विधानसभा चुनाव : बवालियों से निपटेगी पुलिस की स्पेशल फोर्स, कमांडों की तरह प्रशिक्षित हो रहे 80 पुलिस वाले
मेरठ पुलिस लाइन में एक सप्ताह से 80 पुलिस वालों को स्पेशल प्रशिक्षण दिया जा रहा है। पुलिस का दावा है कि आगामी विधानसभा चुनाव से पहले वह एक ऐसी फोर्स तैयार कर रहे है, जोकि हर मोर्चे पर डटेंगे।
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विधानसभा चुनाव कराने की तैयारी में पुलिस लग गई है। चुनाव में बवालियों से निपटने के लिये पुलिस ने स्पेशल फोर्स तैयार की। पुलिस के 80 जवानों को हर तरह का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षित जवान दंगा, बवाल और मतदान केंदों पर बूथ कैप्चिंग रोकने के लिये टेंड किये जा रहे है। ये टीम 24 घंटे पुलिस लाइन में अलर्ट मोड पर रहेंगी। चुनाव से संबंधित किसी भी घटना की सूचना पर तत्काल मौके पर पहुंचेंगी। एएसपी की निगरानी में इनको टेंड किया जा रहा है।
पुलिस लाइन में एक सप्ताह से 80 पुलिस वालों को स्पेशल प्रशिक्षण दिया जा रहा है। उन्हें आंसू गोले, फायरिंग और दंगाईयों से निपटने की ट्रेनिंग दी जा रही है। पुलिस का दावा है कि आगामी विधानसभा चुनाव से पहले वह एक ऐसी फोर्स तैयार कर रहे है, जोकि हर मोर्चे पर डटेंगे। एसएसपी ने इन पुलिस वालों को ट्रेनिंग देने के लिये एएसपी विवेक यादव को लगाया है। बताया कि पुलिस लाइन में क्यूआरटी के अलावा 80 पुलिसकर्मियों की टीम लगेगी।
संवेदनशील इलाके की दी जानकारी दी
प्रशिक्षण में स्पेशल टीम को संवेदनशील इलाके की जानकारी भी दी गई है। ताकि वहां पर बवाल करने वाले लोगों को पहले से चिंहिंत कर लें। चुनाव या किसी भी हिंसा में उक्त लोगों की भूमिका दिखाई दें तो तुरंत यह फोर्स उसके खिलाफ एक्शन ले सके। जनपद की भौगोलिक स्थिति के बारे में उनको अवगत कराया जा रहा है। जिसके लिये कई जगह गाड़ियों से फोर्स को जायजा भी कराया।
थाने का रिकॉर्ड मांगा
चुनाव के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिये जिन लोगों के खिलाफ पूर्व में शांतिभंग, मुचलके पाबंद, जिला बदर समेत अन्य कार्रवाई की गई। यह टीम उनकी भी निगरानी करेगी। किसने और कैसे हिंसा कराई, इसका पुराना रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है। जिसको अधिकारी प्रशिक्षण के दौरान स्पेशल टीम को बताया जाएगा।
शूटिंग रेंज का स्थानीय लोगों ने किया विरोध
शूटिंग रेंज को लेकर स्थानीय लोगों ने नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा है कि सोफीपुर में लावड़ रोड पर बिल्डर मदन, बालेश्वर और पंकज की तरफ से कॉलोनी विकसित की जा रही है। अधिवक्ता अशोक कुमार चौहान ने आरोप लगाया है कि कॉलोनी की जमीन फायरिंग रेंज के दायरे में आती है। इसलिए वहां पर कॉलोनी विकसित नहीं की जा सकती है।
आरोप कि बिल्डरों ने विकास प्राधिकरण के अफसरों से मिलीभगत कर कॉलोनी विकसित की गई है, जो पूरी तरह से अवैध है। उनका कहना है कि सोफीपुर में पुलिस और सेना की फायरिंग होती रहती है, जिसके चलते वहां से गुजरने वाले लोगों के साथ बड़ा हादसा हो सकता है। उन्होंने एसएसपी से इस पूरे प्रकरण की जांच कर अवैध रूप से विकसित की गई कॉलोनी के निर्माण बन्द कराने मांग की है। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि मामला विकास प्राधिकरण से जुड़ा हुआ है। ऐसे में इसकी तहरीर को वहां भेज दिया गया है।