खुशखबर! पश्चिमी यूपी में केवीके के साथ खुलेंगे नौकरियों के द्वार, गंवा न देना मौका
पश्चिमी यूपी में केवीके के साथ नौकरियों के द्वार खुलेंगे। गंवा न देना मौका...
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में किसानों की आय बढ़ाने के साथ- साथ नए शोध व तकनीकी ज्ञान देने के लिए सात नए कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) खुलने जा रहे हैं। इसके साथ ही पश्चिम में इनकी संख्या बढ़कर 20 हो जाएगी। यही नहीं, इन केंद्रों के खुलने के साथ सात जिलों में 112 लोगों की नियुक्ति की जाएगी। नियुक्ति प्रक्रिया को विश्वविद्यालय प्रशासन ने शुरू कर दिया है।
सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों को लाभान्वित करने के लिए 13 कृषि विज्ञान केंद्र खोल रखे हैं, जहां किसानों को फसलों से संबंधित नए शोध, बीज, फसलों की बीमारियों से बचाव, मृदा परीक्षण व विभिन्न मौके पर प्रशिक्षण शिविरों के द्वारा विस्तार से जानकारी दी जाती है। इन विज्ञान केंद्रों पर तैनात वैज्ञानिक नए- नए शोध कर किसानों को समय समय पर तकनीकी ज्ञान भी देते है ताकि वह अपनी आय को बढ़ा सकें और फसल उत्पादन अच्छा होने से किसानों को लाभ मिले।
इसी क्रम में पश्चिमी यूपी के सात जिलों शामली, संभल, दातागंज (बदायूं) अमरोहा, हापुड़, मुजफ्फरनगर व मुरादाबाद द्वितीय में आईसीएआर ने नए कृषि विज्ञान केंद्र खोले जाने की स्वीकृति दे दी थी। लेकिन निर्माण प्रक्रिया पूरी न होने के साथ इन केंद्रों पर वैज्ञानिकों और स्टाफ की नियुक्ति नहीं हो सकी। अब नए केवीके खोले जाने की स्वीकृति मिलने के बाद विवि प्रशासन द्वारा इन केंद्रों पर नियुक्ति को लेकर तैयारी शुरू कर दी गई है। इन सभी सातों जिलों में 16-16 पदों पर भर्ती की जाएगी। भर्ती प्रक्रिया के लिए आईसीएआर ने स्वीकृति भी दे दी है। इसके अलावा कृषि विवि के विभिन्न कॉलेजों में भी कई पद खाली पड़े हैं, जिनको भी भरा जाएगा। विश्वविद्यालय के निदेशक प्रसार डॉ. एसके सचान ने बताया कि सात केवीके के निर्माण पर करीब दस करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके लिए 1.33 करोड़ रुपये स्वीकृत हो गए है। सभी जगह केवीके के भवन बनने शुरू हो गए हैं। प्रयास हैं कि इसी साल में काम पूरा कर लिया जाए।
इन पदों पर होगी नियुक्ति
पदनाम पद की संख्या
सीनियर साइंटिस्ट एंड हैड 1
सब्जेक्ट मैटर स्पेशलिस्ट 6
फार्म मैनेजर 1
प्रोग्राम असिस्टेंट कंप्यूटर 1
प्रोग्राम असिस्टेंट लैब टेक्नीशियन 1
सहायक 1
स्टेनोग्राफर 1
ड्राइवर 2
स्किल्ड सपोर्ट स्टाफ 2
कुल 16
(नोट- सभी सात जिलों में 16 पदों के हिसाब से 112 नियुक्ति की जाएंगी)
कृषि विज्ञान केंद्रों के कार्य
- किसानों को नई तकनीक की जानकारी देना
- फसलों में आने वाली बीमारियों का निराकरण करना।
- किसानों की आय बढ़ाने के लिए वैज्ञानिकों का शोध करना।
- फार्म पर नए- नए ट्रायल लगाकर किसानों को प्रशिक्षण देना।
- मौसम के हिसाब से किसानों को फसलों की जानकारी देना।
- मृदा परीक्षण से किसानों की मिट्टी की उपजाऊ क्षमता की जानकारी देना।
- फसलों की नई प्रजातियों से उत्पादन को बढ़ाने के लिए जागरूक करना।
- पशुपालन की जानकारी देकर किसानों की आय बढ़ाना।
भर्ती प्रक्रिया जल्द शुरू होगी
कुलपति कृषि विवि डॉ. आरके मित्तल ने बताया कि नए कृषि विज्ञान केंद्रों से किसानों को लाभ मिलेगा। केवीके पर नए पदों की भर्ती प्रक्रिया के साथ ही विवि में रिक्त पदों पर भी नियुक्ति की जाएगी।
नोट- इन खबरों के बारे आपकी क्या राय हैं। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/