक्त सड़क पर लोगों का चलना खतरनाक साबित हो रहा है, जुलाई माह से विद्यालय खुलने वाले हैं, ऐसे में छात्रों को आने-जाने में परेेेशानी होगी। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता राजीव श्रीवास्तव ने बताया कि जिले की करीब 50 प्रतिशत सड़कों को गड्ढामुक्त कराया जा चुका है, शेष क्षतिग्रस्त सड़कों पर मरम्मत कार्य तेजी से करायाजा रहा है।
सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ का 15 जून तक गड्ढामुक्त सड़क का फरमान जिले के हलिया ब्लॉक में पूरा होता नहीं दिख रहा है। हलिया व बरौंधा का लिंक मार्ग होने के कारण इस मार्ग पर ब्लॉक व थाना तक आने-जाने वाले अन्य गांवों के लोगों का आवाजाही बना रहता है, लेकिन एक दशक से संपर्क मार्ग पर मरम्मत का कार्य शुरू तक नहीं हो पाया है। बरौंधा से कोटाघाट तक सड़क पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है, वहीं सड़क पर जगह-जगह बने गड्ढे दुर्घटना को दावत दे रहे हैं। बेलन बरौंधा से कोटाघाट मार्ग पर बरौंधा सहित अमीरती, महाराजगंज, ढोपापुर, लोहरौंह, पसाहीपुर, कोठी, निवावल, सेमरिहा, भीटहां, कोटाघाट आदि दर्जन भर गांवों के लोगों का आना-जाना बना रहता है। इन गावों के लोगों का बरौंधा बाजार, कोटाघा बाजार, ब्लाक मुख्यालय तथा लालगंज तहसील मुख्यालय में आने-जाने का यही मुख्य मार्ग है। संपर्क मार्ग की खस्ताहाली का नजारा यह है कि बरौंधा से निकलते ही अमरीती व महाराजगंज तक सड़क का अस्तित्व ही समाप्त हो चुका है, वहीं निवावाल, सेमरिहा व भिटहां आदि गांवों के सामने सड़क पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है। बारिश में संपर्क मार्ग से गुजरना और भी मुश्किल हो जाता है। क्षेत्र के शिवेंद्र प्रताप सिंह, रामचंद्र उपाध्याय, बैजनाथ कोल, डा. अनिल सिंह, बलराम प्रसाद आदि का कहना है कि गड्ढायुक्त सड़क पर लोगों का चलना खतरनाक साबित हो रहा है, जुलाई माह से विद्यालय खुलने वाले हैं, ऐसे में छात्रों को आने-जाने में परेेेशानी होगी। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता राजीव श्रीवास्तव ने बताया कि जिले की करीब 50 प्रतिशत सड़कों को गड्ढामुक्त कराया जा चुका है, शेष क्षतिग्रस्त सड़कों पर मरम्मत कार्य तेजी से करायाजा रहा है।
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