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Meerut News: दिव्यांग बच्चों की जरूरत समझकर पढ़ाएं शिक्षक
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दौराला - सिवाया स्थित ब्लॉक संसाधन केंद्र पर प्रशिक्षण समापन पर मौजूद शिक्षक। स्रोत : स्वयं
समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए सहायक अध्यापकों का प्रशिक्षण सपन्न
संवाद न्यूज एजेंसी
दौराला। समग्र शिक्षा अभियान के तहत ब्लॉक संसाधन केंद्र सिवाया में सहायक अध्यापकों के लिए आयोजित पांच दिवसीय समावेशी प्रशिक्षण का शनिवार को समापन हो गया। इसमें प्रशिक्षकों ने कहा कि दिव्यांग बच्चों की इच्छा और जरूरतों को समझते हुए उन्हें पढाएं। इससे बच्चे आसानी से समझ सकेंगे
प्रशिक्षण के दौरान प्रशिक्षक दीपक कुमार और राजीव नेहरा ने शिक्षकों को दिव्यांगता के संभावित कारण, पहचान, निदान और आकलन की प्रक्रिया समझाई। 21 प्रकार की दिव्यांगताओं के बारे में बताया। शिक्षकों को समावेशी शिक्षा के माध्यम से दिव्यांग बच्चों को सामान्य विद्यार्थियों के साथ आगे बढ़ाने के तरीकों से भी अवगत कराया गया। समापन अवसर पर खंड शिक्षा अधिकारी अजय कुमार ने कहा कि दिव्यांग बच्चों की आवश्यकताओं को समझना और उनके प्रति संवेदनशील व्यवहार करना शिक्षक की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उप्रशिक्षण का आयोजन जिला समन्वयक (समेकित शिक्षा) राजेश कुमार के मार्गदर्शन में हुआ। ब्लॉक क्वालिटी कोऑर्डिनेटर विपिन कुमार और ब्लॉक संसाधन केंद्र सिवाया के समस्त स्टाफ का सहयोग रहा। प्रशिक्षण में शिक्षकों ने दिव्यांग बच्चों के लिए अधिक संवेदनशील और सहयोगी शैक्षिक वातावरण तैयार करने की प्रतिबद्धता जताई।
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संवाद न्यूज एजेंसी
दौराला। समग्र शिक्षा अभियान के तहत ब्लॉक संसाधन केंद्र सिवाया में सहायक अध्यापकों के लिए आयोजित पांच दिवसीय समावेशी प्रशिक्षण का शनिवार को समापन हो गया। इसमें प्रशिक्षकों ने कहा कि दिव्यांग बच्चों की इच्छा और जरूरतों को समझते हुए उन्हें पढाएं। इससे बच्चे आसानी से समझ सकेंगे
प्रशिक्षण के दौरान प्रशिक्षक दीपक कुमार और राजीव नेहरा ने शिक्षकों को दिव्यांगता के संभावित कारण, पहचान, निदान और आकलन की प्रक्रिया समझाई। 21 प्रकार की दिव्यांगताओं के बारे में बताया। शिक्षकों को समावेशी शिक्षा के माध्यम से दिव्यांग बच्चों को सामान्य विद्यार्थियों के साथ आगे बढ़ाने के तरीकों से भी अवगत कराया गया। समापन अवसर पर खंड शिक्षा अधिकारी अजय कुमार ने कहा कि दिव्यांग बच्चों की आवश्यकताओं को समझना और उनके प्रति संवेदनशील व्यवहार करना शिक्षक की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उप्रशिक्षण का आयोजन जिला समन्वयक (समेकित शिक्षा) राजेश कुमार के मार्गदर्शन में हुआ। ब्लॉक क्वालिटी कोऑर्डिनेटर विपिन कुमार और ब्लॉक संसाधन केंद्र सिवाया के समस्त स्टाफ का सहयोग रहा। प्रशिक्षण में शिक्षकों ने दिव्यांग बच्चों के लिए अधिक संवेदनशील और सहयोगी शैक्षिक वातावरण तैयार करने की प्रतिबद्धता जताई।
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