कमलेश की हत्या के बाद बोले मौलाना, वापस ले लिया था सिर कलम करने का एलान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिंदू महासभा के अध्यक्ष कमलेश तिवारी की लखनऊ में हत्या कर दी गई। विवादित बयान को लेकर कमलेश तिवारी चर्चा में रहे हैं। उनकी हत्या के बाद बिजनौर के जामा मस्जिद के तत्कालीन इमाम मौलाना अनवारूल हक व किरतपुर के गांव भनेड़ा के मुफ्ती नईम कासमी जांच के घेरे में आ सकते हैं।
मौलानाओं के खिलाफ नहीं हुई थी कोई कार्रवाई
हिंदू महासभा पार्टी के पूर्व अध्यक्ष कमलेश तिवारी का बयान विवादों में आने के बाद जिले में एसपी ऑफिस के सामने मुस्लिमों ने प्रदर्शन किया था और कमलेश तिवारी का सिर कलम करने वाले को 51 लाख रुपये का इनाम देने का एलान किया था। इसके अलावा एक दूसरे नईम कासमी ने भी किरतपुर में एक प्रदर्शन के दौरान कमलेश तिवारी का सिर कलम करने पर करोड़ों का इनाम देने की बात कही थी। इन दोनों मामलों में पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की थी।
बाद में वापस ले लिया था एलान, हर जांच को तैयार:अनवारूल हक
जामा मस्जिद के पूर्व इमाम मौलाना अनवारूल हक कहना है कि शुरूआत में कमलेश तिवारी के खिलाफ हल्की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई थी। तब देश भर में संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज करने को लेकर प्रदर्शन और एलान हुए थे।
उन्होंने कमलेश तिवारी पर संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज होने पर एलान वापस ले लिया था। इसके बाद कमलेश तिवारी के प्रकरण के बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है। इस हत्या से कोई वास्ता नहीं है, उन्हें नहीं मालूम यह हत्या किसने की। उन्होंने कहा कि कोई भी अगर जांच के लिए बुलाता है तो वह सहयोग के लिए तैयार है।