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प्रिंसिपल पर रिपोर्ट दर्ज होने पर शिक्षकों में आक्रोश 

Sun, 24 Apr 2016 01:35 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ Updated Sun, 24 Apr 2016 01:35 AM IST
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St John's Senior Secondary School meerut
मंडलायुक्त से मिलने पहुंचे शिक्षक-शिक्षिकाएं। - फोटो : अमर उजाला

कैंट स्थित सेंट जोंस सीनियर सेकेंडरी स्कूल की प्रिंसिपल चंद्रलेखा जैन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज होने से शिक्षकों में आक्रोश है। शनिवार को शिक्षक पहले एसएसपी ऑफिस और बाद में कमिश्नरी पहुंचे। आरोप लगाया कि पुलिस ने बिना जांच के ही प्रिंसिपल के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। अभिभावकों की शिकायत पर ही आरोपी शिक्षक को तत्काल स्कूल से निकाल दिया था। शिक्षकों ने कमिश्नर से मामले की जांच कराने की मांग की।

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कंकरखेड़ा क्षेत्र निवासी छात्रा ने शुक्रवार को स्कूल के टीचर मुकुल शंकर पर सोशल मीडिया पर अश्लील मैसेज भेजने, छेड़छाड़ करने और पाक्सो की धारा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। प्रिंसिपल चंद्रलेखा जैन पर भी आरोपी टीचर को संरक्षण देने का आरोप है। शनिवार को घटना का पता चलने पर शिक्षकों में आक्रोश है। शिक्षकों का कहना है कि अभिभावकों ने 10 सितंबर 2015 को शिकायत की थी।
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उसी समय आरोपी शिक्षक को स्कूल से निकाल दिया गया था। ऐसे में प्रिंसिपल पर टीचर को संरक्षण देने का आरोप निराधार है। शिक्षकों ने कहा कि पुलिस ने प्रिंसिपल का नाम नहीं हटाया तो कानूनी प्रक्रिया के तहत सदर बाजार पुलिस और छात्रा के अभिभावकों पर कार्रवाई कराई जाएगी।   
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सात महीने बाद क्यों हुई रिपोर्ट 
शिक्षकों का कहना है कि अभिभावकों ने सात माह बीतने के बाद टीचर और प्रिंसिपल के खिलाफ क्यों रिपोर्ट दर्ज कराई। शिक्षकों ने कमिश्नर को दिए ज्ञापन में इसे एडमिशन से जुड़ा मामला बताया। प्रिंसिपल चंद्रलेखा जैन ने बताया कि टीचर्स ने शिकायत की थी कि छात्रा टीचर्स की रिस्पेक्ट नहीं करती है। छात्रा का एटीट्यूड ठीक नहीं है। छात्रा क ा स्कोर बेहद खराब है। एडमिशन का दबाव बनाने के लिए झूठा केस दर्ज कराया है। 

एसएसपी नहीं मिले तो कमिश्नर से मिले
कैंट इलाके के स्कूलों के शिक्षकों का एक प्रतिनिधित्व मंडल पहले एसएसपी ऑफिस पहुंचा। एसएसपी लखनऊ गए हुए है। पुलिस ने एसपी देहात को शिकायती पत्र देने की बात कही। इस पर शिक्षकों ने इंकार कर दिया। बाद में शिक्षक कमिश्नर को ज्ञापन देने उनके ऑफिस पहुंचे। काफी इंतजार के बाद शिक्षकों से कमिश्नर मिले। 

क्लास में मॉनिटर है बेटी
शिक्षकों के एसएसपी ऑफिस पहुंचने की जानकारी पर पीड़ित छात्रा के परिजन भी वहां पहुंचे। परिजनों ने बताया कि उनकी बेटी क्लास में मॉनिटर है। स्कूल में उसके साथ जो हुआ, उसकी शिकायत थाने में की है। उनकी बेटी को 11 वीं में एडमिशन नहीं देने के लिए ही यह ड्रामा हो रहा है। 


ये रहे मौजूद
कमिश्नर से मिलने वालों में सेंट जोंस स्कूल की प्रिंसिपल चंद्रलेखा जैन, सहोदय अध्यक्ष सुधांशु शेखर, सचिव राहुल केसरवानी, प्रेम मेहता, विशाल जैन, अनुपमा सक्सेना, डॉ. अल्पना शर्मा, कपिल सूद, पायस फर्णांडीस, गौरव अग्रवाल, आशीष गुप्ता, अजय बंसल, मनु यादव, अनीता आनंद, सीमा शर्मा, ज्योति सिरोही, रश्मि मिश्रा, रमन शर्मा, गोपाल दीक्षित, सतीश शर्मा आदि मौजूद रहे।

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