पश्चिमी यूपी में अवैध असलहे के लिए बदनाम है राधना, ISIS का नेटवर्क खंगाल रहीं एजेंसियां
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सुरक्षा एजेंसियां पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हथियार सप्लायरों के जरिये आईएसआईएस का नेटवर्क खंगालने में जुटी हैं। दरअसल इस संगठन का कनेक्शन वेस्ट में हथियार सप्लाई करने में बदनाम राधना गांव से जुड़ने पर एनआईए व एटीएस अलर्ट पर हैं। माना जा रहा है कि आईएसआईएस हथियार सप्लायरों के जरिये अपने नापाक मंसूबे वेस्ट यूपी के जनपदों में पूरा करना चाहती है और लगातार सप्लायरों को अपने नेटवर्क में जोड़ रही है।
एनआईए और एटीएस ने आईएसआईएस से जुड़े बताए गए दस संदिग्ध लोगों से पूछताछ की तो इसका खुलासा हुआ। नईम और हापुड़ के साकिब का कनेक्शन जुड़ने तो सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई। तभी से दोनों एजेंसियों हथियार सप्लायरों की कुंडली खंगालने में जुटी।
नईम राधना गांव का है, जहां से वेस्ट यूपी में लंबे समय से हथियार सप्लाई होते हैं। इसकी जानकारी पुलिस अधिकारियों को भी है। जिसके बाद अभियान चला तो एक दिन में ही 66 तमंचे पकड़ लिए गए।
अब ट्रेनिंग पर भी उठ रहे सवाल
अमरोहा से आकर सुहेल ने बाग में कैसे ट्रेनिंग दी, इसको लेकर सवाल उठ रहे हैं। यह भी बड़ा सवाल है कि पुलिस और खुफिया तंत्र को क्यों भनक नहीं लगी। राधना पहले से हथियार बनाने के मामले में बदनाम है। यह बाग राधना निवासी महबूब का बताया गया।
सुहेल ने फैलाया जाल
अमरोहा के सुहेल और राधना के नईम को एनआईए शनिवार को किठौर लेकर पहुंची। जहां फोकस सुहेल पर ज्यादा रहा। पुलिस टीम के एक अधिकारी ने बताया कि सुहेल आईएसआईएस से जुड़ा हुआ था। उसने ही राधना में आईएसआईएस के एजेंटों के इशारे पर जाल फैलाया है।
कैसे जुड़ा कनेक्शन
आईएसआईएस का कनेक्शन हथियार सप्लायरों से कैसे जुड़ा, इसकी जांच चल रही है। पुलिस अधिकारी कहते हंै कि आतंकी संगठन पहले से हथियार सप्लायरों को मोहरा बनाकर नापाक मंसूबे बनाते रहे हैं। हथियार बनाने व सप्लाई करने वालों पर कार्रवाई होगी।
एनआईए ने राधना से जुटाए दस्तावेज
एनआईए और एटीएस की टीम किठौर के राधना गांव में आरिफ व मतलूब के घर शनिवार को पहुंचीं तो ग्रामीणों में अफरातफरी मच गई। टीम के पहुंचते ही गांव से अधिकांश युवक इधर-उधर या फरार हो गए। बच्चे, महिला और बुजुर्ग ही गांव में दिखाई दिए।
सुरक्षा एजेंसियों ने आरिफ व मतलूब के मकान की तलाशी ली। जहां पर दस्तावेज व बैंक की पासबुक खंगाली गई। मतलूब के घर में करीब दो घंटे तक सर्च अभियान किया। मतलूब की पत्नी से पूछताछ की गई। उसके बाद राधना गांव से कुछ दूरी पर नवलसूरज मार्ग पर गेहूं के खेत में टीम पहुंची। करीब पंद्रह मिनट तक छानबीन कर वापस लौट गई।
सुहेल ने खरीदी थी मेरठ से पिस्टल
अमरोहा से गिरफ्तार किए संदिग्ध आतंकी मुफ्ती सुहेल के घर से बरामद पिस्टल मेरठ से खरीदी गई थी। बताया गया कि पिस्टल सुहेल ने बीस हजार रुपये में खरीदी थी। जिससे हापुड़ सिंधावली के वैठ गांव निवासी साकिब ने मेरठ के हथियार सप्लायर नईम से दिलाई थी।
इस मामले में एनआईए दो बार अमरोहा और सैदपुर इम्मा में छापा मार चुकी है। जिले के छह लोगों को नोटिस देकर दिल्ली में पूछताछ भी की जा चुकी है। हथियार सप्लायरों का आईएसआईएस नेटवर्क से जुड़ाव सामने आने के बाद ही सुरक्षा एजेंसियां किठौर के राधना गांव में जांच करने पहुंचीं।
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