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Meerut News: फर्जी नोटरी बनाकर दुकानें किराए पर देने का आरोप, 14 साल बाद एफआईआर

Sat, 13 Jun 2026 10:12 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sat, 13 Jun 2026 10:12 PM IST
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Accusation of renting out shops using forged notary documents; FIR lodged after 14 years.
-- एक ही दिन हरियाणा में तैयार की पावर अटॉर्नी और मेरठ में शपथ पत्र
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-- न्यायालय के आदेश पर सदर बाजार थाना पुलिस ने दर्ज की प्राथमिकी
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। सदर बाजार के ढोलकी मोहल्ला निवासी दिनेश गोयल (70) का आरोप है कि उनकी तिलक पार्क स्थित दुकानों की छत का इस्तेमाल करने के नाम पर धोखाधड़ी कर ली गई। छत के उपयोग के नाम पर उनसे पावर ऑफ अटॉर्नी (मुख्तारनामा) कराई गई और फर्जी नोटरी तैयार कर उनकी दुकानें किराये पर उठाकर पगड़ी और किराया वसूला गया। इस मामले में 14 साल बाद न्यायालय के आदेश पर सदर बाजार थाने में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की गई है।
दिनेश गोयल का कहना है कि वह तिलक पार्क सदर बाजार स्थित प्रथम तल की तीन और द्वितीय तल की 13 दुकानों के स्वामी हैं। वर्ष 2011 में जुबली गंज निवासी जवाहर लाल साहू और पटेल पुरी निवासी सुभाष शाह ने उनसे संपर्क किया था। उन्होंने तृतीय तल की छत के सीमित उपयोग के लिए दस्तावेज मांगे थे। 23 दिसंबर 2011 को आरोपी उन्हें हरियाणा के राजौंद ले गए। यहां उन्होंने पंजीकृत मुख्तारनामा में तृतीय तल की छत के बजाय प्रथम और द्वितीय तल की दुकानें भी शामिल करा लीं। उन्होंने स्वामित्व हस्तांतरण से इन्कार किया गया था। दिनेश गोयल का कहना है कि इसी तिथि में मेरठ में एक फर्जी नोटरी भी तैयार किया गया। जबकि एक ही दिन हरियाणा से यहां आकर नोटरी करना संभव नहीं है।
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इसका पता चलने पर उन्होंने 12 अगस्त 2014 को उन्होंने मुख्तारनामा निरस्त करा दिया। इसकी सूचना आरोपियों को पंजीकृत कानूनी नोटिस द्वारा भेजी गई। इसके बावजूद जवाहर लाल साहू और सुभाष शाह ने अन्य आरोपियों के साथ मिलकर दुकानों पर अवैध कब्जा कर लिया। उन्होंने नए किराएदार बसा दिए और किराया व पगड़ी की 50 लाख रुपये से अधिक की धनराशि वसूली। उन्होंने 07 जून 2023 और 25 अप्रैल 2026 को सदर थाना और एसएसपी को शिकायत की। कार्रवाई न होने पर उन्होंने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले का कहना है कि कोर्ट के आदेश पर इस मामले में संबंधित धाराओ में प्राथमिकी दर्ज की गई है। साक्ष्यों और जांच के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
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