सरधना/मवाना। सरधना तहसील मुख्यालय के सभागार में मंगलवार को संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इसमें कुल 45 शिकायतें दर्ज की गईं। इसमें से मौके पर 4 शिकायतों का ही निस्तारण किया जा सका। अधिकांश शिकायतें अवैध कब्जों से संबंधित रही। एडीएम और एसडीएम ने शिकायतें सुनी। वहीं मवाना तहसील में एसडीएम व तहसीलदार ने लोगों की समस्याएं सुनीं। समाधान दिवस में 49 शिकायतों में से मात्र 7 शिकायतों का ही निस्तारण हो सका। जिले के किसी अधिकारी के नहीं आने से लोग मायूस दिखाई दिए।
सरधना तहसील में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में मटौर के सतबीर व ओमबीर आदि ने चकरोड कब्जा मुक्त कराने की मांग की। प्रतापगढ़ कॉलोनी निवासी लोगों ने प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत मकान बनवाने की मांग की। समसपुर सुरानी निवासी सतीश ने डोल काटने का आरोप पड़ोसी चक मालिक पर लगाया। चकरोड की पैमाइश कराकर कब्जा मुक्त कराने की मांग की। कुलंजन के शहजाद ने गांव के ही व्यक्ति द्वारा सरकारी पेड़ काटने, अलीपुर के ओमप्रकाश ने खड़ंजा निर्माण कराने, नानू के राजकुमार ने चकरोड की पैमाइश कराने, सरधना के हिमेंद्र ने दबंगों द्वारा प्लाट कब्जाने की शिकायत की। लंबित 10 शिकायतों में से चार का ही निस्तारण हो सका। एडीएम सुभाषचंद प्रजापति, एसडीएम अमित कुमार भारतीय व तहसीलदार अवनीश कुमार ने शिकायतें सुनी। नायब तहसीलदार सीमा भारती, कानूनगो अशोक कुमार आदि मौजूद रहे।