इस चुनाव में टूटे जति और धर्म के सभी समीकरण: किसी ने कमल खिलाया, कहीं तेज दौड़ी साइकिल, हाथी भी चिंघाड़ा
मेरठ के मुस्लिम बहुल गांव राधना में हर बूथ पर जहां भाजपा को वोट मिले हैं। वहीं कई ठाकुर और दलित बाहुल्य क्षेत्रों में योगी के आने से वोटर भाजपा के पक्ष में दिखा। इसी तरह गुर्जर बहुल गांवों में न सिर्फ भाजपा को एकतरफा वोट पड़ा बल्कि मतदान प्रतिशत में ये गांव आगे रहे।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
विधानसभा चुनाव में भले ही सांप्रदायिक ध्रुवीकरण का जोर रहा हो, लेकिन नतीजे बता रहे हैं कि हिंदू-मुस्लिम का समीकरण टूटा है। किठौर सीट पर कई मुस्लिम बहुल गांवों में भाजपा प्रत्याशी को वोट मिले हैं। हिंदू वोटों का रूझान कई जगह सपा के मुस्लिम उम्मीदवार के प्रति भी रहा है। यह अलग बात है कि एक-दूसरे के मतों में सेंधमारी ज्यादा नहीं रही। वहीं हस्तिनापुर क्षेत्र में गुर्जर मतों का रूझान भाजपा के पक्ष में ज्यादा रहा। इसे चुनाव का टर्निंग प्वाइंट माना जा रहा है...
मेरठ किठौर विधानसभा सीट पर सपा प्रत्याशी शाहिद शाहिद मंजूर को हिंदू बहुल क्षेत्रों में भी वोट मिले। मुस्लिम बहुल राधना और किठौर में कमल भी खिला। क्षेत्र के सभी मुस्लिम बहुल गांवों में भाजपा को वोट मिले। कुछ भाजपा नेता इन्हें मुस्लिम महिलाओं का वोट बता रहे हैं।
सिसौली क्षेत्र के ठाकुर बहुल गांवों में सीएम योगी के आने का असर दिखा। यहां सत्यवीर त्यागी ने शाहिद को पछाड़ दिया। रजपुरा ब्लॉक के गांव जिठौली, आलमपुर बुजुर्ग, बढ़ला कैथवाड़ा, समयपुर सहित अन्य गांवों में भाजपा के हिस्से में काफी वोट आए। नंगलामल में जरूर एक बूथ पर शाहिद को 380 वोट मिले और सत्यवीर को 61 ही मिल पाए।
मवाना रोड स्थित गांव सलारपुर जलालपुर, बहचौला, राली चौहान, छिलोरा, कमालपुर, लडपुरा, ख्वाजहांपुरा, रुकनपुर, मोरना, महीउद्दीनपुर ललसाना, मामेपुर, उलदेपुर, सिखेड़ा आदि में गांवों में शाहिद और सत्यवीर एक-दूसरे को टक्कर देते रहे। पचपेडा, ज्ञानपुर में साइकिल की रफ्तार तेज रही। गांव शोल्दा में शाहिद को 229 और सत्यवीर को 1124 मत मिले। माछरा के चार बूथों पर शाहिद को 345 और सत्यवीर को 1789 वोट मिले। कैलीरामपुर में शाहिद को 380 और सत्यवीर को 605 वोट मिले हैं।
शाहिद के बूथ पर भी भाजपा को मिले वोट
किठौर के राजकीय कन्या इंटर कॉलेज पर बूथ नंबर 109 शाहिद का था। यहा 907 लोगों ने साइकिल पर वोट दिया। सत्यवीर त्यागी के पक्ष में 21 लोग रहे। किठौर के 14 बूथों पर शाहिद को 7474 और सत्यवीर त्यागी को 471 लोगों ने वोट दिया।
राधना के हर बूथ पर भाजपा को मिला वोट
मुस्लिम बहुल गांव राधना के हर बूथ पर भाजपा को वोट मिला है। राधना में सात बूथों पर सत्यवीर को 308 मत और शाहिद को 3195 वोट मिले हैं।
पचपेड़ा में भाजपा को 352 वोट मिले
गांव नंगला शेखू में दो बूथ हैं। यहां साइकिल और कमल दोनों को वोट मिले। पचपेड़ा मुस्लिम बहुल गांव है। यहां पर 352 वोट भाजपा को मिले।
त्यागी बहुल रेहदरा में साइकिल भी चली
गांव रेहदरा त्यागी बहुल है। यहां 127 लोगों ने साइकिल और 649 लोगों ने फूल पर भरोसा जताया। शाहिद ने त्यागी समाज में सेंध लगाई है। इसके अलावा माछरा, खरखौदा क्षेत्र के अतराड़ा, कोल, बधोली, कैली, पांची, खरखौदा कस्बा, बिजौली आदि गांवों में साइकिल तेज रफ्तार से दौड़ी।
यह भी पढ़ें: मेरठ: हाथ जोड़कर जिंदगी की भीख मांगते रहे प्रोफेसर..., नहीं पसीजा बदमाशों का दिल, बरसाईं दनादन गोलियां, खौफनाक है पूरी वारदात
रजपुरा और सैनी में भाजपा रही सपा से आगे
सपा के जिलाध्यक्ष राजपाल सिंह के गांव रजपुरा और पूर्व जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह के गांव में भाजपा ने सपा को पछाड़ दिया। राजपाल सिंह के गांव रजपुरा में पांच बूथ हैं। गांव में जाट, दलित, अन्य अति पिछड़ी जाति और कुछ मुस्लिम भी हैं। गांव में 1200 से अधिक वोट जाट समाज के हैं। 50 से अधिक मुस्लिम भी हैं। लेकिन यहां पर सपा को 553 और भाजपा को 1100 मत मिले हैं। जिलाध्यक्ष के बूथ नं. 233 पर सपा को 182 और भाजपा को 414 मत मिले हैं। जयवीर सिंह के गांव मुजफ्फरनगर सैनी में चार बूथों पर सपा को 528 और भाजपा को 1211 मत पड़े हैं। 2017 में यहां से सपा को 541 वोट मिले थे। जयवीर सिंह के बूथ पर सपा को 157 और भाजपा को 216 वोट पड़े हैं।
पबला में तेज दौड़ी साइकिल, हाथी भी चिंघाड़ा
पबला गांव में भाजपा से तेज सपा की साइकिल दौड़ी। हाथी ने 596 मत पाकर भाजपा को पछाड़ दिया। भाजपा को 410 मत मिले। सपा को 870 मत मिले।
गुर्जर बने भाजपा की जीत में निर्णायक
हस्तिनापुर विधानसभा सीट पर सपा-रालोद गठबंधन का चक्रव्यूह तोड़ने में यूं तो दिनेश खटीक को सभी समाज का समर्थन मिला, लेकिन गुर्जर समाज ने ताबूत में आखिर कील गाड़ने का काम किया।
गुर्जर बहुल गांवों में न सिर्फ भाजपा को एकतरफा वोट पड़ा बल्कि मतदान प्रतिशत में ये गांव आगे रहे। ठाकुर और सिख बहुल गांवों में भी मतदान प्रतिशत खूब रहा। तीनों ब्लॉक में गुर्जर समाज ने निर्णायक भूमिका निभाई।
हस्तिनापुर विधानसभा सीट पर भाजपा प्रत्याशी दिनेश खटीक और सपा-रालोद गठबंधन प्रत्याशी योगेश वर्मा के बीच कड़ी टक्कर थी। शुरू में हस्तिनापुर ब्लॉक की मतगणना हुई तो दिनेश हर राउंड में बढ़त बनाते चले गए। गुर्जर बहुल सैफपुर फिरोजपुर गांव में 3266 लोगों ने कमल खिलाया तो साइकिल को यहां 1902 वोट मिले।
सिख बहुल तारापुर और रठौड़ा खुर्द में दिनेश को 2352 वोट मिले एवं योगेश वर्मा को 1343 वोट मिले। सिख बहुल दूधली खादर, एदलपुर, झड़ाका एवं दौलतपुर मालीपुर में भाजपा दोगुने अंतर से आगे रही। गुर्जर बहुल झुनझुनी में भाजपा को 1105 वोट मिले। गठबंधन को 345 वोट ही मिल पाए।
यादव-मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में साइकिल रही आगे
यादव और मुस्लिम बहुल इलाकों मटौर, कूड़ी कमालपुर, सठला, अगवानपुर, खानपुर बागर, बोन्द्रा, शौंदत, रसूपुर इकला, ललियाना और असीलपुर गांव में साइकिल ने कमल को पीछे छोड़ दिया। यहां योगेश वर्मा आगे रहे।
हर वर्ग का मिला वोट
दिनेश खटीक को ठाकुर बहुल गांवों ढ़िकौली, खेड़की जदीद, सिख, ब्राह्मण, जाट, त्यागी, सैनी, कश्यप, पाल, प्रजापति, वाल्मीकि, दलित, बंगाली, सभी वर्ग का आशीर्वाद मिला।
हस्तिनापुर नगर में कमल ने साइकिल को पछाड़ा
हस्तिनापुर नगर के 21 केंद्रों पर कमल ने साइकिल को पछाड़ दिया। हस्तिनापुर ब्लॉक से दिनेख खटीक को 12 हजार वोटों की लीड मिली। यहां मिली लीड कम जरूरी हुई, लेकिन योगेश वर्मा कहीं भी आगे नहीं निकल पाए।
तीन ब्लॉक प्रमुख हैं गुर्जर
मवाना, हस्तिनापुर और परीक्षितगढ़ ब्लॉक में भाजपा ने गुर्जर समाज से ही ब्लॉक प्रमुख बनवाए। विधायक दिनेश खटीक ने मवाना से तहसील मार्ग का नाम मिहिर भोज मार्ग कराया। मखदूमपुर रोड का नाम हातिम सिंह गुर्जर के नाम पर किया गया। मवाना ब्लॉक प्रमुख पति योगेश प्रधान कहते हैं कि गुर्जर समाज ने भाजपा को विकास और कानून व्यवस्था के नाम पर एकतरफा वोट दिया है।
खूब खिला कमल
दयालपुर, बस्तौरा नारंग, जलालपुर जोरा, मीवा, अकबरपुर गढ़ी, हुंमायुपुर, अकबरपुर गढ़ी में खूब कमल खिला। ऐंची कला में भाजपा को 287 तो गठबंधन को 64 वोट मिले। ऐंची खुर्द में भाजपा को 878 तो गठबंधन को 174 वोट मिले। आसिफाबाद के दो बूथों पर दिनेश खटीक को 739 तो योगेश वर्मा को 162 वोट मिले। शिवनगर में भाजपा को 556 व गठबंधन को सिर्फ 46 वोट मिले।
सिकंदरपुर में भाजपा को 419 तो गठबंधन को 14 वोट मिले। इसके अलावा चितवाना शेरपुर, पूठी, गणेशपुर, आलमगिरपुर बढ़ला, नवल सूरजपुर, छुछाई, शिवनगर, समसपुर में बहादरपुर में दिनेश खटीक को योगेश वर्मा के मुकाबले खूब वोट मिले। अटौरा में दिनेश खटीक को 897 तो योगेश वर्मा को सिर्फ 303 वोट मिले। जंधेड़ी में दिनेश खटीक को 911 तो योगेश को 319 वोट मिले। रसूलपुर गांवड़ी में भाजपा को 889 तो गठबंधन को महज 149 वोट मिले। भैंसा गांव में दिनेश को 1388 तो योगेश को 1591 वोट मिले। बना में खटीक को 631 वोट तो वर्मा को यहां 707 वोट मिले। फिटकरी गांव में 741 ने कमल का बटन दबाया तो 858 लोगों ने साइकिल दौड़ाई।