कूलर-पंखे-एसी फेल, ...तपते रहिये-जलते रहिये, मानसून ‘एक्सप्रेस’ लेट है
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भारतीय कृषि प्रणाली अनुसंधान के मौसम वैज्ञानिक डॉ. एन सुभाष के अनुसार एक जुलाई को पिछले साल दिन का अधिकतम तापमान 32 डिग्री था और इस बार 38 डिग्री रिकॉर्ड किया है। गर्मी का अंदाजा इससे ही लगाया जा सकता है कि पिछले साल से करीब 6 डिग्री तापमान अधिक है।
जून के अंतिम दिन भी गर्मी ने रिकॉर्ड बनाया था और जुलाई की शुरुआत भी भीषण गर्मी से हुई है। जिस तरह से मौसम चल रहा है, गर्मी का असर जनजीवन पर भी दिखाई दे रहा है। जब तक बारिश नहीं होगी, तब तक गर्मी से राहत नहीं मिलेगी। मौसम कार्यालय पर दिन का अधिकतम तापमान 38.0 डिग्री व रात का न्यूनतम तापमान 27.7 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया।
नमी बढ़ने से गर्मी बढ़ती है
डॉ. एन सुभाष का कहना है कि जब नमी बढ़ जाती है तो गर्मी का अहसास ज्यादा होता है। सोमवार को ऐसे ही देखने को मिला। इस सीजन में पहली बार अधिकतम नमी 74 प्रतिशत रिकॉर्ड की गई है।
जल्द बरसेंगे बदरा
मानसून अहमदाबाद, भोपाल, जबलपुर, उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर, लखीमपुर खीरी के पास पहुंच चुका है। उत्तर पश्चिमी क्षेत्र से बंगाल की खाड़ी तक कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। जिसके प्रभाव से 2 से 4 जुलाई के बीच मानसून पूर्वी उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल व पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में पहुंच सकता है। मेरठ में जल्द बारिश होगी। - डॉ. यूपी शाही मौसम विशेषज्ञय, कृषि विवि