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कपसाड़ और चकबंदी के जंगल में सिंचाई विभाग की टीम ने किया निरीक्षण
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कपसाड़ और चकबंदी के जंगल में सिंचाई विभाग की टीम ने किया निरीक्षण
सरधना। गत दिवस कपसाड़ और चकबंदी गांव के जंगल में सलावा रजबहे की पटरी टूटने से किसानों की सैकड़ों बीघा फसल जलमग्न हो गई थी। किसानों ने इस मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग करते हुए एसडीएम को शिकायती पत्र सौंपा था। जिसकी जांच के लिए शनिवार को जिलेदार के नेतृत्व में टीम जलमग्न हुए खेतों तथा पटरी का निरीक्षण करने पहुंची।
सलावा चप की रजबहे की पटरी चकबंदी और कपसाड़ गांव के जंगल में टूटने से किसानों की करीब 300 बीघा से अधिक भूमि जलमग्न हो गई थी। जिसमें सरसो, गेहूं व गन्ने की बुआई किसानों द्वारा की गई थी। जलभराव के कारण फसल में काफी नुकसान हुआ। किसानों ने बताया कि रजबहे की पटरी पानी ओवरफ्लो होने से तीन माह में करीब आधा दर्जन से अधिक बार टूट चुकी है। शिकायत करने वालों में ओम सिंह, अनिल, राजकुमार, हरवीर, सीताराम, राजपाल, रामभूल, सुखपाल, कालू, मनोज, दिनेश, अशोक, नकली सिंह आदि शामिल रहे।
जिलेदार के नेतृत्व में टीम जांच के लिये कपसाड़ व चकबंदी के जंगल में पहुंची ओर खेतों में खडी फसलों के जलभराव से हुये नुकसान की जांच की। इस दौरान रजबहे की पटरी का भी निरीक्षण किया। जिलेदार सतपाल व पतरोल कुलदीप ने बताया कि निरीक्षण की रिपोर्ट सिंचाई विभाग के अधिकारियों व एसडीएम को भेजी जाएगी।
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सरधना। गत दिवस कपसाड़ और चकबंदी गांव के जंगल में सलावा रजबहे की पटरी टूटने से किसानों की सैकड़ों बीघा फसल जलमग्न हो गई थी। किसानों ने इस मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग करते हुए एसडीएम को शिकायती पत्र सौंपा था। जिसकी जांच के लिए शनिवार को जिलेदार के नेतृत्व में टीम जलमग्न हुए खेतों तथा पटरी का निरीक्षण करने पहुंची।
सलावा चप की रजबहे की पटरी चकबंदी और कपसाड़ गांव के जंगल में टूटने से किसानों की करीब 300 बीघा से अधिक भूमि जलमग्न हो गई थी। जिसमें सरसो, गेहूं व गन्ने की बुआई किसानों द्वारा की गई थी। जलभराव के कारण फसल में काफी नुकसान हुआ। किसानों ने बताया कि रजबहे की पटरी पानी ओवरफ्लो होने से तीन माह में करीब आधा दर्जन से अधिक बार टूट चुकी है। शिकायत करने वालों में ओम सिंह, अनिल, राजकुमार, हरवीर, सीताराम, राजपाल, रामभूल, सुखपाल, कालू, मनोज, दिनेश, अशोक, नकली सिंह आदि शामिल रहे।
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जिलेदार के नेतृत्व में टीम जांच के लिये कपसाड़ व चकबंदी के जंगल में पहुंची ओर खेतों में खडी फसलों के जलभराव से हुये नुकसान की जांच की। इस दौरान रजबहे की पटरी का भी निरीक्षण किया। जिलेदार सतपाल व पतरोल कुलदीप ने बताया कि निरीक्षण की रिपोर्ट सिंचाई विभाग के अधिकारियों व एसडीएम को भेजी जाएगी।
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