मवाना। उत्तर प्रदेश किसान सभा ने राज्यपाल के नाम तहसीलदार अजय उपाध्याय को ज्ञापन सौंपा। कहा कि दो वर्षों से राज्य सरकार ने गन्ना मूल्य में कोई बढ़ोत्तरी नहीं की है। जबकि केंद्र सरकार द्वारा जीएसटी के लागू करने से किसानों को कृषि में उपयोग में आने वाले कृषि यंत्र, मशीनरी, फर्टिलाइजर, कीटनाशक आदि वस्तुओं पर 12 से 28 प्रतिशत टैक्स चुकाना पड़ रहा है। गन्ना मूल्य में बढ़ोत्तरी नहीं करके राज्य सरकार ने गन्ना किसानों को आर्थिक संकट की ओर धकेलने का प्रयास किया है। सभा ने मांग करते हुए कहा कि लागत मूल्य के आधार पर गन्ना मूल्य 480 रुपये प्रति क्विंटल तय किया जाए। गत वर्ष 2018-19 व वर्तमान पेराई सत्र का बकाया बिना विलंब के दिलाया जाए। आवारा पशुओं को पकड़वाने का निर्देश, पराली, पत्ती के नाम पर किसानों का उत्पीड़न नहीं किया जाए, किसानों पर दर्ज मुकदमे वापस करने के लिए सरकार को निर्देशित किया जाए। इस दौरान मंडलीय सचिव का. जितेंद्रपाल सिंह, राजपाल शर्मा, सूरजबली शर्मा, ललित त्यागी, जगदीश कोहला, बिल्लू रामपुर, संग्राम सिंह, रामबीर सिंह, चौ. मनोज धामा आदि मौजूद रहे।