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Meerut News: आरआरटीएस परियोजना की भूमि पर चहारदीवारी के निर्माण का काम रोका
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संवाद न्यूज एजेंसी
सरधना। दिल्ली-मेरठ आरआरटीएस परियोजना की अधिगृहीत भूमि पर चहारदीवारी के निर्माण कार्य में स्थानीय लोगों के विरोध-प्रदर्शन से काम बाधित हो गया। एनसीआरटीसी के उपमुख्य अभियंता रुबेन सागर ने एसडीएम को पत्र भेजकर प्रशासन से सहयोग की मांग की।
जानकारी के अनुसार, यह भूमि आरआरटीएस परियोजना के लिए अधिगृहीत की गई थी। एनसीआरटीसी ने 4 नवंबर को इस भूमि पर चहारदीवारी का निर्माण कार्य शुरू किया। इसी दौरान कुछ स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और श्रमिकों व मशीनरी को हटाकर कार्य रोक दिया।
एनसीआरटीसी अधिकारियों ने स्थानीय लोगों को समझाने का प्रयास किया लेकिन वह नहीं माने। इसके बाद विभाग ने प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है ताकि परियोजना का कार्य बिना किसी रुकावट पूरा किया जा सके। एनसीआरटीसी अधिकारियों का कहना है कि परियोजना समयबद्ध रूप से पूरी करना आवश्यक है। स्थानीय लोग अपने हितों और कुछ विवादों का हवाला देते हुए निर्माण कार्य रोकने पर अड़े हुए हैं।
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उपजिलाधिकारी उदित नारायण सेंगर का कहना है कि मामले की समीक्षा कर आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। इस संबंध में तहसीलदार को मामले की जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
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सरधना। दिल्ली-मेरठ आरआरटीएस परियोजना की अधिगृहीत भूमि पर चहारदीवारी के निर्माण कार्य में स्थानीय लोगों के विरोध-प्रदर्शन से काम बाधित हो गया। एनसीआरटीसी के उपमुख्य अभियंता रुबेन सागर ने एसडीएम को पत्र भेजकर प्रशासन से सहयोग की मांग की।
जानकारी के अनुसार, यह भूमि आरआरटीएस परियोजना के लिए अधिगृहीत की गई थी। एनसीआरटीसी ने 4 नवंबर को इस भूमि पर चहारदीवारी का निर्माण कार्य शुरू किया। इसी दौरान कुछ स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और श्रमिकों व मशीनरी को हटाकर कार्य रोक दिया।
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एनसीआरटीसी अधिकारियों ने स्थानीय लोगों को समझाने का प्रयास किया लेकिन वह नहीं माने। इसके बाद विभाग ने प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है ताकि परियोजना का कार्य बिना किसी रुकावट पूरा किया जा सके। एनसीआरटीसी अधिकारियों का कहना है कि परियोजना समयबद्ध रूप से पूरी करना आवश्यक है। स्थानीय लोग अपने हितों और कुछ विवादों का हवाला देते हुए निर्माण कार्य रोकने पर अड़े हुए हैं।
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उपजिलाधिकारी उदित नारायण सेंगर का कहना है कि मामले की समीक्षा कर आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। इस संबंध में तहसीलदार को मामले की जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।