{"_id":"5fbacaeb8ebc3e9c055bd823","slug":"dengue-prevention-campaign-to-last-30-meerut-news-mrt5122150166","type":"story","status":"publish","title_hn":"डेंगू की रोकथाम के लिए 30 तक चलेगा अभियान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डेंगू की रोकथाम के लिए 30 तक चलेगा अभियान
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मेरठ। कोरोना काल में डेंगू के मरीज भी मिल रहे हैं। रोकथाम के लिए 30 नवंबर तक अभियान चलाया जाएगा। इस दौरान एंटी लार्वा छिड़काव, फॉगिंग और सैनिटाइजेशन कराया जाएगा।
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक डेंगू के अब तक 34 मरीज मिल चुके हैं। ये 26 सितंबर से 13 नवंबर के बीच मिले हैं। हालांकि 13 नवंबर के बाद से डेंगू का कोई मरीज नहीं मिला है। ये आंकड़े सरकारी हैं। हकीकत में डेंगू के मरीजों की संख्या इससे कहीं अधिक है, क्योंकि निजी लैब में जिन मरीजों को डेंगू की पुष्टि हुई है उन्हें स्वास्थ्य विभाग ने नहीं माना है। स्वास्थ्य विभाग सिर्फ उन्हीं मरीजों को आंकड़ों में शामिल करता है जिनकी जांच जिला अस्पताल में हुई है। लिहाजा एहतियात बहुत जरूरी है।
डेंगू की रोकथाम, बचाव और नियंत्रण के लिए अभियान चलाया जाएगा। इस बाबत जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को हिदायत दी है कि चिकित्सालय परिसर व उसके आसपास आवासीय भवनों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न न हो। चिकित्सालयों में मच्छरदानी युक्त 10 बेड का आइसोलेशन वार्ड डेंगू रोगियों के लिए आरक्षित रखा जाए। यदि कोई डेंगू पॉजिटिव मरीज मिलता है तो उसकी कोरोना की भी जांच कराई जाए। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. सत्यप्रकाश ने बताया कि शहरी व ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में एंटी लार्वा छिड़काव, सैनिटाइजेशन और फॉगिंग कराई जा रही है। आमजन को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जा रहा है। इसके अलावा हर रविवार मच्छर पर वार अभियान चलाया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक डेंगू के अब तक 34 मरीज मिल चुके हैं। ये 26 सितंबर से 13 नवंबर के बीच मिले हैं। हालांकि 13 नवंबर के बाद से डेंगू का कोई मरीज नहीं मिला है। ये आंकड़े सरकारी हैं। हकीकत में डेंगू के मरीजों की संख्या इससे कहीं अधिक है, क्योंकि निजी लैब में जिन मरीजों को डेंगू की पुष्टि हुई है उन्हें स्वास्थ्य विभाग ने नहीं माना है। स्वास्थ्य विभाग सिर्फ उन्हीं मरीजों को आंकड़ों में शामिल करता है जिनकी जांच जिला अस्पताल में हुई है। लिहाजा एहतियात बहुत जरूरी है।
विज्ञापन
डेंगू की रोकथाम, बचाव और नियंत्रण के लिए अभियान चलाया जाएगा। इस बाबत जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को हिदायत दी है कि चिकित्सालय परिसर व उसके आसपास आवासीय भवनों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न न हो। चिकित्सालयों में मच्छरदानी युक्त 10 बेड का आइसोलेशन वार्ड डेंगू रोगियों के लिए आरक्षित रखा जाए। यदि कोई डेंगू पॉजिटिव मरीज मिलता है तो उसकी कोरोना की भी जांच कराई जाए। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. सत्यप्रकाश ने बताया कि शहरी व ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में एंटी लार्वा छिड़काव, सैनिटाइजेशन और फॉगिंग कराई जा रही है। आमजन को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जा रहा है। इसके अलावा हर रविवार मच्छर पर वार अभियान चलाया जा रहा है।
विज्ञापन