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UP: मेरठ में भरभराकर गिरा तीन सौ साल पुराना जर्जर मकान, मचा हड़कंप, तीन घायल
Mon, 25 Jul 2022 01:19 PM IST
Dimple Sirohi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
Published by: Dimple Sirohi
Updated Mon, 25 Jul 2022 01:19 PM IST
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भरभराकर गिरा मकान
- फोटो : अमर उजाला
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मेरठ के थाना कोतवाली क्षेत्र के इस्माइल नगर में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब 300 साल पुराने मकान की छत भरभरा कर गिर गई। घटना में तीन लोगों को चोट आना बताया गया है।
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जानकारी के अनुसार मकान मालिक ने बताया कि इस्माइल नगर में उनका पुश्तैनी मकान है। तीन सौ साल पुराना होने के कारण मकान जर्जर हो चुका है। मकान में तीन भाइयों के तीन हिस्से हैं लेकिन आज तक भी बंटवारा नहीं हो पाया। इसी के चलते मकान वर्षों से ऐसे ही खड़ा है और खंडहर में तब्दील हो चुका है।
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सोमवार सुबह मकान मालिक की बच्चे ऊपरी मंजिल पर सो रहे थे, जबकि दूसरे भाइयों के बच्चे निचली मंजिल पर थे। इसी दौरान अचानक से मकान की छत गिर गई जिसमें तीन लोग घायल हो गए। उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया। मकान मालिक ने कहा कि बंटवारा न होने के चलते मकान नहीं बन पाया और अब वह चाहते हैं कि बंटवारा हो और मकान बने, ताकि वह सुरक्षित रह सकें।
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बता दें कि मेरठ का कोतवाली इलाका वह इलाका है जो कभी सात द्वारों के अंदर हुआ करता था, क्योंकि मेरठ केवल सात गेट के अंदर ही सिमटा हुआ था। अंग्रेजों के जमाने में मेरठ छोटा सा हुआ करता था और वह इलाका कोतवाल ही था। बाद में इस इलाके में आबादी बढ़ती चली गई और मेरठ का विस्तार होता चला गया, लेकिन पुराने कई मकान आज तक भी ऐसे ही बनें हैं।
बड़ी तादाद में आज भी कोतवाली इलाके में पुरानी इमारतें ऐसे ही खड़ी हैं, जिनमें बड़ी तादाद में जनता निवास करती है। ऐसे में कभी भी कोई भी हादसा हो जाता है। बरहाल इस हादसे में तीन लोगों को मामूली चोट आई है, जबकि मकान मालिकों ने बंटवारा कर मकान को बनाने के भी मांग की है।