फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Deobandi ulama has tell the decision to remove section 370 from Kashmir a political issue

कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने के ऐतिहासिक फैसले को देवबंदी उलमा ने बताया सियासी मुद्दा

Tue, 06 Aug 2019 02:21 AM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर Published by: कपिल kapil Updated Tue, 06 Aug 2019 02:21 AM IST
विज्ञापन
Deobandi ulama has tell the decision to remove section 370 from Kashmir a political issue
देवबंद - फोटो : अमर उजाला

केंद्र सरकार द्वारा जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद-370 को हटाने के ऐतिहासिक फैसले पर विश्वविख्यात इस्लामिक शिक्षण संस्था दारुल उलूम समेत उलमा ने इसे राजनीतिक मुद्दा बताते हुए कुछ भी बोलने से इंकार कर दिया। हालांकि जमीयत दावतुल मुसलीमीन के संरक्षक व प्रसिद्ध आलिम-ए-दीन कारी इस्हाक गोरा ने कहा कि यह बहुत बड़ा फैसला है, इसके नतीजे मुल्क विशेषकर कश्मीर के लिए अच्छे साबित होने चाहिए। साथ ही इस बात का ख्याल रखा जाए कि कश्मीरी भी हमारे हैं।

विज्ञापन


केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने ऐतिहासिक कदम उठाते हुए जम्मू-कश्मीर को अनुच्छेद-370 के मिलने वाले स्पेशल स्टेटस को अब वापस ले लिया है जिसके बाद जम्मू-कश्मीर अब केंद्र शासित राज्य बन गया है। सरकार के इस फैसले को लेकर जहां पूरे देश में जश्न का माहौल है।
विज्ञापन


वहीं, इस्लामी तालीम के सबसे बड़े केंद्र दारुल उलूम के कार्यवाहक मोहतमिम मौलाना अब्दुल खालिक मद्रासी ने साफ तौर पर कहा कि दारुल उलूम एक दीनी इदारा है और इसका सियासत से दूर-दूर तक का वास्ता नहीं है। यह खालिस सियासी मसला है। इसलिए सरकार के किसी भी राजनीतिक फैसले पर हम कोई प्रतिक्रिया नहीं देंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

इनके अलावा अन्य मदरसों के जिम्मेदारों और उलमा ने भी इस मुद्दे को सियासी मुद्दा करार दिया और कहा कि इस पर उलमा की राय कोई मायने नहीं रखती। यह काम सियासी लोगों का है। 

उधर, जमीयत दावतुल मुसलीमीन के संरक्षक कारी इस्हाक गोरा ने कहा कि केंद्र सरकार को इतना बड़ा फैसला कश्मीरियों के मशविरे और उनको भरोसे में लेकर करना चाहिए था। दिलों पर राज कर फैसले लेना हमारे मुल्क की परंपरा रही है। इसकी सीमा का ख्याल रखा जाना चाहिए।

उनकी मांग है कि कश्मीरियों को किसी तरह की तकलीफ न पहुंचे सरकार को इस बात का पूरा ध्यान रखना चाहिए। हम उम्मीद करते हैं कि यह फैसला मुल्क के हित में बेहतर साबित हो।

नोट- इन खबरों के बारे आपकी क्या राय हैं। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं।

शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें


https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed