{"_id":"5c76ea3abdec222ee0738663","slug":"pakistan-can-be-stabbed-in-the-back","type":"story","status":"publish","title_hn":"सामने से औकात नहीं, पीठ में छुरा भोंक सकता है पाकिस्तान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सामने से औकात नहीं, पीठ में छुरा भोंक सकता है पाकिस्तान
Thu, 28 Feb 2019 01:21 AM IST
Gaurav sharma
न्यूज ब्यूरो, अमर उजाला
न्यूज ब्यूरो, अमर उजाला
Published by: Gaurav sharma
Updated Thu, 28 Feb 2019 01:21 AM IST
सार
- स्लीपिंग मॉड्यूल्स के जरिए आतंकी घटनाओं को दिला सकता है अंजाम
- बार्डर पर सीधे हमला करने की पाकिस्तानी सेना की क्षमता नहीं
- रिटायर्ड कर्नल एससी त्यागी का कहना, खुफिया एजेंसियों और पुलिस को रहना होगा बेहद सतर्क
विज्ञापन
पूर्व सैनिक एस.सी त्यागी - फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
विज्ञापन
साउथ श्रीनगर में स्थित 15 कॉर्प्स बैटल स्कूल के फाउंडर कमांडर रहे रिटायर्ड कर्नल सतीश चंद त्यागी बताते हैं कि हालात काफी गंभीर हैं। कुछ भी हो सकता है। पाकिस्तान एक गैर जिम्मेदाराना देश है। वहां न पैसा है और न फौज युद्ध के लिए तैयार है। बार्डर पर सीधे हमला करने की पाकिस्तानी सेना की क्षमता नहीं है। स्लीपिंग मॉड्यूल्स के जरिए वह आतंकी घटनाओं को अंजाम दिला सकता है। ऐसे में खुफिया एजेंसियों और पुलिस को बेहद सतर्क रहना होगा।
दरअसल सन 1971 के युद्ध में पाकिस्तान को समझ आ गया था कि भारतीय सेना से वो सीधे मुकाबला नहीं कर सकता है। पाकिस्तान आतंकियों के कंधे पर बंदूक रखकर भारत में हमले करता आया है। पाकिस्तानी आर्मी लग्जरी पसंद हो चुकी है। वह अब तक पाकिस्तान की जनता से यही कहती थी कि भारतीय सेना उन पर हमला नहीं कर सकती है। लेकिन जिस तरह से पुलवामा में जवानों पर हमले के बाद भारतीय वायुसेना ने एयर स्ट्राइक किया, उससे पाकिस्तान घबरा गया है। अपनी इज्जत बचाने के लिए ही उसने बुधवार सुबह एफ-16 प्लेन को भेजा। लेकिन उसे भी भारतीय वायु सेना के पायलटों ने मार गिराया। हमारी वायु सेना, थल सेना और नौ सेना तीनों मुस्तैद हैं। ऐसे में पाकिस्तान की सामने से हमला करने की औकात नहीं है। हां, इस दौरान वो भारत में छिपे बैठे अपने स्लीपिंग मॉड्यूल्स के जरिए हमला करा सकता है। किसी जगह पर भी ब्लास्ट करा सकता है। ऐसे में देश की आंतरिक सुरक्षा पर ऐसे माहौल में ध्यान दिया जाना बेहद जरूरी है।
रिटायर्ड कर्नल त्यागी के अनुसार पाकिस्तानी पार्लियामेंट में शेम-शेम के नारे लग रहे हैं। ऐसे में पाकिस्तान बौखलाहट में गलत कदम उठा सकता है। एफ-16 एयरक्राफ्ट भेजना भी इसी का नतीजा है। लेकिन पाकिस्तान पर इस वक्त बहुत अंतरराष्ट्रीय दबाव है। आस्ट्रेलिया, अमेरिका के साथ ही चीन भी कह चुका है कि कंट्रोल करो। हमारी वायु सेना ने जो एयर स्ट्राइक किया, वह अंतरराष्ट्रीय मानकों के मुताबिक था। अमेरिका, इजराइल आदि देश भी आतंकियों पर हमले कर रहे हैं। पाकिस्तानी आर्मी हमारी सेना के सामने कहीं भी नहीं टिकती है। ऐसे में पाकिस्तान की फ्रंट की लड़ाई खोलने की हिम्मत नहीं है। पाकिस्तानी सेना कहती आई थी कि भारतीय सेना कभी उन पर हमला नहीं कर सकती है। लेकिन पहली बार उनको माकूल जवाब मिला है। वह सोच रहे थे कि हम पर एटम बम है। भारत डर जाएगा। अगर पाकिस्तान बम गिराने की गलती करता है तो क्या पाकिस्तान नक्शे में रह जाएगा। गुजरात, पंजाब बॉर्डर पर भी पाकिस्तान कोशिश कर सकता है लेकिन भारतीय सेना इतनी मुस्तैद है कि वो कुछ नहीं कर पाएगा। लेकिन जिस तरह से पाकिस्तान सरकार पर पब्लिक का दबाव है, उसके चलते वो बौखलाहट में भारत के भीतर छिपे बैठे स्लीपर सेल को एक्टिव कर सकता है। उसके स्लीपिंग मॉड्ल्यूस भीड़भाड़ वाली जगहों पर कोई वारदात कर सकते हैं। इस माहौल में आंतरिक सुरक्षा पर खासतौर से सुरक्षा एजेंसियों को नजर रखनी होगी।
दरअसल सन 1971 के युद्ध में पाकिस्तान को समझ आ गया था कि भारतीय सेना से वो सीधे मुकाबला नहीं कर सकता है। पाकिस्तान आतंकियों के कंधे पर बंदूक रखकर भारत में हमले करता आया है। पाकिस्तानी आर्मी लग्जरी पसंद हो चुकी है। वह अब तक पाकिस्तान की जनता से यही कहती थी कि भारतीय सेना उन पर हमला नहीं कर सकती है। लेकिन जिस तरह से पुलवामा में जवानों पर हमले के बाद भारतीय वायुसेना ने एयर स्ट्राइक किया, उससे पाकिस्तान घबरा गया है। अपनी इज्जत बचाने के लिए ही उसने बुधवार सुबह एफ-16 प्लेन को भेजा। लेकिन उसे भी भारतीय वायु सेना के पायलटों ने मार गिराया। हमारी वायु सेना, थल सेना और नौ सेना तीनों मुस्तैद हैं। ऐसे में पाकिस्तान की सामने से हमला करने की औकात नहीं है। हां, इस दौरान वो भारत में छिपे बैठे अपने स्लीपिंग मॉड्यूल्स के जरिए हमला करा सकता है। किसी जगह पर भी ब्लास्ट करा सकता है। ऐसे में देश की आंतरिक सुरक्षा पर ऐसे माहौल में ध्यान दिया जाना बेहद जरूरी है।
विज्ञापन
रिटायर्ड कर्नल त्यागी के अनुसार पाकिस्तानी पार्लियामेंट में शेम-शेम के नारे लग रहे हैं। ऐसे में पाकिस्तान बौखलाहट में गलत कदम उठा सकता है। एफ-16 एयरक्राफ्ट भेजना भी इसी का नतीजा है। लेकिन पाकिस्तान पर इस वक्त बहुत अंतरराष्ट्रीय दबाव है। आस्ट्रेलिया, अमेरिका के साथ ही चीन भी कह चुका है कि कंट्रोल करो। हमारी वायु सेना ने जो एयर स्ट्राइक किया, वह अंतरराष्ट्रीय मानकों के मुताबिक था। अमेरिका, इजराइल आदि देश भी आतंकियों पर हमले कर रहे हैं। पाकिस्तानी आर्मी हमारी सेना के सामने कहीं भी नहीं टिकती है। ऐसे में पाकिस्तान की फ्रंट की लड़ाई खोलने की हिम्मत नहीं है। पाकिस्तानी सेना कहती आई थी कि भारतीय सेना कभी उन पर हमला नहीं कर सकती है। लेकिन पहली बार उनको माकूल जवाब मिला है। वह सोच रहे थे कि हम पर एटम बम है। भारत डर जाएगा। अगर पाकिस्तान बम गिराने की गलती करता है तो क्या पाकिस्तान नक्शे में रह जाएगा। गुजरात, पंजाब बॉर्डर पर भी पाकिस्तान कोशिश कर सकता है लेकिन भारतीय सेना इतनी मुस्तैद है कि वो कुछ नहीं कर पाएगा। लेकिन जिस तरह से पाकिस्तान सरकार पर पब्लिक का दबाव है, उसके चलते वो बौखलाहट में भारत के भीतर छिपे बैठे स्लीपर सेल को एक्टिव कर सकता है। उसके स्लीपिंग मॉड्ल्यूस भीड़भाड़ वाली जगहों पर कोई वारदात कर सकते हैं। इस माहौल में आंतरिक सुरक्षा पर खासतौर से सुरक्षा एजेंसियों को नजर रखनी होगी।
विज्ञापन