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एप के जरिए होगा परीक्षा केंद्रों की दूरी का निर्धारण
Updated Thu, 09 Aug 2018 02:40 AM IST
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यूपी बोर्ड-2019
एप के जरिए होगा परीक्षा केंद्रों की दूरी का निर्धारण
मेरठ। माध्यमिक शिक्षा बोर्ड उत्तर प्रदेश ने वर्ष 2019 में होने वाली हाईस्कूल और इंटर की परीक्षाओं के लिए परीक्षा केंद्र बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। परीक्षा केंद्रों के लिए होने वाले ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तारीख 16 अगस्त तय की गई है। यूपी बोर्ड के मोबाइल एप के जरिए परीक्षा केंद्रों की दूरी का निर्धारण किया जाएगा।
बोर्ड द्वारा प्रधानाचार्यों की यह जिम्मेदारी तय की गई है कि वह एप को अपने फोन में डाउनलोड करें और इसके लिए अपने स्कूल की खुद मैपिंग करें। जिससे दूरी का निर्धारण हो सकेगा। परीक्षा केंद्रों का निर्धारण कंप्यूटर द्वारा ऑनलाइन कराया जाएगा। इसके बाद विद्यालयों का भौतिक सत्यापन होगा। बोर्ड ने विद्यालयों से इस संबंध में 22 बिंदुओं पर रिपोर्ट मांगी है।
परीक्षा केंद्रों का निर्धारण संपर्क मार्ग से पांच, आठ और 12 किलोमीटर की परिधि में निर्धारित करने के लिए कोड्स और नाम भरने होंगे। जरूरत केहिसाब से 20 किलोमीटर की परिधि वाले विद्यालय भी शामिल किए जा सकते हैं। यह भी जानकारी देनी होगी कि विद्यालय की धारण क्षमता कितनी है। परीक्षा देने के लिए एक विद्यार्थी को 20 वर्ग फीट का क्षेत्रफल निर्धारित किया गया है। विद्यालय में अग्निशमन उपकरण हैं या नहीं, वाहन जाने की सुविधा है या नहीं यह जानकारी भी उपलब्ध करानी होगी।
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जिला विद्यालय निरीक्षक गिरजेश चौधरी ने बताया कि जिन विद्यालयों में चाहरदीवारी नहीं होगी, वहां परीक्षा केंद्र नहीं बनाए जाएंगे। सीसीटीवी कैमरे, पेयजल व्यवस्था और शौचालय भी जरूरी हैं। ऐसे विद्यालयों की भी सूचना देनी होगी जिनमें प्रबंध तंत्र का विवाद चल रहा है।
आवेदन किए जाएंगे निरस्त
ऐसे विद्यार्थी जो विद्यालय के छात्र नहीं हैं या उन्होंने नौवीं या 11वीं दूसरे विद्यालय से की है, उनके आवेदन करने से पहले प्रधानाचार्य को जिला विद्यालय निरीक्षक से अनुमति लेनी होगी। जिन विद्यार्थियों के आवेदन बिना डीआईओएस की अनुमति के कर दिए जाएंगे, ऐसे विद्यार्थियों को अमान्य श्रेणी में माना जाएगा।
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एप के जरिए होगा परीक्षा केंद्रों की दूरी का निर्धारण
मेरठ। माध्यमिक शिक्षा बोर्ड उत्तर प्रदेश ने वर्ष 2019 में होने वाली हाईस्कूल और इंटर की परीक्षाओं के लिए परीक्षा केंद्र बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। परीक्षा केंद्रों के लिए होने वाले ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तारीख 16 अगस्त तय की गई है। यूपी बोर्ड के मोबाइल एप के जरिए परीक्षा केंद्रों की दूरी का निर्धारण किया जाएगा।
बोर्ड द्वारा प्रधानाचार्यों की यह जिम्मेदारी तय की गई है कि वह एप को अपने फोन में डाउनलोड करें और इसके लिए अपने स्कूल की खुद मैपिंग करें। जिससे दूरी का निर्धारण हो सकेगा। परीक्षा केंद्रों का निर्धारण कंप्यूटर द्वारा ऑनलाइन कराया जाएगा। इसके बाद विद्यालयों का भौतिक सत्यापन होगा। बोर्ड ने विद्यालयों से इस संबंध में 22 बिंदुओं पर रिपोर्ट मांगी है।
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परीक्षा केंद्रों का निर्धारण संपर्क मार्ग से पांच, आठ और 12 किलोमीटर की परिधि में निर्धारित करने के लिए कोड्स और नाम भरने होंगे। जरूरत केहिसाब से 20 किलोमीटर की परिधि वाले विद्यालय भी शामिल किए जा सकते हैं। यह भी जानकारी देनी होगी कि विद्यालय की धारण क्षमता कितनी है। परीक्षा देने के लिए एक विद्यार्थी को 20 वर्ग फीट का क्षेत्रफल निर्धारित किया गया है। विद्यालय में अग्निशमन उपकरण हैं या नहीं, वाहन जाने की सुविधा है या नहीं यह जानकारी भी उपलब्ध करानी होगी।
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जिला विद्यालय निरीक्षक गिरजेश चौधरी ने बताया कि जिन विद्यालयों में चाहरदीवारी नहीं होगी, वहां परीक्षा केंद्र नहीं बनाए जाएंगे। सीसीटीवी कैमरे, पेयजल व्यवस्था और शौचालय भी जरूरी हैं। ऐसे विद्यालयों की भी सूचना देनी होगी जिनमें प्रबंध तंत्र का विवाद चल रहा है।
आवेदन किए जाएंगे निरस्त
ऐसे विद्यार्थी जो विद्यालय के छात्र नहीं हैं या उन्होंने नौवीं या 11वीं दूसरे विद्यालय से की है, उनके आवेदन करने से पहले प्रधानाचार्य को जिला विद्यालय निरीक्षक से अनुमति लेनी होगी। जिन विद्यार्थियों के आवेदन बिना डीआईओएस की अनुमति के कर दिए जाएंगे, ऐसे विद्यार्थियों को अमान्य श्रेणी में माना जाएगा।