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Meerut News: 10 को दिल्ली रोड जाम करने की चेतावनी
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सरकारी परियोजनाओं में कई जमीनों का नई नीति के तहत मुआवजे की मांग को लेकर दे रहे धरना
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। नई नीति के तहत मुआवजे की मांग को लेकर 10 जुलाई को दिल्ली रोड जाम करेंगे किसान
मेरठ। परतापुर थाना क्षेत्र के शताब्दी नगर में नई नीति के तहत मुआवजे की मांग को लेकर धरने पर बैठे किसानों ने एक बार फिर बड़े आंदोलन का ऐलान किया है। भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले किसानों ने 10 जुलाई को दिल्ली रोड जाम करने की चेतावनी दी है।
किसानों का कहना है कि कंचनपुर घोपला, जैनपुर, रिठानी, रिझानी सहित कई गांवों के किसान सरकारी परियोजनाओं में गई अपनी जमीनों का नई नीति के तहत मुआवजे की मांग को लेकर 12 वर्षों से धरना दे रहे हैं। उनका आरोप है कि इस दौरान बसपा, सपा और भाजपा की सरकारें आईं और चली गईं, लेकिन किसी भी सरकार ने उनकी मांगों का समाधान नहीं किया।
किसानों ने दावा किया कि आंदोलन के दौरान पिछले 12 वर्षों में लगभग 50 किसानों का निधन हो चुका है, लेकिन सुनवाई नहीं हाोरही।लगातार अनदेखी के कारण अब वे आर-पार की लड़ाई लड़ने को मजबूर हैं।
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किसानों ने प्रशासन और सरकार से जल्द उनकी मांगों का समाधान करने की अपील की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो 10 जुलाई को भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले दिल्ली रोड जाम कर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान उमेश चौधरी, वीरपाल घोपला, सतवीर चौधरी, दीपक घोपला, हिनू चौधरी सहित कई किसान मौजूद रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। नई नीति के तहत मुआवजे की मांग को लेकर 10 जुलाई को दिल्ली रोड जाम करेंगे किसान
मेरठ। परतापुर थाना क्षेत्र के शताब्दी नगर में नई नीति के तहत मुआवजे की मांग को लेकर धरने पर बैठे किसानों ने एक बार फिर बड़े आंदोलन का ऐलान किया है। भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले किसानों ने 10 जुलाई को दिल्ली रोड जाम करने की चेतावनी दी है।
किसानों का कहना है कि कंचनपुर घोपला, जैनपुर, रिठानी, रिझानी सहित कई गांवों के किसान सरकारी परियोजनाओं में गई अपनी जमीनों का नई नीति के तहत मुआवजे की मांग को लेकर 12 वर्षों से धरना दे रहे हैं। उनका आरोप है कि इस दौरान बसपा, सपा और भाजपा की सरकारें आईं और चली गईं, लेकिन किसी भी सरकार ने उनकी मांगों का समाधान नहीं किया।
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किसानों ने दावा किया कि आंदोलन के दौरान पिछले 12 वर्षों में लगभग 50 किसानों का निधन हो चुका है, लेकिन सुनवाई नहीं हाोरही।लगातार अनदेखी के कारण अब वे आर-पार की लड़ाई लड़ने को मजबूर हैं।
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किसानों ने प्रशासन और सरकार से जल्द उनकी मांगों का समाधान करने की अपील की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो 10 जुलाई को भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले दिल्ली रोड जाम कर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान उमेश चौधरी, वीरपाल घोपला, सतवीर चौधरी, दीपक घोपला, हिनू चौधरी सहित कई किसान मौजूद रहे।