Exclusive: मेरठ-शामली-बागपत के डाकघरों में एक लाख खाते बंद, तीन वर्ष से नहीं किया गया लेनदेन, किए निष्क्रिय
डाक विभाग में यदि आपका खाता है और आपने तीन वर्ष से कोई लेन देन नहीं किया है तो आपको सतर्क होने की जरूरत है। डाक विभाग ने सैकड़ों खातों को निष्क्रिय श्रेणी में डाल दिया है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
जो खाताधारक तीन साल से डाक विभाग में अपने खातों में लेनदेन नहीं कर रहे हैं, उनके सतर्क होने की जरूरत है। मंडल के शामली के अलावा मेरठ, बागपत के करीब एक लाख खाते बंद हो गए हैं। इन खाताधारकों ने पिछले तीन साल से कोई लेनदेन नहीं किया था।
डाक विभाग ने इन खातों को निष्क्रिय श्रेणी में डाल दिया है। इनमें जीरो बैलेंस के बचत खाताधारकों की संख्या सबसे अधिक है। अब जल्द ही डाक विभाग के अधिकारी खातों को संचालित कराने के लिए डोर टू डोर अभियान चलाएंगे। खाताधारकों को जागरूक किया जाएगा।
शामली डाक मंडल के तहत शामली जिले के अलावा बागपत, मेरठ का रोहटा, सरूरपुर खुर्द क्षेत्र आता है। इसमें 283 से अधिक डाकघर हैं। मंडल में साढ़े तीन लाख से अधिक खाताधारक हैं। इनमें अधिकांश बचत खाते हैं। मंडल डाक अधीक्षक बीएल मीणा ने बताया कि तीनों जिलों में करीब एक लाख खाते बंद हो गए हैं, इन खातों में तीन साल से कोई लेनदेन नहीं हुआ है।
इन्हें निष्क्रिय सूची में डाल दिया गया है। खाताधारकों की मृत्यु या केवाईसी न होने जैसे कारण से भी खाते निष्क्रिय हुए हैं। जो खाते निष्क्रिय हैं, उन्हें दोबारा शुरू कराने के लिए केवाईसी करानी होगी। जरूरी प्रमाणपत्रों के साथ प्रार्थनापत्र देना होगा। यदि खाताधारक के नॉमिनी आते हैं तो उन्हें संबंधित प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
इन डाकघरों में खाते हुए निष्क्रिय
मेरठ के रोहटा, सरूरपुर खुर्द, शामली में मुख्य डाकघर, मंडी, गन्ना समिति, बड़ा बाजार, काका नगर के अलावा एलम, कांधला, कैराना, झिंझाना, ऊन, थानाभवन, जलालाबाद, बाबरी, बागपत में मुख्य डाकघर, छपरौली, बड़ौत, बिनौली, खेकड़ा, बालैनी, ढिकौली, किशनपुर बराल, दोघट, टीकरी, अमीनगर सराय, अग्रवाल मंडी टटीरी, नेहरु रोड बड़ौत, नई मंडी बड़ौत आदि में खाते निष्क्रिय हुए हैं।