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मुकदमे में फर्जी सीटी स्कैन रिपोर्ट लगाने वाला गिरफ्तार
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मेरठ। मुकदमे में फर्जी सीटी स्कैन रिपोर्ट लगाने के आरोपी शाहनवाज उर्फ शानू को लिसाड़ी गेट पुलिस ने करीब डेढ़ साल बाद गिरफ्तार कर लिया। गत 13 नवंबर 2018 को शकूर नगर निवासी रुखसाना ने सरायधारी निवासी नफीस बेग समेत नौ नामजद और चार अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
इसमें आरोप लगाया था कि आरोपियों ने घर में घुसकर उसे और उसके पति शाहनवाज उर्फ शानू के साथ ही बच्चों को बंधक बनाकर पीटा। इस मुकदमे की जांच के दौरान शाहनवाज ने अपनी सीटी स्कैन की रंगीन फोटो कॉपी दी। इसमें अपने सिर में फ्रैक्चर और डॉ. शरद जैन के हस्ताक्षर दिखाए। विवेचना में शाहनवाज की सीटी स्कैन रिपोर्ट फर्जी पाई गई।
डॉ. शरद जैन ने भी आरोपी के खिलाफ एसएसपी के यहां प्रार्थना पत्र देकर असली सीटी स्कैन रिपोर्ट सौंपी थी। इसमें कोई फ्रैक्चर नहीं था। इस पर नफीस बेग की ओर से चार फरवरी 2024 को शाहनवाज और उसकी पत्नी रुखसाना के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया गया था। इस मामले में सोमवार को लिसाड़ी गेट पुलिस ने शाहनवाज को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे जेल भेज दिया गया।
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इसमें आरोप लगाया था कि आरोपियों ने घर में घुसकर उसे और उसके पति शाहनवाज उर्फ शानू के साथ ही बच्चों को बंधक बनाकर पीटा। इस मुकदमे की जांच के दौरान शाहनवाज ने अपनी सीटी स्कैन की रंगीन फोटो कॉपी दी। इसमें अपने सिर में फ्रैक्चर और डॉ. शरद जैन के हस्ताक्षर दिखाए। विवेचना में शाहनवाज की सीटी स्कैन रिपोर्ट फर्जी पाई गई।
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डॉ. शरद जैन ने भी आरोपी के खिलाफ एसएसपी के यहां प्रार्थना पत्र देकर असली सीटी स्कैन रिपोर्ट सौंपी थी। इसमें कोई फ्रैक्चर नहीं था। इस पर नफीस बेग की ओर से चार फरवरी 2024 को शाहनवाज और उसकी पत्नी रुखसाना के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया गया था। इस मामले में सोमवार को लिसाड़ी गेट पुलिस ने शाहनवाज को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे जेल भेज दिया गया।
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