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नेशनल हाईवे को अधिकारियों ने कराया कब्जामुक्त
Updated Sun, 18 Mar 2018 01:56 AM IST
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मेरठ/कंकरखेड़ा। एनएच-58 पर खडौली के पास हाइवे चौड़ीकरण में बाधा बने अवैध निर्माणों को प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में एनएचएआई की टीम ने ध्वस्त कर दिया। हालांकि अभी सबसे बड़ी बाधा मस्जिद को नहीं हटाया गया है, लेकिन मस्जिद हटाने पर सहमति बन गई है। एनएचएआई से पैसा आते ही मस्जिद भी हटा दी जाएगी।
हाइवे पर धार्मिक स्थलों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने आदेश जारी किये थे। जिस पर लगातार स्थानीय प्रशासन इन बाधाओं को दूर कर रहा है। मेरठ में एनएच-58 पर ग्राम खड़ौली में मस्जिद और एनएच-235 पर नौगजा पीर के पास मदरसे के कारण चौड़ीकरण का काम अटका हुआ था। इन दोनों ही मामलों में संबंधित पक्षों से सहमति बन चुकी है। एनएचएआई से मुआवजा आते ही इन दोनों निर्माणों को हटा दिया जाएगा।
लेकिन एनएच-58 पर मस्जिद की आड़ में स्थानीय लोगों ने मकान और दुकान आगे बढ़ाते हुए अवैध निर्माण कर लिये थे। शनिवार को अपर जिलाधिकारी नगर मुकेश चंद्र के साथ पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों की टीम के साथ खड़ौली पहुंचे। उनके साथ एसीएम अमिताभ यादव, सीओ दौराला पंकज कुमार और कई थानों की पुलिस फोर्स थी। जबकि एनएचएआई के अधिकारी भी जेसीबी और मजदूरों के साथ वहां पहुंच गये। टीम ने मस्जिद के दोनों तरफ अवैध रूप से बनाए गए दुकान और मकानों को ध्वस्त कर कब्जा मुक्त कर दिया। इस दौरान लोगों ने विरोध भी दर्ज कराया, लेकिन अधिकारियों ने कोई भी बात मानने से इंकार कर दिया।
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अपर जिलाधिकारी नगर मुकेश चंद्र ने बताया कि इन सभी लोगों को बहुत पहले मुआवजा भी मिल चुका है। फिर ये लोग मस्जिद की आड़ में अवैध रुप से कब्जा किये हुए थे। उन्होंने बताया कि एनएचएआई को मस्जिद हटाने के लिए मुआवजे का प्रस्ताव भेज दिया गया है। जैसे ही संबंधित पक्ष को पैसा मिलेगा, मस्जिद भी हटा दी जाएगी।
हाईवे पर खड़ौली में नगर निगम की जमीन पर अवैध रूप से मस्जिद बनी है। इसका जवाब आरटीआई में खुद नगर निगम ने दिया है। इसलिए इसका यदि मुआवजा दिया जाता है, तो विरोध दर्ज कराया जाएगा। डॉ. संदीप पहल एडवोकेट, अध्यक्ष सच संस्था
हाइवे पर धार्मिक स्थलों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने आदेश जारी किये थे। जिस पर लगातार स्थानीय प्रशासन इन बाधाओं को दूर कर रहा है। मेरठ में एनएच-58 पर ग्राम खड़ौली में मस्जिद और एनएच-235 पर नौगजा पीर के पास मदरसे के कारण चौड़ीकरण का काम अटका हुआ था। इन दोनों ही मामलों में संबंधित पक्षों से सहमति बन चुकी है। एनएचएआई से मुआवजा आते ही इन दोनों निर्माणों को हटा दिया जाएगा।
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लेकिन एनएच-58 पर मस्जिद की आड़ में स्थानीय लोगों ने मकान और दुकान आगे बढ़ाते हुए अवैध निर्माण कर लिये थे। शनिवार को अपर जिलाधिकारी नगर मुकेश चंद्र के साथ पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों की टीम के साथ खड़ौली पहुंचे। उनके साथ एसीएम अमिताभ यादव, सीओ दौराला पंकज कुमार और कई थानों की पुलिस फोर्स थी। जबकि एनएचएआई के अधिकारी भी जेसीबी और मजदूरों के साथ वहां पहुंच गये। टीम ने मस्जिद के दोनों तरफ अवैध रूप से बनाए गए दुकान और मकानों को ध्वस्त कर कब्जा मुक्त कर दिया। इस दौरान लोगों ने विरोध भी दर्ज कराया, लेकिन अधिकारियों ने कोई भी बात मानने से इंकार कर दिया।
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अपर जिलाधिकारी नगर मुकेश चंद्र ने बताया कि इन सभी लोगों को बहुत पहले मुआवजा भी मिल चुका है। फिर ये लोग मस्जिद की आड़ में अवैध रुप से कब्जा किये हुए थे। उन्होंने बताया कि एनएचएआई को मस्जिद हटाने के लिए मुआवजे का प्रस्ताव भेज दिया गया है। जैसे ही संबंधित पक्ष को पैसा मिलेगा, मस्जिद भी हटा दी जाएगी।
हाईवे पर खड़ौली में नगर निगम की जमीन पर अवैध रूप से मस्जिद बनी है। इसका जवाब आरटीआई में खुद नगर निगम ने दिया है। इसलिए इसका यदि मुआवजा दिया जाता है, तो विरोध दर्ज कराया जाएगा। डॉ. संदीप पहल एडवोकेट, अध्यक्ष सच संस्था