{"_id":"5c54afd0bdec2217f5587b06","slug":"51549053904-meerut-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"देश में लगातार बढ़ रहे अवसाद के रोगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
देश में लगातार बढ़ रहे अवसाद के रोगी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देश में लगातार बढ़ रहे अवसाद के रोगी
मेरठ। आईएमए के वरिष्ठ डाक्टरों द्वारा संजीवनी महिला संस्था द्वारा जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें उच्च रक्तचाप, अवसाद और रजोनिवृत्ति पर विस्तार से चर्चा हुई।
डॉ. शिशिर जैन ने कहा कि अत्यंत मानसिक तनाव, व्यस्तता, आधुनिकीकरण व असंतुष्टी के कारण भारत में अवसाद के रोगी लगातार बढ़ रहे हैं। अब यह एक ज्वलंत सामाजिक समस्या बनती जा रही है। बच्चे में किसी प्रकार की दिनचर्या या व्यवहार या परिवर्तन होना भी अवसाद का लक्षण है। जिसे गंभीरता से लेना चाहिए। वहीं डॉ. संदीप जैन ने उच्च रक्तचाप के कारण, बचाव व इलाज संबंधित जानकारी दी। परिवार के सदस्यों को आपस में एक दूसरे से संवाद रखना चाहिए तथा बीपी की समस्या आने पर विशेषज्ञ चिकित्सक को दिखाना चाहिए।
डॉ. अनुपमा सिरोही ने कहा कि रजोनिवृत्ति में महिलाओं के लिए एक विकट समस्या है। जिसका सावधानी से सामना करने से इलाज आसानी से किया जा सकता है। चिकित्सकों ने मौजूद लोगों के सवालों के जवाब भी दिए। संजीवनी महिला संस्था की निशि जैन ने सभी का आभार जताया।
विज्ञापन
विज्ञापन
मेरठ। आईएमए के वरिष्ठ डाक्टरों द्वारा संजीवनी महिला संस्था द्वारा जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें उच्च रक्तचाप, अवसाद और रजोनिवृत्ति पर विस्तार से चर्चा हुई।
डॉ. शिशिर जैन ने कहा कि अत्यंत मानसिक तनाव, व्यस्तता, आधुनिकीकरण व असंतुष्टी के कारण भारत में अवसाद के रोगी लगातार बढ़ रहे हैं। अब यह एक ज्वलंत सामाजिक समस्या बनती जा रही है। बच्चे में किसी प्रकार की दिनचर्या या व्यवहार या परिवर्तन होना भी अवसाद का लक्षण है। जिसे गंभीरता से लेना चाहिए। वहीं डॉ. संदीप जैन ने उच्च रक्तचाप के कारण, बचाव व इलाज संबंधित जानकारी दी। परिवार के सदस्यों को आपस में एक दूसरे से संवाद रखना चाहिए तथा बीपी की समस्या आने पर विशेषज्ञ चिकित्सक को दिखाना चाहिए।
विज्ञापन
डॉ. अनुपमा सिरोही ने कहा कि रजोनिवृत्ति में महिलाओं के लिए एक विकट समस्या है। जिसका सावधानी से सामना करने से इलाज आसानी से किया जा सकता है। चिकित्सकों ने मौजूद लोगों के सवालों के जवाब भी दिए। संजीवनी महिला संस्था की निशि जैन ने सभी का आभार जताया।
विज्ञापन