फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   Child Rights team reached Muzaffarnagar to investigate the role of minors in CAA Bawal

सीएए बवाल में नाबालिगों की भूमिका की जांच करने मुजफ्फरनगर पहुंची बाल अधिकार संरक्षण आयोग की टीम

Sun, 08 Mar 2020 03:25 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरनगर Published by: Dimple Sirohi Updated Sun, 08 Mar 2020 03:25 PM IST
सार

- बाल अधिकार संरक्षण आयोग के अध्यक्ष व सदस्या ने की लोगों से वार्ता
- बवाल की चपेट में आए दो बैंकों के शाखा प्रबंधकों के भी किए बयान दर्ज

विज्ञापन
Child Rights team reached Muzaffarnagar to investigate the role of minors in CAA Bawal
मुजफ्फरनगर में सीएए बवाल की तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मुजफ्फरनगर में नागकिरता संशोधन कानून के विरोध में शहर क्षेत्र में गत 20 दिसंबर 2019 को हुए बवाल के मामले में बाल अधिकार संरक्षण आयोग की दो सदस्यीय टीम शनिवार को शहर में पहुंची। टीम ने स्थानीय लोगों के साथ ही दुकानदारों से भी वार्ता कर बवाल में नाबालिगों के शामिल होने को लेकर पूछताछ की। इस्लामिया इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य व चौकीदार के साथ ही बवाल की चपेट में आए दो बैंकों के शाखा प्रबंधकों के भी बयान दर्ज किए गए।
विज्ञापन


सीएए के विरोध में गत 20 दिसंबर 2019 को शहर क्षेत्र में जमकर बवाल हुआ था। मदीना चौक, मेरठ रोड, मीनाक्षी चौक व महावीर चौक पर हुए बवाल में बड़े पैमाने पर वाहनों, दुकानों को फूंक दिया गया था। इस बवाल में नाबालिगों के भी बड़ी तादाद में मौजूद रहने की बात जांच में सामने आई थी।
विज्ञापन


पुलिस ने सादात हॉस्टल के छात्रों समेत जिन लोगों को नामजद किया था, उनमें भी कई नाबालिग पाए गए थे। सुप्रीम कोर्ट ने इसका स्वत: संज्ञान लेते हुए बाल अधिकार संरक्षण आयोग को जांच के आदेश दिए थे। शनिवार को आयोग अध्यक्ष डॉ विशेष गुप्ता और सदस्या जया सिंह शहर में पहुंचे।
विज्ञापन
विज्ञापन

टीम ने सबसे पहले टीम मीनाक्षी चौक पर पहुंचकर स्थानीय लोगों से वार्ता की। इसके बाद टीम ने आर्यसमाज रोड पर भारत ऑटो मोबाइल, सुपर ऑटो मोटर्स, बेस्ट ऑटो डीलर व ब्राइट ऑटो मोबाइल समेत कई अन्य दुकानों के व्यापारियों से भी बवाल की जानकारी ली। स्थानीय लोगों व व्यापारियों ने जांच टीम को यही बताया कि वे बवाल शुरू होते ही वहां से चले गए थे।

किसके आदेश से किया गया कॉलेज का गेट बंद ?
बाल अधिकार संरक्षण आयोग की टीम ने इस्लामिया इंटर कॉलेज पहुंचकर प्रधानाचार्य सलीम अहमद और चौकीदार फजल हक से पूछताछ की। टीम ने बवाल के दौरान कॉलेज का गेट बंद किए जाने को लेकर जानकारी ली कि किसके आदेश पर कॉलेज का मेन गेट बंद किया गया था ? इस पर कॉलेज प्रबंधन ने चुप्पी साध ली।
 
बैंकों को फूंकने पर आमादा थे उपद्रवी
आयोग की टीम आर्यसमाज रोड स्थित यूको बैंक व कोटक महिंद्रा बैंक भी पहुंची। यूको बैंक मैनेजर चंद्रकला ने टीम को बताया कि बवाल करती भीड़ बैंक को फूंकने पर आमादा थी। बैंक में घुसकर तोड़फोड़ की गई और कर्मचारियों से बदसलूकी की गई। पुलिस ने बाद में बैंक कर्मचारियों को रेस्क्यू कर वहां से सकुशल बाहर निकाला। कोटक महिंद्रा बैंक के शाखा प्रबंधक मनोज कुमार ने भी उपद्रवियों द्वारा बैंक में घुसकर तोड़फोड़ व आगजनी का प्रयास करने की जानकारी दी।

सादात हॉस्टल भी पहुंची आयोग की टीम
सीएए को लेकर हुए बवाल में पुलिस ने सादात हॉस्टल के छात्रों को भी मुकदमे में नामजद किया था। कुछ छात्रों को गिरफ्तार कर जेल भी भेजा गया था। हालांकि कुछ दिन बाद ही छात्रों को क्लीनचिट देते हुए न केवल मुकदमे से उनके नाम निकाले गए, बल्कि सभी छात्रों को जेल से बाहर भी निकलवाया गया था। टीम ने बवाल में नामजद व जेल भेजे गए छात्रों के साथ ही चश्मदीदों से भी वार्ता करने का प्रयास किया, लेकिन कोई भी छात्र आयोग की टीम को हॉस्टल में नहीं मिला।
 
बाल अधिकार संरक्षण आयोग के अध्यक्ष डॉ विशेष गुप्ता ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर वे बवाल की जांच के लिए आए हैं। बवाल में नाबालिगों के साथ ही पुलिस की भूमिका की भी जांच की जाएगी। सादात हॉस्टल के छात्र टीम को नहीं मिल पाए हैं, जिनके लिए दोबारा आकर उनके बयान दर्ज करने का प्रयास किया जाएगा। फाइनल जांच रिपोर्ट शासन को दी जाएगी, जहां से रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट को सौंपी जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed