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Meerut News: छुर्र गांव के अनुभव ने जापान में जीता कांस्य पदक, लहराया तिरंगा
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पैरा खिलाड़ी अनुभव के पदक लाने पर छुर गांव में मिठाई बांटते रालोद नेता सुनील रोहटा
पैरा एशियन गेम्स में 100 मीटर दौड़ में जीता कांस्य, गांव में मना जश्न, मिठाई बांटी
रालोद नेता सुनील रोहटा के भांजे हैं अनुभव
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। पैरा एशियन गेम्स में मेरठ के छुर्र गांव के पैरा एथलीट अनुभव चौधरी ने भी कमाल का प्रदर्शन कर जापान में तिरंगा लहराया। उन्होंने प्रतियोगिता में 100 मीटर दौड़ में प्रतिभाग कर कांस्य पदक देश के नाम किया। अनुभव की जीत ने गांव में जश्न है।उनके मामा रालोद नेता सुनील रोहटा ने मिठाई बांटी। उन्होंने कहा कि वह 200 मीटर दौड़ में भी देश के लिए पदक लाएगा।
अनुभव चौधरी ने प्रतियोगिता में टी-35 श्रेणी में प्रतिभाग करते हुए 100 मीटर दौड़ को 12.72 सेकंड में पूरा किए और तीसरा स्थान प्राप्त कर कांस्य पदक जीता। अनुभव अभी 23 अक्तूबर को 200 मीटर दौड़ में भी प्रतिभाग करेंगे। इसमें भी सभी को उनसे पदक की उम्मीद है। बुधवार को पदक आने के बाद उनके नाना विजयपाल ने भी खुशी जताई। सुनील रोहटा ने गांव में पहुंचकर सभी को मिठाई बांटी और विजयपाल को बधाई दी। इससे पहले उन्होंने 2026 में नई दिल्ली में हुई इंटरनेशनल पैरा ग्रैंड प्रिक्स में 100 मीटर में कांस्य और 200 मीटर में रजत पदक जीता था।
बचपन से ही सेरेब्रल पाल्सी बीमारी से जूझ रहे थे अनुभव
अनुभव बचपन से भी सेरेब्रल पाल्सी बीमारी से जूझ रहे थे। जैसे-जैसे वह बड़े हुए उन्होंने अपनी इसी कमजोरी को अपनी ताकत बनाया। उन्होंने करीब 7 वर्ष पूर्व कैलाश प्रकाश स्पोर्ट्स स्टेडियम में खेलों में प्रशिक्षण लेना शुरू किए। यहां कोच गौरव त्यागी के नेतृत्व में उन्होंने अभ्यास लिया और कई प्रतियोगिता में पदक जीतकर मेरठ समेत पूरे प्रदेश का नाम रोशन किए। इसके बाद उन्होंने करीब तीन वर्ष पूर्व दिल्ली में जाकर कोच राहुल पंवार से प्रशिक्षण लेना शुरू किए। दिल्ली में प्रतिदिन 7 घंटे निरंतर अभ्यास से सफलता मिली।
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मां ने सपन में आकर दिया था आशीर्वाद : अनुभव
रालोद नेता सुनील रोहटा ने बताया कि कोरोना काल के कारण अनुभव की मां मुनेश का निधन हो गया था। इसके बाद वह अकेला पड़ गया था। इसके बाद उन्होंने और अनुभव के नाना विजयपाल ने उन्हें संभाला और खेलों में आगे बढ़ाया। नाना ने अनुभव को किसी भी चीज की कमी नहीं आने दी। इसी कारण आज अनुभव ने पदक जीता। अनुभव ने फोन पर बातचीत के दौरान सभी का धन्यवाद किए और उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता से एक दिन पूर्व उनकी मां ने भी सपने में आकर उन्हें आशीर्वाद दिया। इसी का नतीजा है कि वह पदक लेकर आए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दी बधाई
पैरा एशियन गेम्स में पदक लेने के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी सोशल मीडिया के माध्यम से सभी खिलाड़ियों को बधाई दी। उन्होंने पोस्ट करते हुए अनुभव, प्रीतिपाल, आयुष वर्मा का नाम लेकर उन्हें बधाई दी और कहा कि सरकार हमेशा से खेल और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने का कार्य कर रही है। खिलाड़ियों को किसी भी चीज की कमी नहीं आने दी जाएगी।
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रालोद नेता सुनील रोहटा के भांजे हैं अनुभव
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। पैरा एशियन गेम्स में मेरठ के छुर्र गांव के पैरा एथलीट अनुभव चौधरी ने भी कमाल का प्रदर्शन कर जापान में तिरंगा लहराया। उन्होंने प्रतियोगिता में 100 मीटर दौड़ में प्रतिभाग कर कांस्य पदक देश के नाम किया। अनुभव की जीत ने गांव में जश्न है।उनके मामा रालोद नेता सुनील रोहटा ने मिठाई बांटी। उन्होंने कहा कि वह 200 मीटर दौड़ में भी देश के लिए पदक लाएगा।
अनुभव चौधरी ने प्रतियोगिता में टी-35 श्रेणी में प्रतिभाग करते हुए 100 मीटर दौड़ को 12.72 सेकंड में पूरा किए और तीसरा स्थान प्राप्त कर कांस्य पदक जीता। अनुभव अभी 23 अक्तूबर को 200 मीटर दौड़ में भी प्रतिभाग करेंगे। इसमें भी सभी को उनसे पदक की उम्मीद है। बुधवार को पदक आने के बाद उनके नाना विजयपाल ने भी खुशी जताई। सुनील रोहटा ने गांव में पहुंचकर सभी को मिठाई बांटी और विजयपाल को बधाई दी। इससे पहले उन्होंने 2026 में नई दिल्ली में हुई इंटरनेशनल पैरा ग्रैंड प्रिक्स में 100 मीटर में कांस्य और 200 मीटर में रजत पदक जीता था।
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बचपन से ही सेरेब्रल पाल्सी बीमारी से जूझ रहे थे अनुभव
अनुभव बचपन से भी सेरेब्रल पाल्सी बीमारी से जूझ रहे थे। जैसे-जैसे वह बड़े हुए उन्होंने अपनी इसी कमजोरी को अपनी ताकत बनाया। उन्होंने करीब 7 वर्ष पूर्व कैलाश प्रकाश स्पोर्ट्स स्टेडियम में खेलों में प्रशिक्षण लेना शुरू किए। यहां कोच गौरव त्यागी के नेतृत्व में उन्होंने अभ्यास लिया और कई प्रतियोगिता में पदक जीतकर मेरठ समेत पूरे प्रदेश का नाम रोशन किए। इसके बाद उन्होंने करीब तीन वर्ष पूर्व दिल्ली में जाकर कोच राहुल पंवार से प्रशिक्षण लेना शुरू किए। दिल्ली में प्रतिदिन 7 घंटे निरंतर अभ्यास से सफलता मिली।
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मां ने सपन में आकर दिया था आशीर्वाद : अनुभव
रालोद नेता सुनील रोहटा ने बताया कि कोरोना काल के कारण अनुभव की मां मुनेश का निधन हो गया था। इसके बाद वह अकेला पड़ गया था। इसके बाद उन्होंने और अनुभव के नाना विजयपाल ने उन्हें संभाला और खेलों में आगे बढ़ाया। नाना ने अनुभव को किसी भी चीज की कमी नहीं आने दी। इसी कारण आज अनुभव ने पदक जीता। अनुभव ने फोन पर बातचीत के दौरान सभी का धन्यवाद किए और उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता से एक दिन पूर्व उनकी मां ने भी सपने में आकर उन्हें आशीर्वाद दिया। इसी का नतीजा है कि वह पदक लेकर आए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दी बधाई
पैरा एशियन गेम्स में पदक लेने के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी सोशल मीडिया के माध्यम से सभी खिलाड़ियों को बधाई दी। उन्होंने पोस्ट करते हुए अनुभव, प्रीतिपाल, आयुष वर्मा का नाम लेकर उन्हें बधाई दी और कहा कि सरकार हमेशा से खेल और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने का कार्य कर रही है। खिलाड़ियों को किसी भी चीज की कमी नहीं आने दी जाएगी।

पैरा खिलाड़ी अनुभव के पदक लाने पर छुर गांव में मिठाई बांटते रालोद नेता सुनील रोहटा