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Meerut News: राष्ट्रवादी ब्राह्मण महासंघ ने की यूजीसी के नए नियम वापस लेने की मांग
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राष्ट्रवादी ब्राह्मण महासंघ द्वारा यूजीसी के विरोध में राज्यपाल के नाम एस डी एम को ज्ञापन देते
संवाद न्यूज एजेंसी
मवाना। राष्ट्रवादी ब्राह्मण महासंघ द्वारा यूजीसी कानून के नए नियम वापस लिए जाने की मांग के लिए राज्यपाल के नाम एसडीएम को ज्ञापन दिया। वहीं समस्त स्वर्ण समाज की ओर से पीएम और मुख्यमंत्री के नाम यूजीसी कानून के विरोध में एसडीएम के स्टेनो को ज्ञापन देकर इसे वापस लिए जाने की मांग की।
राष्ट्रवादी ब्राह्मण महासंघ द्वारा राज्यपाल के नाम एसडीएम संतोष कुमार सिंह को दिए ज्ञापन में कहा कि भारत सरकार द्वारा यूजीसी लागू करने से देश में जातिवाद की स्थिति उत्पन्न होने से समाज में वैमनस्य पैदा कर दिया है। इससे समाज में अस्थिरता का माहौल पैदा कर दिया है। ऐसी स्थिति में समाज में जातिवाद व जाति विशेष के विरुद्ध रोष व्याप्त है। वहीं प्रयागराज में शंकराचार्य व उनके अनुयायियों के साथ पुलिस प्रशासन द्वारा की गई अभद्र व्यवहार की निंदा की। शंकराचार्य से प्रदेश सरकार माफी मांगे नहीं तो आंदोलन चलाएंगे। ज्ञापन देने वालों में जिलाध्यक्ष पंडित विनोद शर्मा, राकेश शर्मा, विजयपाल शर्मा, सुरेश कौशिक, कमलदीप भारद्वाज एडवोकेट, सुनील दीक्षित, गोपाल शर्मा आदि थे।
वहीं स्वर्ण समाज की ओर से प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम के स्टेनो सावेज को दिए ज्ञापन में यूजीसी को शिक्षा सुधार के नाम पर छात्रों के भविष्य के साथ खुला अन्याय बताया। इस कानून से सामान्य वर्ग के बच्चों में भय, तनाव और असुरक्षा का वातावरण पैदा हो गया है। ज्ञापन देने वालों में सचिन, गौरव, लक्ष्य, अमित, शनि प्रताप, वैभव, देवराज चौहान आदि काफी संख्या में थे।
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मवाना। राष्ट्रवादी ब्राह्मण महासंघ द्वारा यूजीसी कानून के नए नियम वापस लिए जाने की मांग के लिए राज्यपाल के नाम एसडीएम को ज्ञापन दिया। वहीं समस्त स्वर्ण समाज की ओर से पीएम और मुख्यमंत्री के नाम यूजीसी कानून के विरोध में एसडीएम के स्टेनो को ज्ञापन देकर इसे वापस लिए जाने की मांग की।
राष्ट्रवादी ब्राह्मण महासंघ द्वारा राज्यपाल के नाम एसडीएम संतोष कुमार सिंह को दिए ज्ञापन में कहा कि भारत सरकार द्वारा यूजीसी लागू करने से देश में जातिवाद की स्थिति उत्पन्न होने से समाज में वैमनस्य पैदा कर दिया है। इससे समाज में अस्थिरता का माहौल पैदा कर दिया है। ऐसी स्थिति में समाज में जातिवाद व जाति विशेष के विरुद्ध रोष व्याप्त है। वहीं प्रयागराज में शंकराचार्य व उनके अनुयायियों के साथ पुलिस प्रशासन द्वारा की गई अभद्र व्यवहार की निंदा की। शंकराचार्य से प्रदेश सरकार माफी मांगे नहीं तो आंदोलन चलाएंगे। ज्ञापन देने वालों में जिलाध्यक्ष पंडित विनोद शर्मा, राकेश शर्मा, विजयपाल शर्मा, सुरेश कौशिक, कमलदीप भारद्वाज एडवोकेट, सुनील दीक्षित, गोपाल शर्मा आदि थे।
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वहीं स्वर्ण समाज की ओर से प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम के स्टेनो सावेज को दिए ज्ञापन में यूजीसी को शिक्षा सुधार के नाम पर छात्रों के भविष्य के साथ खुला अन्याय बताया। इस कानून से सामान्य वर्ग के बच्चों में भय, तनाव और असुरक्षा का वातावरण पैदा हो गया है। ज्ञापन देने वालों में सचिन, गौरव, लक्ष्य, अमित, शनि प्रताप, वैभव, देवराज चौहान आदि काफी संख्या में थे।

राष्ट्रवादी ब्राह्मण महासंघ द्वारा यूजीसी के विरोध में राज्यपाल के नाम एस डी एम को ज्ञापन देते
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