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मान्यता है नहीं एडमिशन के लिए करा दी परीक्षा
Updated Sat, 24 Jun 2017 11:15 PM IST
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मोहित कुमार
मोदीपुरम।
सरदार वल्लभ भाई कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय और नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय फैजाबाद में वेटनरी की मान्यता न होने के बाद भी प्रवेश के लिए परीक्षा दी गई। शनिवार को काउंसिलिंग के आए करीब 70 अभ्यर्थियों को विवि ने उन्हें वापस भेज दिया। विवि प्रशासन ने उन्हें बताया कि वीसीआई (वेटनरी काउंसिल ऑफ इंडिया) ने अभी मान्यता नहीं दी है। इस लापरवाही का खामियाजा छात्रों को भुगतना पड़ेगा।
प्रदेश के चारों कृषि विश्वविद्यालय में से मोदीपुरम कृषि विश्वविद्यालय और नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय फैजाबाद में ही वेटनरी कॉलेज है। दोनों जगह पर वीसीआई ने मान्यता नहीं दी है। सरदार वल्लभ भाई कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में मान्यता का मामला पिछले पांच साल से चल रहा है। 2011 में ही सशर्त एडमिशन हुआ था, लेकिन फिर मान्यता नहीं दी। तब से ही मान्यता के लिए विवि प्रशासन प्रयास में लग गया। इस बीच यूपी कैटेट कंबाइंड एग्रीकल्चर टेक्नोलॉजी एंट्रेस टेस्ट यूपी में 15 से 17 मई तक आयोजित किया गया था। सैकड़ों बच्चों ने वेटनरी में एडमिशन के लिए परीक्षा दी थी। 120 सीटों के लिए करीब 300 बच्चों ने परीक्षा पास की थी। शनिवार को करीब 70 अभ्यर्थी काउंसिलिंग के लिए मोदीपुरम कृषि विवि के गांधी भवन पहुंचे, लेकिन काउंसिलिंग नहीं हुई। मेरठ निवासी अतुल कुमार वर्मा ने बताया कि प्रशासन ने मान्यता न मिलने की बात कहकर काउंसिलिंग कराने से मना कर दिया। इसके अलावा गोंडा, बस्ती, बरेली, आजमगढ़, कानपुर, सीतापुर, बनारस, समेत अन्य शहरों के अभ्यर्थी एडमिशन के लिए आए थे, लेकिन उन्हे मायूसी ही हाथ लगी। अब छात्र परेशान है अब वह क्या करें।
मान्यता नहीं थी तो क्यों कराई परीक्षा
वीसीआई ने कृषि विश्वविद्यालय के वेटनरी कॉलेज को मान्यता नहीं दी है। इसके अलावा फैजाबाद विवि के वेटनरी कॉलेज की भी मान्यता फैकल्टी और मानकों के अभाव में खत्म कर दी गई हे। अब सवाल उठता है कि जब मान्यता नहीं थी तो फिर परीक्षा क्यों कराई गई। हालंाकि विवि ने प्रोस्पेक्टस में मान्यता के संबंध में जानकारी दी थी। छात्र अंकित सिंह, राजेश दूबे, अनिल सारस्वत आदि का कहना है कि इसमें विवि की घोर लापरवाही है।
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छात्र परेशान अब क्या करे, कैसे मिले एडमिशन
छात्रों का कहना है कि उनका सपना था कि वह डॉक्टर बने, लेकिन अब एडमिशन नहीं मिला। गोंडा से आए छात्र राजेश का कहना है कि उन्हें विवि में आकर ही पता चला कि मान्यता नहीं है, अब समझ में नहीं आ रहा कि क्या करें।
इनसेट खबर.... कृषि विवि में 204 ने लिया एडमिशन
सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विवि में कैटेट 2017 के तहत शनिवार को दूसरे दिन काउंसिलिंग प्रक्रिया पूर्ण करते हुए कुल स्नातक पाठ्यक्रम सीटों पर प्रवेश दिए गए। पहले दिन 204 अभ्यार्थियों को एडमिशन मिला। जबकि रविवार को को 300 रैंक से आगे 700 रैंक तक के अभ्यर्थियों को बुलाया गया है। इसमें 253 अभ्यर्थियों द्वारा काउंसिलिंग प्रक्रिया पूर्ण की गई। विवि के कुलपति प्रोफेसर गया प्रसाद ने बताया कि प्रवेश प्रक्रिया में पूर्ण रूप से पारदर्शिता रखते हुए बीटेक कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग, बीएससी कृषि, जैव प्रौद्योगिकी, वाणिकी, होम साइंस, उद्यान, सस्य विज्ञान में रुचि रखने वाले छात्रों को स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए काउंसिलिंग प्रक्रिया पूर्ण कर प्रदेश के चारों कृषि विवि में प्रवेश के लिए सीटें एलॉट की गई। कुल सचिव डॉ. आरआर सिंह ने बताया कि काउंसिलिंग में आए छात्रों एवं अभिभावकों में सीट एलाटमेंट की लाइव सूचना प्रसारित करने के लिए काउंसिलिंग हॉल में कंप्यूटर संचालित बुलेटिन बोर्ड लगाए गए तथा मेडिकल सुविधा के लिए विवि का एंबुलेंस स्टाफ भी काउंसिलिंग के लिए तैनात किया गया।
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वर्जन......
मान्यता के लिए प्रयास किए जा रहे है, एडमिशन लेने के लिए भी वीसीआई को पत्र लिखा गया है, लेकिन अभी तक मान्यता नहीं मिली है। उम्मीद है कि सितंबर तक मान्यता मिल गई तो एडमिशन ले लिए जाएंगे। मान्यता के बारे में प्रोस्पेक्टस में भी जानकारी दे दी गई थी। यदि सिंतबर तक मान्यता नहीं मिलती है तो प्रवेश नहीं हो सकेंगे। -डॉ. गया प्रसाद, कुलपति
खास बातें
- मोदीपुरम और फैजाबाद कृषि विवि में वेटनरी की मान्यता के लिए चल रही थी कोशिश
- दोनों विवि को नहीं मिली मान्यता, 120 सीटों के लिए करीब 300 छात्रों ने परीक्षा की थी पास
- काउंसिलिंग के लिए शनिवार को आए छात्रों को मान्यता न होने का पता चला
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मोदीपुरम।
सरदार वल्लभ भाई कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय और नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय फैजाबाद में वेटनरी की मान्यता न होने के बाद भी प्रवेश के लिए परीक्षा दी गई। शनिवार को काउंसिलिंग के आए करीब 70 अभ्यर्थियों को विवि ने उन्हें वापस भेज दिया। विवि प्रशासन ने उन्हें बताया कि वीसीआई (वेटनरी काउंसिल ऑफ इंडिया) ने अभी मान्यता नहीं दी है। इस लापरवाही का खामियाजा छात्रों को भुगतना पड़ेगा।
प्रदेश के चारों कृषि विश्वविद्यालय में से मोदीपुरम कृषि विश्वविद्यालय और नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय फैजाबाद में ही वेटनरी कॉलेज है। दोनों जगह पर वीसीआई ने मान्यता नहीं दी है। सरदार वल्लभ भाई कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में मान्यता का मामला पिछले पांच साल से चल रहा है। 2011 में ही सशर्त एडमिशन हुआ था, लेकिन फिर मान्यता नहीं दी। तब से ही मान्यता के लिए विवि प्रशासन प्रयास में लग गया। इस बीच यूपी कैटेट कंबाइंड एग्रीकल्चर टेक्नोलॉजी एंट्रेस टेस्ट यूपी में 15 से 17 मई तक आयोजित किया गया था। सैकड़ों बच्चों ने वेटनरी में एडमिशन के लिए परीक्षा दी थी। 120 सीटों के लिए करीब 300 बच्चों ने परीक्षा पास की थी। शनिवार को करीब 70 अभ्यर्थी काउंसिलिंग के लिए मोदीपुरम कृषि विवि के गांधी भवन पहुंचे, लेकिन काउंसिलिंग नहीं हुई। मेरठ निवासी अतुल कुमार वर्मा ने बताया कि प्रशासन ने मान्यता न मिलने की बात कहकर काउंसिलिंग कराने से मना कर दिया। इसके अलावा गोंडा, बस्ती, बरेली, आजमगढ़, कानपुर, सीतापुर, बनारस, समेत अन्य शहरों के अभ्यर्थी एडमिशन के लिए आए थे, लेकिन उन्हे मायूसी ही हाथ लगी। अब छात्र परेशान है अब वह क्या करें।
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मान्यता नहीं थी तो क्यों कराई परीक्षा
वीसीआई ने कृषि विश्वविद्यालय के वेटनरी कॉलेज को मान्यता नहीं दी है। इसके अलावा फैजाबाद विवि के वेटनरी कॉलेज की भी मान्यता फैकल्टी और मानकों के अभाव में खत्म कर दी गई हे। अब सवाल उठता है कि जब मान्यता नहीं थी तो फिर परीक्षा क्यों कराई गई। हालंाकि विवि ने प्रोस्पेक्टस में मान्यता के संबंध में जानकारी दी थी। छात्र अंकित सिंह, राजेश दूबे, अनिल सारस्वत आदि का कहना है कि इसमें विवि की घोर लापरवाही है।
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छात्र परेशान अब क्या करे, कैसे मिले एडमिशन
छात्रों का कहना है कि उनका सपना था कि वह डॉक्टर बने, लेकिन अब एडमिशन नहीं मिला। गोंडा से आए छात्र राजेश का कहना है कि उन्हें विवि में आकर ही पता चला कि मान्यता नहीं है, अब समझ में नहीं आ रहा कि क्या करें।
इनसेट खबर.... कृषि विवि में 204 ने लिया एडमिशन
सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विवि में कैटेट 2017 के तहत शनिवार को दूसरे दिन काउंसिलिंग प्रक्रिया पूर्ण करते हुए कुल स्नातक पाठ्यक्रम सीटों पर प्रवेश दिए गए। पहले दिन 204 अभ्यार्थियों को एडमिशन मिला। जबकि रविवार को को 300 रैंक से आगे 700 रैंक तक के अभ्यर्थियों को बुलाया गया है। इसमें 253 अभ्यर्थियों द्वारा काउंसिलिंग प्रक्रिया पूर्ण की गई। विवि के कुलपति प्रोफेसर गया प्रसाद ने बताया कि प्रवेश प्रक्रिया में पूर्ण रूप से पारदर्शिता रखते हुए बीटेक कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग, बीएससी कृषि, जैव प्रौद्योगिकी, वाणिकी, होम साइंस, उद्यान, सस्य विज्ञान में रुचि रखने वाले छात्रों को स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए काउंसिलिंग प्रक्रिया पूर्ण कर प्रदेश के चारों कृषि विवि में प्रवेश के लिए सीटें एलॉट की गई। कुल सचिव डॉ. आरआर सिंह ने बताया कि काउंसिलिंग में आए छात्रों एवं अभिभावकों में सीट एलाटमेंट की लाइव सूचना प्रसारित करने के लिए काउंसिलिंग हॉल में कंप्यूटर संचालित बुलेटिन बोर्ड लगाए गए तथा मेडिकल सुविधा के लिए विवि का एंबुलेंस स्टाफ भी काउंसिलिंग के लिए तैनात किया गया।
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वर्जन......
मान्यता के लिए प्रयास किए जा रहे है, एडमिशन लेने के लिए भी वीसीआई को पत्र लिखा गया है, लेकिन अभी तक मान्यता नहीं मिली है। उम्मीद है कि सितंबर तक मान्यता मिल गई तो एडमिशन ले लिए जाएंगे। मान्यता के बारे में प्रोस्पेक्टस में भी जानकारी दे दी गई थी। यदि सिंतबर तक मान्यता नहीं मिलती है तो प्रवेश नहीं हो सकेंगे। -डॉ. गया प्रसाद, कुलपति
खास बातें
- मोदीपुरम और फैजाबाद कृषि विवि में वेटनरी की मान्यता के लिए चल रही थी कोशिश
- दोनों विवि को नहीं मिली मान्यता, 120 सीटों के लिए करीब 300 छात्रों ने परीक्षा की थी पास
- काउंसिलिंग के लिए शनिवार को आए छात्रों को मान्यता न होने का पता चला