{"_id":"5ef3b9e88ebc3e42ec14a309","slug":"not-afraid-of-corona-in-the-markets-everyone-is-oblivious-city-news-mrt488042585","type":"story","status":"publish","title_hn":"बाजारों में नहीं कोरोना का डर.. हर कोई बेखबर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बाजारों में नहीं कोरोना का डर.. हर कोई बेखबर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बाजारों में नहीं कोरोना का डर.. हर कोई बेखबर
मेरठ। कोरोना महामारी के बीच बाजार में मास्क लगाकर निकलना और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना ही कारगर हथियार हैं। लेकिन इनका पालन कराना मुश्किल साबित हो रहा है। दाएं बाएं पटरी का नियम भी अब बाजारों में टूट रहा है। सुबह से ही शहर के प्रमुख बाजारों में मारामारी शुरू हो जाती है। दुकानों के बाहर आम दिनों की तरह सब्जी और फलों के ठेलों के कारण जाम के हालात बन रहे हैं। संकरे बाजारों में भी दुकानों, मोबाइल पर पूरी तरह से लापरवाही बरती जा रही है। लग हरा है कि जैसे बाजारों में कोरोना का कोई डर नहीं रह गया है और हर कोई इस खतरे से बेखबर सा हो गया है।
इलेक्ट्रानिक्स शॉप पर भीड़
शहर में इलेक्ट्रानिक्स और इलेक्ट्रिक में भीड़ काफी हैं। इसका कारण बहुत से लोगों को विद्युत उपकरण खरीदने हैं तो किसी को उपकरणों को ठीक कराना है। कई लोग या तो मास्क नहीं लगाते तो कई गर्मी के कारण सही ढंग से मास्क नहीं लगाते। बेगमपुल, शारदा रोड, हापुड़ अड्डा सहित पुराने शहर की दुकानों पर सर्वाधिक अव्यवस्थाएं हैं।
खराब मोबाइल कहां ठीक कराएं
डिमांड अधिक सप्लाई कम है। मोबाइल के स्पेयर पार्ट्स के लिए लोग एक से दूसरी दुकान पर घूम रहे हैं। लॉक डाउन के दौरान जो मोबाइल खराब हो गए वह संबंधित सर्विस सेंटर पर ही ठीक हो सकते हैं। सर्विस सेंटर में एक बार में दो से तीन लोगों को ही अंदर जाने की अनुमति दी जाती है। ऐसे में दुकानों के बाहर गर्मी में खड़े लोग सोशल डिस्टेंसिंग को भूलकर खड़े रहते हैं।
विज्ञापन
लालकुर्ती पैठ में अव्यवस्था
लालकुर्ती पैठ और शारदा रोड पर अव्यवस्था काफी बढ़ गई हैं। यहां मार्केट में सामान सस्ता है। दुकानें छोटी होने के कारण अगर यहां एक बार में पांच से सात ग्राहक एक साथ पहुंच जाएं तो सारी व्यवस्था बिगड़ जाती है। गर्मी के चलते लोगों को कपड़े खरीदने हैं। ऐसे में इस बाजारों में हाल के दिनों में सुबह और शाम के समय काफी भीड़ रहती है।
दाएं बाएं के नियम ने बिगाड़ी व्यवस्था
प्रमुख बाजारों में दाएं बाएं के नियम के कारण आधा बाजार ही खुलता है। ऐसे में ग्राहकों के पास विकल्प का मौका नहीं है। एक ही दुकान से लोगों की सामान खरीदना पड़ रहा है। व्यापारी भी मुनाफे के चक्कर में दुकान में सभी ग्राहकों को एक साथ प्रवेश की अनुमति दे रहे हैं। व्यापारी को ग्राहक की नाराजगी का भी डर है।
पुलिस का कार्य चालान तक सीमित
मुख्य चौराहों और बाजारों में पुलिस का कार्य अब सिर्फ चालान तक सीमित रह गया है। मास्क न लगाने पर ई-चालान काटे जा रहे हैं। जाम लगने पर व्यवस्था बनाने के लिए बाजारों में कोई पुलिसकर्मी मौजूद नहीं हैं। जाम की ज्यादा समस्या कोटला, खैरनगर, कबाड़ी बाजार, वैली बाजार, घंटाघर, हापुड़ अड्डा, भगत सिंह मार्केट, लालकुर्ती क्षेत्र में है। व्यापारियों के अनुसार यहां पुलिस व्यवस्था बनाने में कोई सहयोग नहीं कर रही हैं। अगर किसी ने हेलमेट नहीं लगाया या मास्क नहीं पहना है तो उसका भारी भरकम चालान काटा जा रहा है।
विज्ञापन
मेरठ। कोरोना महामारी के बीच बाजार में मास्क लगाकर निकलना और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना ही कारगर हथियार हैं। लेकिन इनका पालन कराना मुश्किल साबित हो रहा है। दाएं बाएं पटरी का नियम भी अब बाजारों में टूट रहा है। सुबह से ही शहर के प्रमुख बाजारों में मारामारी शुरू हो जाती है। दुकानों के बाहर आम दिनों की तरह सब्जी और फलों के ठेलों के कारण जाम के हालात बन रहे हैं। संकरे बाजारों में भी दुकानों, मोबाइल पर पूरी तरह से लापरवाही बरती जा रही है। लग हरा है कि जैसे बाजारों में कोरोना का कोई डर नहीं रह गया है और हर कोई इस खतरे से बेखबर सा हो गया है।
इलेक्ट्रानिक्स शॉप पर भीड़
शहर में इलेक्ट्रानिक्स और इलेक्ट्रिक में भीड़ काफी हैं। इसका कारण बहुत से लोगों को विद्युत उपकरण खरीदने हैं तो किसी को उपकरणों को ठीक कराना है। कई लोग या तो मास्क नहीं लगाते तो कई गर्मी के कारण सही ढंग से मास्क नहीं लगाते। बेगमपुल, शारदा रोड, हापुड़ अड्डा सहित पुराने शहर की दुकानों पर सर्वाधिक अव्यवस्थाएं हैं।
विज्ञापन
खराब मोबाइल कहां ठीक कराएं
डिमांड अधिक सप्लाई कम है। मोबाइल के स्पेयर पार्ट्स के लिए लोग एक से दूसरी दुकान पर घूम रहे हैं। लॉक डाउन के दौरान जो मोबाइल खराब हो गए वह संबंधित सर्विस सेंटर पर ही ठीक हो सकते हैं। सर्विस सेंटर में एक बार में दो से तीन लोगों को ही अंदर जाने की अनुमति दी जाती है। ऐसे में दुकानों के बाहर गर्मी में खड़े लोग सोशल डिस्टेंसिंग को भूलकर खड़े रहते हैं।
विज्ञापन
लालकुर्ती पैठ में अव्यवस्था
लालकुर्ती पैठ और शारदा रोड पर अव्यवस्था काफी बढ़ गई हैं। यहां मार्केट में सामान सस्ता है। दुकानें छोटी होने के कारण अगर यहां एक बार में पांच से सात ग्राहक एक साथ पहुंच जाएं तो सारी व्यवस्था बिगड़ जाती है। गर्मी के चलते लोगों को कपड़े खरीदने हैं। ऐसे में इस बाजारों में हाल के दिनों में सुबह और शाम के समय काफी भीड़ रहती है।
दाएं बाएं के नियम ने बिगाड़ी व्यवस्था
प्रमुख बाजारों में दाएं बाएं के नियम के कारण आधा बाजार ही खुलता है। ऐसे में ग्राहकों के पास विकल्प का मौका नहीं है। एक ही दुकान से लोगों की सामान खरीदना पड़ रहा है। व्यापारी भी मुनाफे के चक्कर में दुकान में सभी ग्राहकों को एक साथ प्रवेश की अनुमति दे रहे हैं। व्यापारी को ग्राहक की नाराजगी का भी डर है।
पुलिस का कार्य चालान तक सीमित
मुख्य चौराहों और बाजारों में पुलिस का कार्य अब सिर्फ चालान तक सीमित रह गया है। मास्क न लगाने पर ई-चालान काटे जा रहे हैं। जाम लगने पर व्यवस्था बनाने के लिए बाजारों में कोई पुलिसकर्मी मौजूद नहीं हैं। जाम की ज्यादा समस्या कोटला, खैरनगर, कबाड़ी बाजार, वैली बाजार, घंटाघर, हापुड़ अड्डा, भगत सिंह मार्केट, लालकुर्ती क्षेत्र में है। व्यापारियों के अनुसार यहां पुलिस व्यवस्था बनाने में कोई सहयोग नहीं कर रही हैं। अगर किसी ने हेलमेट नहीं लगाया या मास्क नहीं पहना है तो उसका भारी भरकम चालान काटा जा रहा है।