UP: ऐतिहासिक स्थानों के बदले जाएंगे नाम, निगम की बैठक में प्रस्ताव पास, जानिए- बेगमपुल-ईव्ज चौराहे के नए नाम
Meerut News : निगम की बोर्ड बैठक में बड़ा प्रस्ताव पास हुआ है। मेरठ में अब बेगमपुल और ईव्ज चौराहा इन नए नामों से जानें जाएंगे। जानिए दोनों ऐतिहासिक स्थानों का क्या-क्या नाम रखा जाएगा।
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मेरठ में नगर निगम की पहली बोर्ड बैठक में बेगमपुल का नाम भारत माता चौक और ईव्ज चौराहे का नाम माधव चौक बनाने पर प्रस्ताव पास हो गया है। बैठक के दौरान पार्षदों में सम्मान को लेकर ठन गई। पार्षदों ने एक-दूसरे पर जमकर छींटाकशी कर दी। पत्नी की जगह पर पार्षद पति को बोर्ड रूम से बाहर निकालना पड़ा।
नगर निकाय चुनाव के बाद मंगलवार को मेरठ नगर निगम के नए बोर्ड की पहली बैठक थी। इसमें सांसद राजेंद्र अग्रवाल, विधायक अमित अग्रवाल, एमएलसी धर्मेंद्र भारद्वाज भी पहुंचे। भाजपा नेताओं के सामने पार्षद एक-दूसरे पर चीखने चिल्लाने से नहीं रुके। महापौर ने शांति बनाए रखने का निवेदन किया। लेकिन पार्षदों ने बात अनसुनी कर दी तो महापौर हरिकांत अहलूवालिया को कहना पड़ा कि ये नगर निगम का सभाकक्ष है। बदत्तमीजी यहां नहीं चलेगी। शांति नहीं बनाई तो सदन से बाहर का रास्ता दिखा दूंगा।
पार्षदों में बहस
वार्ड 31 के पार्षद कीर्ति घोपला मीटिंग में बैठे थे। तभी किसी ने चुटकी लेते हुए कीर्ति घोपला को पार्षद पति बोल दिया। इसी बात पर कीर्ति घोपला भड़क गए। कहा कि मैं खुद पार्षद हूं, ये पार्षद पति कहकर क्या साबित करना चाहते हैं। इसी बात पर सपा, भाजपा के पार्षदों में बहसबाजी होने लगी। भड़के कीर्ति घोपला को किसी तरह लोगों ने शांत कराया। लेकिन तब तक माहौल खराब हो चुका था।
मेयर ने डांटते हुए कहा ये बदत्तीमीजी नहीं चलेगी
महापौर हरिकांत अहलूवालिया ने पार्षदों की बहसबाजी को देखते हुए बेहद कड़क आवाज में बोला कि सबक सिखा दूंगा, ये बदत्तमीजी यहां नहीं चलेगी। ये सदन है यहां शांति बनाए रखो। अगर कोई सदन में किसी तरह की अनुशासनहीनता करेगा या विवाद फैलाएगा तो उसे बाहर का रास्ता दिखा दूंगा। मेयर ने कहा कि पार्षद चाहे किसी भी दल का सदस्य है, वो अलग बात है। लेकिन यहां हम सभी शहर के विकास के लिए बैठे हैं। मैं सभी का सम्मान करता हूं। हम सभी को यहां शहर के विकास की बात करनी है।
भारी पुलिसफोर्स, आरएएफ की मौजूदगी में बैठक
बोर्ड रूम में भारी संख्या में पुलिसबल तैनात किया गया। इलाके के सीओ, सिटी मजिस्ट्रेट भी बैठक में पहुंचे। आरएएफ भी तैनात किया गया। पार्षदों के शपथ ग्रहण समारोह में वंदे मातरम के बवाल को देखते हुए आज बोर्ड बैठक में पुलिस ने अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम रखे। सभागार के अंदर और बाहर भारी पुलिस फोर्स तैनात की गई। महिला कांस्टेबल भी ड्यूटी दे रही थीं। कहीं कोई हंगामा न हो जाए।
पार्षद पति को बैठक से निकाला बाहर
वार्ड 65 की पार्षद इलमास मीटिंग में नहीं पहुंचीं, उनकी जगह पार्षद पति हसीन बैठक में आकर बैठ गए। जब पार्षदों का परिचय सत्र हुआ तो उन्होंने अपना परिचय दिया। कुछ लोगों ने इसका विरोध किया कि पार्षद पति का बैठक में क्या औचित्य है। पार्षद पति ने कहा कि पत्नी पार्षद बीमार हैं, इसलिए मैं आया हूं। लेकिन सदन ने इस पर गंभीरता से विरोध जताया। इसके बाद उन्हें बैठक से बाहर कर दिया।
एआईएमआईएम के पार्षदों ने जैसे ही अपना परिचय दिया तो तरह-तरह की चर्चाएं होने लगीं। भगवा कुर्ता पहनकर राजीव गुप्ता काले मीटिंग में पहुंचे। परिचय देते हुए कहा कि सदन में बैठे हिंदू, राष्ट्रविरोधी हिंदू हमारे भाई नहीं हैं। राष्ट्रहितैषी मुस्लिम पार्षद हमारे भाई हैं।
मोदी, योगी, भाजपा जिंदाबाद के लगे नारे
नगर निगम की पहली बोर्ड बैठक में भाजपा पार्षदों ने अपनी ताकत दिखाई। राज्यमंत्री, सांसद, विधायक, एमएलसी भी बैठक में पहुंचे। वंदेमातरम के बाद भारत माता की जय के नारे के साथ ही भारतीय जनता पार्टी जिंदाबाद और मोदी योगी जिंदाबाद के नारे भी भाजपाइयों ने लगाए।
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मेयर बोले- हमें विकास चाहिए विवाद नहीं
बैठक में वंदेमातरम गाने से पहले महापौर ने सभी से कहा कि जिन्हें वंदेमातरम आता है वो गाएं, जिन्हें नहीं आता वो बेशक वंदेमातरम न गाएं, लेकिन सभी राष्ट्रगीत के सम्मान में खड़े होंगे। हमें किसी तरह का डिस्टर्बेंस या विवाद सदन में नहीं चाहिए। कोई भी आपस में बहस नहीं करोगे।
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