भीम आर्मी के नक्सलवाद से कनेक्शन पर बोले एडीजी, दिया ये बड़ा बयान
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सहारनपुर में अपर पुलिस महानिदेशक आनंद कुमार ने कहा है कि सहारनपुर में हुई बवाल की घटनाएं दुर्भाग्यपूर्ण हैं। बवाल के किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। घटनाएं क्यों हुई, कौन उत्तरदायी है और लापरवाही कहां हुई, इसकी गंभीरता से जांच कराई जाएगी। सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट डालने वालों पर भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। एडीजी ने कहा कि भीम आर्मी का नक्सलवाद से कनेक्शन के कोई प्रमाण नहीं मिला है।
एडीजी आनंद कुमार बुधवार को पुलिस लाइन में शब्बीरपुर और सहारनपुर में हुए बवाल के संबंध में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक करने के बाद पत्रकारों से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सहारनपुर पटरी पर लौट रहा है। सामाजिक समरसता की पहचान रखने वाले सहारनपुर में आखिर ऐसी घटनाएं क्यों हुईं। इसकी पूरी पड़ताल की जाएगी। यह भी देखा जाएगा कि पुलिस एवं प्रशासन की कमी कहां रह गई। उन्होंने कहा कि जो लोग दोषी हैं सिर्फ उन पर ही कार्रवाई होगी, निर्दोषों को किसी तरह परेशान नहीं किया जाएगा। संवेदनशील इलाकों में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के प्रयास किए जा रहे हैं। सभी का साथ लेकर शांति, सद्भाव एवं समरसता कायम करने के लिए कार्रवाई की जा रही है। सुरक्षा समितियों का गठन किया गया है। लोगों की मदद की जा रही है। इससे पीड़ितों को मरहम लगेगा। इस मौके पर डीआईजी जेके शाही, एसएसपी एससी दुबे, एसपी ट्रैफिक ओमवीर सिंह मौजूद रहे।
9 मई को हुए बवाल के मामले में 24 एफआईआर दर्ज
एडीजी आनंद कुमार ने बताया कि शब्बीरपुर में 5 मई को हुए बवाल में 9 एफआईआर दर्ज हुईं थीं और उनमें 17 लोग गिरफ्तार किए गए थे, जबकि 9 मई को हुए बवाल के मामले में 24 एफआईआर दर्ज कराई गईं हैं और 37 लोग गिरफ्तार किए गए हैं। इनमें 7 लोग सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने के आरोप में भी गिरफ्तार हैं।
एडीजी आनंद कुमार ने कहा कि जरूरी नहीं है कि सीधे गिरफ्तार कर लिया जाए। बवाल के आरोपियों को जांच के लिए नोटिस भेजकर बुलाया जा सकता है। उनका पक्ष सुना जा सकता है और दोषी पाए गए तो कार्रवाई होगी।