फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   जूते-मौजे उतारकर दी परीक्षा, नकल रोकने को सख्त इंतजाम

जूते-मौजे उतारकर दी परीक्षा, नकल रोकने को सख्त इंतजाम

Wed, 14 Mar 2018 01:48 AM IST
Updated Wed, 14 Mar 2018 01:48 AM IST
विज्ञापन
जूते-मौजे उतारकर दी परीक्षा, नकल रोकने को सख्त इंतजाम
सख्ती में परीक्षा, गेट पर उतरवा लिए जूते-मौजे
विज्ञापन

मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय की मुख्य परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो गईं। शासन के सख्त निर्देश के बाद कई कॉलेजों में जूते-मौजे पहनकर पहुंचे छात्रों को प्रवेश नहीं दिया गया। गेट पर जूते उतरवाने के बाद छात्रों को नंगे पैर क्लास में परीक्षा देनी पड़ी। कॉलेजों के सचल दस्तों के साथ विश्वविद्यालय में बनाए गए छह सचल दस्तों ने कॉलेजों में औचक निरीक्षण किया। कंट्रोल रूम से सीसीटीवी कैमरों के जरिये कॉलेजों पर नजर रखी गई।
मेरठ और सहारनपुर मंडल के नौ जिलों के कॉलेजों में मंगलवार को फाउंडेशन कोर्स ए-009 की परीक्षा दो पालियों में हुई। रेग्युलर छात्र-छात्राओं की परीक्षा दोपहर 11 बजे से 1 बजे तक और प्राइवेट छात्र-छात्राओं की परीक्षा तीन बजे से पांच बजे तक हुई। फाउंडेशन का पेपर दो घंटे का रहा। ओएमआर शीट के जरिये छात्रों ने पेपर दिया। 244 सेंटरों पर हुई परीक्षा के लिए नकल रोकने के लिए सख्त कदम उठाए गए। कई कॉलेजों में छात्रों के जूते-मौजे उतरवाने के बाद ही उनको इंट्री दी गई। डीएन कॉलेज में प्राचार्य डॉ. बीएस यादव खुद शिक्षकों के साथ गेट पर चेकिंग में जुटे रहे। सर छोटूराम कॉलेज में बनाए गए कंट्रोल रूम से सीसीटीवी कैमरों के जरिए सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों की निगरानी की गई। इसके लिए 18 कर्मचारियों को ड्यूटी पर लगाया गया था। परीक्षा नियंत्रक नारायण प्रसाद के मुताबिक किसी भी सेंटर पर कोई समस्या सामने नहीं आई। मंगलवार को फाउंडेशन का पेपर होने से कहीं कोई समस्या नहीं आई। बुधवार से कई विषयों के पेपर हैं।
विज्ञापन


चप्पल पहनकर आएं छात्र-छात्राएं
कॉलेजों की गाइड लाइन के बाद भी मंगलवार को छात्र-छात्राएं बैग आदि लेकर पहुंचे। ऐसे में सभी कॉलेजों के प्राचार्यों ने स्पष्ट कर दिया है कि छात्र-छात्राएं बैग आदि नहीं लेकर आएं। इसके साथ ही जो किट ला रहे हैं वो ट्रांसपेरेंट हो। कनोहरलाल गर्ल्स कॉलेज, इस्माईल कॉलेज, डीएन कॉलेज और एनएएस कॉलेज के प्राचार्यों ने स्पष्ट कर दिया है कि छात्रों के साथ ही छात्राएं भी चप्पल पहनकर आएं।
विज्ञापन
विज्ञापन


कुलपति के आदेश से ऊपर हुए 30 कॉलेज
परीक्षा के लिए 244 सेंटर बनाए गए हैं। इनमें 66 राजकीय और एडेड कॉलेज हैं। इनको छोड़कर बाकी 188 सेंटर सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों में बनाए गए हैं। इन सभी कॉलेजों को सीसीटीवी कैमरे लगवाने के निर्देश दिए गए थे। इनसे सीसीटीवी का डीवीआर लिंक मांगा गया था। जिसके बाद सर छोटूराम कॉलेज में बने कंट्रोल रूम से इन पर नजर रखी जा रही है। मंगलवार तक भी 30 के करीब कॉलेजों ने डीवीआर लिंक नहीं कराया है। कंट्रोल रूम इंचार्ज डॉ. रूप नारायण ने बताया कि बुधवार तक जो कॉलेज डीवीआर लिंक नहीं कराएंगे उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इनके सेंटर भी निरस्त किए जा सकते हैं। कल की सूचना पर उड़न दस्ते तुरंत कुलपति को सूचना देंगे। ये भी तब है जबकि कुलपति प्रो. एनके तनेजा स्पष्ट कह चुके हैं कि परीक्षा में कोई भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

खास बातें:
सीसीएसयू की मुख्य परीक्षाएं शुरू, नकल रोकने के लिए उठाए सख्त कदम
करीब एक लाख छात्र-छात्राओं ने दी परीक्षा
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed