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मॉडल स्कूलों को भूल गए अधिकारी

Mon, 05 Aug 2019 02:03 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Mon, 05 Aug 2019 02:03 AM IST
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modle school could not proper
बहसूमा। परिषदीय स्कूलों में अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई कराने के फेर में अधिकारी मॉडल स्कूलों को ही भूल गए हैं। प्रदेश सरकार की सरकारी स्कूलों को मॉडल बनाने की मंशा को पलीता लगाने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। अभी तक न तो मॉडल बनाने की कोई रणनीति बनाई गई है और न ही इस मामले में कोई चर्चा की जा रही है। हस्तिनापुर ब्लॉक में विगत वर्ष पांच परिषदीय स्कूलों में माखनगर, सैफपुर कर्मचंदपुर, रानी नंगला, मोरना व गणेशपुर को मॉडल स्कूल का दर्जा देकर निजी स्कूलों की तर्ज पर शिक्षा की शुरूआत की थी।
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हस्तिनापुर ब्लॉक में स्कूलों की प्राथमिक एवं जूनियर हाईस्कूल की संख्या लगभग 125 है। इनमें आठ हजार से अधिक बच्चे शिक्षा ग्रहण करते हैं। छात्र-छात्राओं को शासन की ओर से नि:शुल्क शिक्षा के साथ किताब, बैग, वर्दी, जूता-जुराब और स्वेटर आदि भी उपलब्ध कराने की योजना अमल में लाई गई है। गत वर्ष प्रशासनिक अधिकारियों के सहयोग से विभागीय अफसरों ने पांच स्कूलों का चयन करके उनमें निजी स्कूलों की तर्ज पर शिक्षा देने के लिए मॉडल स्कूल का नाम दिया था। इस बार भी प्राइमरी समसपुर, प्राइमरी गणेशपुर-2, प्राइमरी मालीपुर, प्राइमरी बहसूमा-3, जूनियर किशोरपुर स्कूल को शामिल कर चार जुलाई को सूची जमा हो गई है। इन स्कूलों में निजी स्कूलों की तरह माहौल बनाया गया और बच्चों को टाई व बेल्ट लगाकर स्कूल आने की पहल की गई थी, लेकिन इन स्कूलों की ओर न तो शिक्षकों का और न ही अधिकारियों का ध्यान है। वहीं, इसमें शिक्षकों की आपसी गुटबाजी भी जिम्मेदार होने से इनकार नहीं किया जा सकता है। इसके चलते मॉडल स्कूलों में धरातल पर व्यवस्था बनती नहीं दिखाई दे रही है।
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उधर, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सतेंद्र ढाका का कहना है कि जिन परिषदीय स्कूलों को मॉडल बनाया गया था। जल्द ही इन स्कूलों में सुधार के लिए कोशिश की जाएगी। पूर्व की भांति सभी सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी। श्रमिक बच्चों के लिए आवासीय स्कूल भी शासन की ओर से संचालित नहीं हुए हैं। प्रदेश सरकार ने गत वर्ष श्रमिक बच्चों के लिए नए आवासीय स्कूल खोलने का आदेश जारी किया था। अब गर्मियों की छुट्टी के बाद शिक्षण कार्य प्रारंभ हो गया है। शायद अभी तक मेरी जानकारी के मुताबिक एक भी आवासीय स्कूल खोलने की शुरूआत नहीं हुई है।
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