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जोखिम में मासूमों का सफर
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 26 Apr 2018 12:59 AM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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घर से स्कूल और फिर स्कूल से घर जाते समय मासूमों का यह सफर जोखिम भरा है। कई बार ऑटो पलटने से हादसे भी हो चुके हैं, लेकिन न तो इस पर चालक ध्यान दे रहे हैं और न ही ट्रैफिक पुलिस। कुछ जगह तो टेपों भी खटारा हालत में हैं। नियम ताक पर रखकर बच्चों को ऑटो से ले जाया रहा है।
पुलिस के अनुसार शहर में करीब पांच हजार ऑटो/टेंपो दौड़ रहे हैं। इनमें आधे से अधिक टेंपो दस साल पुराने हैं जो डीजल से चल रहे हैं। एनजीटी ने ऐसे वाहनों पर कार्रवाई के निर्देश दिए जो दस साल पुराने हैं ओर डीजल से चल रहे हैं। ट्रैफिक पुलिस के अनुसार जो ऑटो या टेंपो चल रहे हैं उनमें यात्री हों या फिर स्कूल के छात्र या छात्राएं। सात यात्रियों को ही ऑटो में बैठाकर ले जाया जाता है। ट्रैफिक पुलिस अवैध ऑटो पर कारवाई के लिए अभियान चलाती है, लेकिन अभियान एक सप्ताह में ही कमजोर पड़ने लगता है। शनिवार को शहर भी बच्चों का यही हाल दिखा। एक ई रिक्शा में भी12 बच्चे बैठे थे। तो ऑटो का और भी बुरा हाल था। ऑटो के ऊपर छत और साइड में बैग लटके हुए थे वहीं छात्रों को आगे की सीट पर भी बैठा रखा था। ऐसे में सवाल यह है कि इन बच्चों की सुरक्षा की जिम्मेदारी किस पर है।
दिखावे के रहते हैं अभियान
खटारा ऑटो व टेंपो पर कार्रवाई को लेकर ट्रैफिक पुलिस ने दिसंबर में अभियान चलाया था। उसके बाद पुलिस के अभियान ही ठंडे बस्ते मतें चले गये। अब पुलिस फिर से अभियान चलाने की बात कर रही है।
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पुलिस के अनुसार शहर में करीब पांच हजार ऑटो/टेंपो दौड़ रहे हैं। इनमें आधे से अधिक टेंपो दस साल पुराने हैं जो डीजल से चल रहे हैं। एनजीटी ने ऐसे वाहनों पर कार्रवाई के निर्देश दिए जो दस साल पुराने हैं ओर डीजल से चल रहे हैं। ट्रैफिक पुलिस के अनुसार जो ऑटो या टेंपो चल रहे हैं उनमें यात्री हों या फिर स्कूल के छात्र या छात्राएं। सात यात्रियों को ही ऑटो में बैठाकर ले जाया जाता है। ट्रैफिक पुलिस अवैध ऑटो पर कारवाई के लिए अभियान चलाती है, लेकिन अभियान एक सप्ताह में ही कमजोर पड़ने लगता है। शनिवार को शहर भी बच्चों का यही हाल दिखा। एक ई रिक्शा में भी12 बच्चे बैठे थे। तो ऑटो का और भी बुरा हाल था। ऑटो के ऊपर छत और साइड में बैग लटके हुए थे वहीं छात्रों को आगे की सीट पर भी बैठा रखा था। ऐसे में सवाल यह है कि इन बच्चों की सुरक्षा की जिम्मेदारी किस पर है।
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दिखावे के रहते हैं अभियान
खटारा ऑटो व टेंपो पर कार्रवाई को लेकर ट्रैफिक पुलिस ने दिसंबर में अभियान चलाया था। उसके बाद पुलिस के अभियान ही ठंडे बस्ते मतें चले गये। अब पुलिस फिर से अभियान चलाने की बात कर रही है।
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