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नावेद ने नहर से निकलकर दी थी हादसे की जानकारी
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नावेद ने नहर से निकलकर दी थी हादसे की जानकारी
खतौली/रतनपुरी (मुजफ्फरनगर)। नवेद ने नहर से बाहर निकलने के बाद शोर मचाकर हादसे की जानकारी दी। राहगीरों की भीड़ लग गई। सूचना पाकर खतौली व रतनपुरी थानों की पुुलिस व खतौली एसडीएम जीत सिंह, तहसीलदार आरती यादव, सीओ बुढ़ाना विनय गौतम मौके पर पहुंचे।
अधिकारियों ने गोताखोरों को मौके पर बुलाया। उन्होंने कार व महिला की तलाश शुरू की। काफी देर बाद कार व महिला को तलाशा जा सका। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया है। उधर,
चार घंटे बाद मिली कार-मृतक महिला
जब काफी प्रयासों के बाद भी गोताखोरों को कार व महिला का पता नहीं चला तो कैली गांव से गोताखोर आरिफ, कय्यूम, हाफिज इमरान, रिजवान को बुलाया गया। चार घंटे की मशक्कत के बाद उन्होंने दोनों को तलाशा। क्रेन की मदद से कार को बाहर निकाला गया। कार में महिला मृत हालत में मिली।
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महिला का शव देखकर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो चला। उन्होंने शव का पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया। सीओ विनय गौतम के समझाने पर परिजन माने। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
दो दिन के अवकाश पर थी गुलबहार
पुरकाजी। कस्तूरबा गांधी विद्यालय की इंचार्ज शिवांगी पंवार ने बताया कि गुलबहार विद्यालय में पिछले करीब 5 वर्षों से तैनात थी। 3 मार्च को वह 2 दिन की छुट्टी लेकर घर गई थी। सोमवार को विद्यालय में आना था। उन्होंने बताया कि शिक्षिका का 3 वर्ष का एक बेटा था। जो अपनी नानी के पास रहता था। लगभग 2 वर्ष की बेटी थी जो उनके साथ विद्यालय में ही रहती थी।।
पुलिस को करनी पड़ी मशक्कत
नहर पटरी पर हादसे के बाद पुलिस व सैकड़ों लोगों की भीड़ थी। वहीं, मार्ग से आने जाने वाले वाहन सवार लोग भी मामले की जानकारी करने के लिए रुक रहे थे। इसी के चलते भीड़ एकत्र होती चली गई। मार्ग पर व्यवस्था संभालने के लिए पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी।
दहेज के लिए किया जा रहा था उत्पीड़न
ललियाना गांव निवासी सहादत हुसैन ने पुलिस को बताया कि उसने बेटी गुलबहार की शादी 14 फरवरी 2018 को कैली गांव निवासी बाबर पुत्र अनवार के साथ की थी। आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष के लोग डस्टर गाड़ी और 10 लाख रुपये की मांग कर रहे थे। आरोप है कि तीन मार्च को गुलबहार रोते हुए मायके आई थी और ससुरालियों के उत्पीड़न की बात बताई। लेकिन पांच मार्च को उसका शौहर बाबर पहुंचा और दोबारा गलती नहीं करने की बात कही। सात मार्च की सुबह उन्हें कार के नहर में डूबने की सूचना दी गई। आरोप लगाया कि हत्या को हादसा बताने का प्रयास किया जा रहा है।
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खतौली/रतनपुरी (मुजफ्फरनगर)। नवेद ने नहर से बाहर निकलने के बाद शोर मचाकर हादसे की जानकारी दी। राहगीरों की भीड़ लग गई। सूचना पाकर खतौली व रतनपुरी थानों की पुुलिस व खतौली एसडीएम जीत सिंह, तहसीलदार आरती यादव, सीओ बुढ़ाना विनय गौतम मौके पर पहुंचे।
अधिकारियों ने गोताखोरों को मौके पर बुलाया। उन्होंने कार व महिला की तलाश शुरू की। काफी देर बाद कार व महिला को तलाशा जा सका। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया है। उधर,
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चार घंटे बाद मिली कार-मृतक महिला
जब काफी प्रयासों के बाद भी गोताखोरों को कार व महिला का पता नहीं चला तो कैली गांव से गोताखोर आरिफ, कय्यूम, हाफिज इमरान, रिजवान को बुलाया गया। चार घंटे की मशक्कत के बाद उन्होंने दोनों को तलाशा। क्रेन की मदद से कार को बाहर निकाला गया। कार में महिला मृत हालत में मिली।
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महिला का शव देखकर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो चला। उन्होंने शव का पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया। सीओ विनय गौतम के समझाने पर परिजन माने। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
दो दिन के अवकाश पर थी गुलबहार
पुरकाजी। कस्तूरबा गांधी विद्यालय की इंचार्ज शिवांगी पंवार ने बताया कि गुलबहार विद्यालय में पिछले करीब 5 वर्षों से तैनात थी। 3 मार्च को वह 2 दिन की छुट्टी लेकर घर गई थी। सोमवार को विद्यालय में आना था। उन्होंने बताया कि शिक्षिका का 3 वर्ष का एक बेटा था। जो अपनी नानी के पास रहता था। लगभग 2 वर्ष की बेटी थी जो उनके साथ विद्यालय में ही रहती थी।।
पुलिस को करनी पड़ी मशक्कत
नहर पटरी पर हादसे के बाद पुलिस व सैकड़ों लोगों की भीड़ थी। वहीं, मार्ग से आने जाने वाले वाहन सवार लोग भी मामले की जानकारी करने के लिए रुक रहे थे। इसी के चलते भीड़ एकत्र होती चली गई। मार्ग पर व्यवस्था संभालने के लिए पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी।
दहेज के लिए किया जा रहा था उत्पीड़न
ललियाना गांव निवासी सहादत हुसैन ने पुलिस को बताया कि उसने बेटी गुलबहार की शादी 14 फरवरी 2018 को कैली गांव निवासी बाबर पुत्र अनवार के साथ की थी। आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष के लोग डस्टर गाड़ी और 10 लाख रुपये की मांग कर रहे थे। आरोप है कि तीन मार्च को गुलबहार रोते हुए मायके आई थी और ससुरालियों के उत्पीड़न की बात बताई। लेकिन पांच मार्च को उसका शौहर बाबर पहुंचा और दोबारा गलती नहीं करने की बात कही। सात मार्च की सुबह उन्हें कार के नहर में डूबने की सूचना दी गई। आरोप लगाया कि हत्या को हादसा बताने का प्रयास किया जा रहा है।