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गंगनहर मार्ग पर उमड़ा राजस्थान के कांवड़ियों का सैलाब
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कांवड़ मार्ग पटरी से मंजिल की तरफ बढते कांवडियां
- फोटो : SARDANA
गंगनहर मार्ग पर उमड़ा राजस्थान के कांवड़ियों का सैलाब
सरूरपुर। भगवान आशुतोष के जलाभिषेक के लिए हरिद्वार से गंगा जल लेकर अलवर राजस्थान जा रहे शिव भक्तों का मंगलवार को दिनभर कांवड़ियों का सैलाब उमड़ता रहा। बुधवार को सुबह से ही राजस्थान के कांवड़ियों के कई बड़े जत्थे चौधरी चरण सिंह कांवड़ मार्ग पूठ गंग नहर की पटरी से बोले बम का उद्घोष करते हुए अपने गंतव्य की बढ़े। शिवभक्तों की सेवा के लिए शिविरों में लोग आतुर दिखे। भोजन, दवाई से लेकर अन्य व्यवस्थाओं के लिए लोग लगे रहे। राजस्थान के शिव भक्त रण सिंह ने बताया कि वह पांच साल से कांवड़ ला रहा हैं। उसने एक बेटा होने की मन्नत भगवान शिव से मांगी थी। दो साल बाद उसके बेटा होने पर वह तभी से कांवड़ ला रहा था। महेश गिरी के मुताबिक बेटे क ो लगी भयंकर बीमारी से निजात पाने की मन्नत मांगी थी। आज उसका बेटा अच्छी तरह से स्वस्थ हैं। कांवड़ यात्रा में ऐसे भी शिव भक्त थे जो कि पिछले लगातार दस साल से कांवड़ लाने की बात कही। शाम के समय बारिश में भी शिवभक्त अपने राह पर बढ़ते रहे।
बच्चे की मन्नत पूरी होने पर हरिद्वार से कावड़ ला रही है दंपती
सरूरपुर। दिल्ली निवासी दंपती बच्चा होने की मनोकामना पूरी होने पर हरिद्वार से कांवड़ ला रहे है। शिवभक्त दिल्ली निवासी अजय ने बताया कि उनकी 8 साल बाद मनोकामना पूरी हुई। पत्नी ने बच्ची को जन्म दिया। मनोकामना पूरी होने पर वह कांवड़ ला रहे है। अजय और उनकी पत्नी साधना बच्चे सहित हरिद्वार से कांवड़ लाकर अपने गंतव्य दिल्ली के लिए जा रहे हैं। वहीं, इस दौरान थाना प्रभारी धनवीर सिंह ने शिवभक्तों को जूस वितरण किया।
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सरूरपुर। भगवान आशुतोष के जलाभिषेक के लिए हरिद्वार से गंगा जल लेकर अलवर राजस्थान जा रहे शिव भक्तों का मंगलवार को दिनभर कांवड़ियों का सैलाब उमड़ता रहा। बुधवार को सुबह से ही राजस्थान के कांवड़ियों के कई बड़े जत्थे चौधरी चरण सिंह कांवड़ मार्ग पूठ गंग नहर की पटरी से बोले बम का उद्घोष करते हुए अपने गंतव्य की बढ़े। शिवभक्तों की सेवा के लिए शिविरों में लोग आतुर दिखे। भोजन, दवाई से लेकर अन्य व्यवस्थाओं के लिए लोग लगे रहे। राजस्थान के शिव भक्त रण सिंह ने बताया कि वह पांच साल से कांवड़ ला रहा हैं। उसने एक बेटा होने की मन्नत भगवान शिव से मांगी थी। दो साल बाद उसके बेटा होने पर वह तभी से कांवड़ ला रहा था। महेश गिरी के मुताबिक बेटे क ो लगी भयंकर बीमारी से निजात पाने की मन्नत मांगी थी। आज उसका बेटा अच्छी तरह से स्वस्थ हैं। कांवड़ यात्रा में ऐसे भी शिव भक्त थे जो कि पिछले लगातार दस साल से कांवड़ लाने की बात कही। शाम के समय बारिश में भी शिवभक्त अपने राह पर बढ़ते रहे।
बच्चे की मन्नत पूरी होने पर हरिद्वार से कावड़ ला रही है दंपती
सरूरपुर। दिल्ली निवासी दंपती बच्चा होने की मनोकामना पूरी होने पर हरिद्वार से कांवड़ ला रहे है। शिवभक्त दिल्ली निवासी अजय ने बताया कि उनकी 8 साल बाद मनोकामना पूरी हुई। पत्नी ने बच्ची को जन्म दिया। मनोकामना पूरी होने पर वह कांवड़ ला रहे है। अजय और उनकी पत्नी साधना बच्चे सहित हरिद्वार से कांवड़ लाकर अपने गंतव्य दिल्ली के लिए जा रहे हैं। वहीं, इस दौरान थाना प्रभारी धनवीर सिंह ने शिवभक्तों को जूस वितरण किया।

गंगनहर पटरी कांवड़ मार्ग से होकर मंजिल की तरफ बढता दिल्ली के कांवडियों का जत्था- फोटो : SARDANA
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