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पॉलीथिन प्रतिबंध पर बैठक
Updated Sat, 14 Jul 2018 02:16 AM IST
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15 जुलाई से जिले में पॉलिथीन पर प्रतिबंध
मेरठ। शासन के निर्देश पर प्रदेश में 15 जुलाई से पॉलिथीन पर प्रतिबंध लग जाएगा। इस संबंध में शुक्रवार को डीएम अनिल ढींगरा और एसएसपी राजेश कुमार पांडेय ने पुलिस लाइन में व्यापारियों के साथ बैठक कर आवश्यक निर्देश दिए।
डीएम ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ द्वारा प्रदेश को पॉलिथीन मुक्त करने निर्णय लिया गया है। इस दौरान उन्होंने पॉलिथीन का प्रयोग न करने के लिए संकल्प भी दिलाया। कहा कि कपडे़, जूट के थैले व कागज के लिफ ाफ ों का प्रयोग करें। डीएम ने कहा कि किसी भी व्यापारी का अनावश्यक उत्पीड़न नहीं होगा। लेकिन शासन के निर्देशों का उल्लंघन नहीं होने दिया जाएगा। पॉलिथीन उत्पादन बंद कराकर उसकी बिक्री पर रोक लगाई जाएगी।
डीएम ने कहा कि इसकी शुरुआत अपने घर व कार्यालयों से करें तथा अन्य लोगों को इसके नुकसान की जानकारी दें। प्रथम चरण में 15 जुलाई से सिर्फ 50 माइक्रॉन तक की पॉलिथीन प्रतिबंधित किया जाना है। दूसरे चरण में 15 अगस्त से प्लास्टिक व थर्माकॉल से बनी थाली, कप, प्लेट, कटोरी, गिलास आदि का प्रयोग बंद होगा। तीसरे चरण में 2 अक्टूबर से प्रदेश में सभी तरह की प्लास्टिक को प्रतिबंधित कर दिया जाएगा। स्कूल कॉलेजों के बच्चों को भी जागरूक किया जाएगा। डीएम ने कहा कि जिले में करीब 62 उत्पादन यूनिट व टेड्रर्स हैं, जिनकी अलग से बैठक बुलाई जाएगी। पहली बार पॉलिथीन इस्तेमाल का उल्लंघन करने पर 500 रुपये का जुर्माना तथा दूूसरी बार उल्लंघन करने पर एक हजार जुर्माने के साथ जेल का प्राविधान होगा।
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1990 के बाद बढ़ा पॉलिथीन का प्रचलन
एसएसपी राजेश कुमार पांडेय ने कहा कि वर्ष 1990 से पहले पॉलिथीन का प्रचलन नहीं था। 1986 में पुलिस विभाग में आने से पहले वह कपड़े के थैलों में घरेलू सामान लाते थे। दूध पहले कांच की बोतल में आता था, फिर प्लास्टिक और बाद में पॉलिथीन में आना शुरू हो गया। इसके लिए व्यापारी वर्ग ही नहीं हम भी जिम्मेदार हैं। खरीददारी करने घर से खाली हाथ जाना हमारी आदत बन गई है। एसएसपी ने कहा कि शनिवार को उत्पादकों की मीटिंग बुलाई गई है। नगर आयुक्त मनोज कुमार चौहान ने कहा कि पॉलिथीन का प्रयोग बंद कराने के लिए 90 वार्डों में मजिस्ट्रेटों के साथ टीम गठित कर लोगों को जागरूक किया जाएगा।
इस दौरान एडीएम सिटी मुकेश चंद्र, एमडीए सचिव राजकुमार, एसपी सिटी रणविजय सिंह, एसपी देहात राजेश कुमार, एएसपी सतपाल सिंह, नगर मजिस्ट्रेट शैलेंद्र कुमार सिंह, एसडीएम सदर निशा अनंत, एसीएम राकेश कुमार सिंह, अपर नगर आयुक्त एएच कर्नी, नितिन मदान, वीके कौशल, जिला उद्योग केंद्र और प्रदूषण विभाग के अधिकारियों के अलावा सीओ दिनेश शुक्ला, सीओ श्रीराम अर्ज, सीओ अखिलेश भदौरिया, सीओ पंकज सिंह, सीओ चक्रपाणि त्रिपाठी, संयुक्त व्यापार संघ के अध्यक्ष नवीन गुप्ता, महामंत्री अरुण वशिष्ठ, विपुल सिंघल, ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन से गौरव शर्मा, कमल ठाकुर, एसके शर्मा और एनजीओ के सदस्य मौजूद रहे।
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मेरठ। शासन के निर्देश पर प्रदेश में 15 जुलाई से पॉलिथीन पर प्रतिबंध लग जाएगा। इस संबंध में शुक्रवार को डीएम अनिल ढींगरा और एसएसपी राजेश कुमार पांडेय ने पुलिस लाइन में व्यापारियों के साथ बैठक कर आवश्यक निर्देश दिए।
डीएम ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ द्वारा प्रदेश को पॉलिथीन मुक्त करने निर्णय लिया गया है। इस दौरान उन्होंने पॉलिथीन का प्रयोग न करने के लिए संकल्प भी दिलाया। कहा कि कपडे़, जूट के थैले व कागज के लिफ ाफ ों का प्रयोग करें। डीएम ने कहा कि किसी भी व्यापारी का अनावश्यक उत्पीड़न नहीं होगा। लेकिन शासन के निर्देशों का उल्लंघन नहीं होने दिया जाएगा। पॉलिथीन उत्पादन बंद कराकर उसकी बिक्री पर रोक लगाई जाएगी।
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डीएम ने कहा कि इसकी शुरुआत अपने घर व कार्यालयों से करें तथा अन्य लोगों को इसके नुकसान की जानकारी दें। प्रथम चरण में 15 जुलाई से सिर्फ 50 माइक्रॉन तक की पॉलिथीन प्रतिबंधित किया जाना है। दूसरे चरण में 15 अगस्त से प्लास्टिक व थर्माकॉल से बनी थाली, कप, प्लेट, कटोरी, गिलास आदि का प्रयोग बंद होगा। तीसरे चरण में 2 अक्टूबर से प्रदेश में सभी तरह की प्लास्टिक को प्रतिबंधित कर दिया जाएगा। स्कूल कॉलेजों के बच्चों को भी जागरूक किया जाएगा। डीएम ने कहा कि जिले में करीब 62 उत्पादन यूनिट व टेड्रर्स हैं, जिनकी अलग से बैठक बुलाई जाएगी। पहली बार पॉलिथीन इस्तेमाल का उल्लंघन करने पर 500 रुपये का जुर्माना तथा दूूसरी बार उल्लंघन करने पर एक हजार जुर्माने के साथ जेल का प्राविधान होगा।
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1990 के बाद बढ़ा पॉलिथीन का प्रचलन
एसएसपी राजेश कुमार पांडेय ने कहा कि वर्ष 1990 से पहले पॉलिथीन का प्रचलन नहीं था। 1986 में पुलिस विभाग में आने से पहले वह कपड़े के थैलों में घरेलू सामान लाते थे। दूध पहले कांच की बोतल में आता था, फिर प्लास्टिक और बाद में पॉलिथीन में आना शुरू हो गया। इसके लिए व्यापारी वर्ग ही नहीं हम भी जिम्मेदार हैं। खरीददारी करने घर से खाली हाथ जाना हमारी आदत बन गई है। एसएसपी ने कहा कि शनिवार को उत्पादकों की मीटिंग बुलाई गई है। नगर आयुक्त मनोज कुमार चौहान ने कहा कि पॉलिथीन का प्रयोग बंद कराने के लिए 90 वार्डों में मजिस्ट्रेटों के साथ टीम गठित कर लोगों को जागरूक किया जाएगा।
इस दौरान एडीएम सिटी मुकेश चंद्र, एमडीए सचिव राजकुमार, एसपी सिटी रणविजय सिंह, एसपी देहात राजेश कुमार, एएसपी सतपाल सिंह, नगर मजिस्ट्रेट शैलेंद्र कुमार सिंह, एसडीएम सदर निशा अनंत, एसीएम राकेश कुमार सिंह, अपर नगर आयुक्त एएच कर्नी, नितिन मदान, वीके कौशल, जिला उद्योग केंद्र और प्रदूषण विभाग के अधिकारियों के अलावा सीओ दिनेश शुक्ला, सीओ श्रीराम अर्ज, सीओ अखिलेश भदौरिया, सीओ पंकज सिंह, सीओ चक्रपाणि त्रिपाठी, संयुक्त व्यापार संघ के अध्यक्ष नवीन गुप्ता, महामंत्री अरुण वशिष्ठ, विपुल सिंघल, ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन से गौरव शर्मा, कमल ठाकुर, एसके शर्मा और एनजीओ के सदस्य मौजूद रहे।