{"_id":"5b4f638f4f1c1b0c718b4bb7","slug":"15319294834-sardana-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोतवाली के सामने केयर डायग्नेस्टिक अल्ट्रासाउंड सेंटर जांच टीम ने शील किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोतवाली के सामने केयर डायग्नेस्टिक अल्ट्रासाउंड सेंटर जांच टीम ने शील किया
Updated Wed, 18 Jul 2018 09:28 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सरधना। कस्बे में कोतवाली के सामने केयर डायग्नोस्टिक सेंटर स्थित है। स्वास्थ्य की पीसीपीएनडीटी टीम ने शिकायत मिलने पर बुधवार को यहां पर छापा मारा। बताया कि जिस डॉक्टर को अल्ट्रासाउंड का संचालक रिकार्ड में दर्शाया है। वह सेंटर पर नहीं आता है बल्कि अन्य व्यक्ति इसको संचालित कर रहा है। साथ ही मानकों को ताक पर रखकर कन्या भ्रूण हत्या जैसी घटनाओं को बढ़ावा देने के मामले भी सामने आ रहे हैं। पीसीपीएनडीटी टीम को अल्ट्रासाउंड के जरिए भ्रूण जांच की शिकायत मिली। टीम ने यहां पहुंचकर अल्ट्रासाउंड मशीन को सील कर दिया है।
मेरठ से स्वास्थ्य विभाग की पीसीपीएनडीटी टीम दोपहर में कोतवाली के सामने स्थित केयर डायग्नोस्टिक सेंटर पहुंची। टीम में पीसीपीएनडीटी के प्रभारी डॉ. जीके मिश्रा, सहायक प्रभारी चंद्रहास झा, एसडीएम अमित कुमार भारतीय, सीएचसी प्रभारी श्रीराम प्रेमी ने शिकायत पर छापा मारा। इस दौरान स्थानीय पुलिस भी मौजूद रही। जांच के दौरान टीम को कई महिलाएं अल्ट्रासाउंड सेंटर के अंदर मिलीं। ये जांच कराने के लिए आई हुई थीं। इस दौरान अल्ट्रासाउंड कर रहा व्यक्ति टीम को देखते ही खिसक गया। टीम को मौके पर न तो केंद्र संचालक मिला और न ही जिस चिकित्सक के नाम से अल्ट्रासाउंड सेंटर की अनुमति है वह मिल सका। इसके बाद टीम ने महिलाओं से भी जानकारी ली और अल्ट्रासाउंड मशीन को सील कर दिया। टीम प्रभारी डॉ. जीके मिश्रा ने बताया कि इस तरह के अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर लिंग परीक्षण कर कन्या भ्रूण जैसी घटनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है। इस मामले में संचालक और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान नगर के अन्य अल्ट्रासाउंड संचालकों में भी हड़कंप मचा रहा। टीम ने अल्ट्रासाउंड सेंटर को सील कर दिया है।
कोतवाली के सामने चल रहा धंधा
कोतवाली के ठीक सामने यह सेंटर चलाया जा रहा है। इस बारे पुलिस को भनक नहीं लगी या जानबूझकर इसे संज्ञान में नहीं लिया गया। ये दोनों ही वजह लापरवाही की श्रेणी में आती हैं। पुलिस इस मामले क्यों अनजान बनी रही। यह चर्चा का विषय बना हुआ है।
विज्ञापन
मुख्य बातें
कस्बे में कोतवाली के सामने स्थित केयर डायग्नोस्टिक सेंटर की अल्ट्रासाउंड मशीन सील की
टीम को देखते ही अल्ट्रासाउंड सील कर रहा व्यक्ति खिसक गया
विज्ञापन
मेरठ से स्वास्थ्य विभाग की पीसीपीएनडीटी टीम दोपहर में कोतवाली के सामने स्थित केयर डायग्नोस्टिक सेंटर पहुंची। टीम में पीसीपीएनडीटी के प्रभारी डॉ. जीके मिश्रा, सहायक प्रभारी चंद्रहास झा, एसडीएम अमित कुमार भारतीय, सीएचसी प्रभारी श्रीराम प्रेमी ने शिकायत पर छापा मारा। इस दौरान स्थानीय पुलिस भी मौजूद रही। जांच के दौरान टीम को कई महिलाएं अल्ट्रासाउंड सेंटर के अंदर मिलीं। ये जांच कराने के लिए आई हुई थीं। इस दौरान अल्ट्रासाउंड कर रहा व्यक्ति टीम को देखते ही खिसक गया। टीम को मौके पर न तो केंद्र संचालक मिला और न ही जिस चिकित्सक के नाम से अल्ट्रासाउंड सेंटर की अनुमति है वह मिल सका। इसके बाद टीम ने महिलाओं से भी जानकारी ली और अल्ट्रासाउंड मशीन को सील कर दिया। टीम प्रभारी डॉ. जीके मिश्रा ने बताया कि इस तरह के अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर लिंग परीक्षण कर कन्या भ्रूण जैसी घटनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है। इस मामले में संचालक और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान नगर के अन्य अल्ट्रासाउंड संचालकों में भी हड़कंप मचा रहा। टीम ने अल्ट्रासाउंड सेंटर को सील कर दिया है।
विज्ञापन
कोतवाली के सामने चल रहा धंधा
कोतवाली के ठीक सामने यह सेंटर चलाया जा रहा है। इस बारे पुलिस को भनक नहीं लगी या जानबूझकर इसे संज्ञान में नहीं लिया गया। ये दोनों ही वजह लापरवाही की श्रेणी में आती हैं। पुलिस इस मामले क्यों अनजान बनी रही। यह चर्चा का विषय बना हुआ है।
विज्ञापन
मुख्य बातें
कस्बे में कोतवाली के सामने स्थित केयर डायग्नोस्टिक सेंटर की अल्ट्रासाउंड मशीन सील की
टीम को देखते ही अल्ट्रासाउंड सील कर रहा व्यक्ति खिसक गया