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बस में हर ओर खून, मची थी चीख-पुकार
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ
Updated Mon, 21 Mar 2016 02:31 AM IST
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मेरठ के बहसूमा में हादसे के बाद मौके पर जमा भीड़।
- फोटो : अमर उजाला
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रोडवेज बस और कंटेनर की भिड़ंत के बाद ही चीख पुकार मच गई। हादसा इतना भयावह था बस में खून के ही निशान दिखाई पड़ रहे थे। घायलों की चीख पुकार ने आसपास के खेतों में काम कर रहे लोग और बाईपास से जा रहे राहगीर वहीं रुक गए।
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हादसे की सूचना के करीब 20 मिनट बाद जब एसओ बहसूमा के अलावा मवाना थाने की पुलिस मौके पर पहुंची तो पुलिस के भी पसीने छूट गए। खून से लथपथ घायल बिलख रहे थे। पुलिस घायलों को मेडिकल कॉलेज गई। जहां डॉक्टरों ने पांच लोगों को मृत घोषित कर दिया।
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सड़क हादसे में अपनों के मारे जाने की खबर मिलते ही परिवार के लोगों में कोहराम मच गया। मेडिकल कॉलेज में इमरजेंसी से लेकर पोस्टमार्टम हाउस तक चीख पुकार मची हुई थी। 40 वर्षीय नफीसा के शव को देखकर परिवार की महिलाएं मोर्चरी पर बेहोश हो गईं। वहीं अरविंद के शव का तो यह हाल था कि परिवार के लोगों को पहचाना भी मुश्किल हो रहा था।
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पलक झपकते ही हुआ हादसा
बस में सवार इस्लाम अली को मामूली चोट लगी है। मोर्चरी पर उन्होंने बताया कि वह अपनी पत्नी नफीसा के साथ बैठे हुए थे। पलक झपकते ही हादसा हुआ और धमाके की आवाज सुनी। कुछ देर तक तो समझ ही नहीं आया कि आखिर क्या हो गया। पत्नी की मौत को अपनी आंखाें से देखने वाले इस्लाम का कहना है कि उन्हें नहीं पता था कि ऐसा भी दिन देखना पड़ेगा।
बीस दिन पहले हुई थी पिता की मौत
मोर्चरी पर शवों का पंचनामा भरने वाले एसआई राजेंद्र ओजस्वी ने बताया कि अरविंद मेरठ में परीक्षा देने आ रहा था। परिवार के अन्य लोगों ने बताया कि बीस दिन पूर्व ही उसके पिता की करंट लगने से मौत हो गई थी।
बस का एक हिस्सा हो गया अलग
पुलिस का कहना है कंटेनर की रफ्तार इतनी तेज थी बस की एक साइड को आगे से पीछे तक पूरी तरह से क्षतिग्रस्त कर दिया। जिसके बाद भी कंटेनर नहीं रुका।