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ऑक्सीजन के बारे में ठीक फीडबैक नहीं दे रहे अस्पताल
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ऑक्सीजन के बारे में ठीक फीडबैक नहीं दे रहे अस्पताल
मेरठ। कोरोना संक्रमित मरीज भर्ती करने के साथ ही ऑक्सीजन और अन्य दवाओं को लेकर अब निजी अस्पतालों की मनमानी पर शिकंजा कसा जाएगा। इसकी निगरानी के लिए कमेटी का गठन होगा। यह कमेटी नियमित रूप से अस्पतालों की जांच करेगी। यह बात जिलाधिकारी के बालाजी ने कही।
जिलाधिकारी ने कहा कि निजी अस्पताल ऑक्सीजन को लेकर ठीक फीडबैक नहीं दे रहे हैं। पहले बताते हैं कि उनके पास आठ घंटे का बैकअप है, लेकिन एक घंटे बाद ही बोलते हैं कि मात्र तीन घंटे का बैकअप है। इसे लेकर अफरातफरी मच जाती है। उन्होंने ऑक्सीजन वितरण में किसी तरह के पक्षपात से इनकार किया है। पंचायत चुनाव के बाद के माहौल के अनुरूप भी प्लान बनाने की तैयारी चल रही है।
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दलाल राज है सक्रिय
जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन मनिंदरपाल सिंह ने बताया कि उन्होंने खुद कई मरीजों को भर्ती कराने के लिए कई निजी अस्पतालों में फोन किए, लेकिन बेड न होने की बात कहते हुए इंकार कर दिया गया। बाद में वही मरीज दूसरे माध्यमों से भर्ती हो गए। निजी अस्पतालों में दलाल राज प्रभावी है। इस पर नियंत्रण होना चाहिए।
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मेरठ। कोरोना संक्रमित मरीज भर्ती करने के साथ ही ऑक्सीजन और अन्य दवाओं को लेकर अब निजी अस्पतालों की मनमानी पर शिकंजा कसा जाएगा। इसकी निगरानी के लिए कमेटी का गठन होगा। यह कमेटी नियमित रूप से अस्पतालों की जांच करेगी। यह बात जिलाधिकारी के बालाजी ने कही।
जिलाधिकारी ने कहा कि निजी अस्पताल ऑक्सीजन को लेकर ठीक फीडबैक नहीं दे रहे हैं। पहले बताते हैं कि उनके पास आठ घंटे का बैकअप है, लेकिन एक घंटे बाद ही बोलते हैं कि मात्र तीन घंटे का बैकअप है। इसे लेकर अफरातफरी मच जाती है। उन्होंने ऑक्सीजन वितरण में किसी तरह के पक्षपात से इनकार किया है। पंचायत चुनाव के बाद के माहौल के अनुरूप भी प्लान बनाने की तैयारी चल रही है।
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दलाल राज है सक्रिय
जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन मनिंदरपाल सिंह ने बताया कि उन्होंने खुद कई मरीजों को भर्ती कराने के लिए कई निजी अस्पतालों में फोन किए, लेकिन बेड न होने की बात कहते हुए इंकार कर दिया गया। बाद में वही मरीज दूसरे माध्यमों से भर्ती हो गए। निजी अस्पतालों में दलाल राज प्रभावी है। इस पर नियंत्रण होना चाहिए।
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