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सड़कों पर उतरेंगे ग्रामीण
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सड़कों पर उतरेंगे ग्रामीण
रोहटा। डूंगर के शराब कांड में पीड़ितों को मुआवजा व दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई को लेकर की मांग को लेकर ग्रामीणों ने सोमवार को जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन किया। सोमवार दोपहर बाद एसडीएम सदर गांव डूंगर पहुंचे और मंदिर में हुई पंचायत में ग्रामीणों से बात की। इस दौरान ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए एसडीएम के सामने मुआवजे समेत पांच मांगे रखी और एक सप्ताह में सभी मांगे पूरी कराने को कहा। ग्रामीणों ने कहा कि अगर मांगे पूरी न हुई तो वह सड़कों पर उतर कर धरना प्रदर्शन करने को मजबूर हो जाएंगे। एमडीएम ने उनकी सभी मांगों के बारे में शासन को अवगत कराने व उन पर अमल करने का भरोसा दिलाया।
यह है मामला
गौरतलब है कि डूंगर गांव में एक सप्ताह पहले गांव के ही प्रधान पद के भावी प्रत्याशी सचिन द्वारा की गई अवैध शराब पार्टी के बाद गांव के तीन लोगों की जहरीली शराब पीने के बाद मौत हो गई थी। जबकि इस मामले में आधा दर्जन से ज्यादा ग्रामीण अंधे होने के साथ तबीयत बिगड़ गई थी, जिनका विभिन्न अस्पतालों में उपचार चल रहा है। इस मामले में ग्रामीण उसी दिन से आबकारी विभाग के अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग और मृतकों व बीमारों को मुआवजे की मांग पर अड़े हुए हैं। इसे लेकर ग्रामीणों ने दो दिन पहले पंचायत करके प्रशासन को चेतावनी जारी कर दी थी कि यदि प्रशासन शासन की ओर से मुआवजा नहीं दिया गया और दोषी आबकारी विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो इसके विरोध में ग्रामीण सोमवार को जिला मुख्यालय का घेराव करेंगे।
यह है पांच मांगें
ग्रामीणों ने एसडीएम के सामने पांच मांगे रखी। ग्रामीणों ने कहा कि मृतकों को शासन स्तर से दस लाख व बीमारों को पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता तुरंत प्रदान की जाए। इसके अलावा आबकारी विभाग के दोषी अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाए। गांव में स्थित शराब के ठेके व उसके सेल्समैन को तत्काल प्रभाव से गांव से हटाया जाए तथा ठेके के बजाय सेल्समैन द्वारा घर से बेची जा रही जहरीली शराब पर तुरंत रोक लगाई कर प्रभावी कार्रवाई की जाए। ग्रामीणों की मांगों पर एसडीएम अंकित खंडेलवाल ने कहा कि दोषी अधिकारियों के खिलाफ अपनी रिपोर्ट प्रशासन को दो दिन में सौंप देंगे। मुआवजे के लिए हर संभव कोशिश की जाएगी। ठेका हटाने की भी संस्तुति की जाएगी। सभी मांगों के लिए एसडीएम ने एक सप्ताह का समय मांगा है। बैठक की अध्यक्षता राजेन्द्र सिंह प्रधान व संचालन पूर्व प्रधान सुरेश ने किया। बैठक में मुख्य रूप से संजय गुर्जर, अजगर किसान मजदूर संगठन के अध्यक्ष महक सिंह, ऋषि पाल, रामेंद्र, तेजवीर सिंह, मैनपाल सिंह कश्यप, सतपाल कश्यप, रविन्द्र, यशपाल, जोगेन्द्र, अंकित कश्यप, अनिल, उदयवीर, बिट्टू,देवी सिंह, सतीश, धर्मवीर, अमित, आदि मौजूद रहे।
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रोहटा। डूंगर के शराब कांड में पीड़ितों को मुआवजा व दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई को लेकर की मांग को लेकर ग्रामीणों ने सोमवार को जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन किया। सोमवार दोपहर बाद एसडीएम सदर गांव डूंगर पहुंचे और मंदिर में हुई पंचायत में ग्रामीणों से बात की। इस दौरान ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए एसडीएम के सामने मुआवजे समेत पांच मांगे रखी और एक सप्ताह में सभी मांगे पूरी कराने को कहा। ग्रामीणों ने कहा कि अगर मांगे पूरी न हुई तो वह सड़कों पर उतर कर धरना प्रदर्शन करने को मजबूर हो जाएंगे। एमडीएम ने उनकी सभी मांगों के बारे में शासन को अवगत कराने व उन पर अमल करने का भरोसा दिलाया।
यह है मामला
गौरतलब है कि डूंगर गांव में एक सप्ताह पहले गांव के ही प्रधान पद के भावी प्रत्याशी सचिन द्वारा की गई अवैध शराब पार्टी के बाद गांव के तीन लोगों की जहरीली शराब पीने के बाद मौत हो गई थी। जबकि इस मामले में आधा दर्जन से ज्यादा ग्रामीण अंधे होने के साथ तबीयत बिगड़ गई थी, जिनका विभिन्न अस्पतालों में उपचार चल रहा है। इस मामले में ग्रामीण उसी दिन से आबकारी विभाग के अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग और मृतकों व बीमारों को मुआवजे की मांग पर अड़े हुए हैं। इसे लेकर ग्रामीणों ने दो दिन पहले पंचायत करके प्रशासन को चेतावनी जारी कर दी थी कि यदि प्रशासन शासन की ओर से मुआवजा नहीं दिया गया और दोषी आबकारी विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो इसके विरोध में ग्रामीण सोमवार को जिला मुख्यालय का घेराव करेंगे।
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यह है पांच मांगें
ग्रामीणों ने एसडीएम के सामने पांच मांगे रखी। ग्रामीणों ने कहा कि मृतकों को शासन स्तर से दस लाख व बीमारों को पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता तुरंत प्रदान की जाए। इसके अलावा आबकारी विभाग के दोषी अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाए। गांव में स्थित शराब के ठेके व उसके सेल्समैन को तत्काल प्रभाव से गांव से हटाया जाए तथा ठेके के बजाय सेल्समैन द्वारा घर से बेची जा रही जहरीली शराब पर तुरंत रोक लगाई कर प्रभावी कार्रवाई की जाए। ग्रामीणों की मांगों पर एसडीएम अंकित खंडेलवाल ने कहा कि दोषी अधिकारियों के खिलाफ अपनी रिपोर्ट प्रशासन को दो दिन में सौंप देंगे। मुआवजे के लिए हर संभव कोशिश की जाएगी। ठेका हटाने की भी संस्तुति की जाएगी। सभी मांगों के लिए एसडीएम ने एक सप्ताह का समय मांगा है। बैठक की अध्यक्षता राजेन्द्र सिंह प्रधान व संचालन पूर्व प्रधान सुरेश ने किया। बैठक में मुख्य रूप से संजय गुर्जर, अजगर किसान मजदूर संगठन के अध्यक्ष महक सिंह, ऋषि पाल, रामेंद्र, तेजवीर सिंह, मैनपाल सिंह कश्यप, सतपाल कश्यप, रविन्द्र, यशपाल, जोगेन्द्र, अंकित कश्यप, अनिल, उदयवीर, बिट्टू,देवी सिंह, सतीश, धर्मवीर, अमित, आदि मौजूद रहे।
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