फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   एसआईटी ने माना मेरठ में डाला जा रहा था राशन पर डाका

एसआईटी ने माना मेरठ में डाला जा रहा था राशन पर डाका

Fri, 30 Mar 2018 02:31 AM IST
Updated Fri, 30 Mar 2018 02:31 AM IST
विज्ञापन
एसआईटी ने माना मेरठ में डाला जा रहा था राशन पर डाका
मेरठ। भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी की शिकायत पर गठित की गई एसआईटी की जांच में मेरठ के 7.50 लाख राशन कार्डों में 58 फीसदी राशन कार्ड फर्जी मिले हैं। इन राशन कार्डों पर जिला आपूर्ति विभाग और राशन डीलर लोगों के राशन पर डाका डाल रहे थे। मामले में तत्कालीन डीसीओ और सप्लाई इंस्पेक्टर समेत 80 से अधिक लोगों को आरोपी बनाया गया है। लक्ष्मीकांत वाजपेयी की शिकायत पर शासन ने एसआईटी का गठन किया था। तीन महीने तक डेरा डालकर एसआईटी ने पूरे मामले की जांच की थी।
विज्ञापन

टीम ने सभी राशन कार्डों की जांच के साथ ही खाद्य आपूर्ति अभिलेखों को देखा था। इसके साथ ही फर्जी कार्ड धारकों को भी सत्यापित करने के लिए इलाकों में भ्रमण किया था। इसके अलावा डीलरों के बारे में फीडबैक आदि लिया गया था। पूरे मामले की जांच एक पखवाड़ा पूर्व ही खत्म हुई थी। वाजपेयी का कहना था कि जिला आपूर्ति विभाग फर्जी कार्डों के आधार पर करोड़ों रुपये का राशन खा रहा है। पात्र लोगों को राशन न मिलकर डीलरों और अधिकारियों की जेबें भरी जा रही हैं। बृहस्पतिवार को एसआईटी की जांच में 58 फीसदी राशन कार्ड फर्जी होने का खुलासा होने पर विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed