{"_id":"5b5dfb824f1c1bab7d8b5585","slug":"11532885890-meerut-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"उफान पर नदियां, शामली में कृष्णा नदी में डूबे चाचा-भतीजा-AZAMGARH","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उफान पर नदियां, शामली में कृष्णा नदी में डूबे चाचा-भतीजा-AZAMGARH
Updated Sun, 29 Jul 2018 11:08 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहारनपुर/बागपत/शामली/बिजनौर। पहाड़ों पर बरसात के बाद गंगा, यमुना, कृष्णा और अन्य बरसाती नदियां उफान पर हैं। शामली में कृष्णा नदी में चाचा भतीजा डूब गए। यहां यमुना नदी भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। सहारनपुर में यमुना खादर में फंसे 24 लोगों को पुलिस और पीएसी रेस्क्यू कर बाहर निकाला। मुजफ्फरनगर के पुरकाजी क्षेत्र और बिजनौर में गंगा और मालन किनारे स्थित गांवों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है।
शामली में गांव चंदेनामाल निवासी रजत (19) और उनका भतीजा युवी (12) रविवार देर शाम कृष्णा नदी में ट्रैक्टर धोने गए थे। इस दौरान नदी के रपटे पर खड़े युवी का पैर फिसल गया और उसे बचाने के प्रयास में रजत भी नदी में कूद गया, दोनों तेज बहाव में बहकर डूब गए। सहारनपुर में शनिवार रात यमुना का जलस्तर बढ़ने पर 12 बच्चों सहित 24 लोग गांव घंघोड़ खादर में फंस गए। मूल रूप से गाजीपुर के सब्बलपुर निवासी ये लोग हर साल यमुना खादर में सब्जियां उगाने के लिए आते हैं। रात भर ये एक ऊंचे टीले पर शरण लिए रहे। रविवार तड़के पुलिस और पीएसी ने रेस्क्यू कर इन्हें निकाला। सरसावा और देहात क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति बन गई है। यमुना का पानी ग्राम झरौली बहलोलपुर, घंघोड़, हुसैनपुर, कुतुबपुर समेत कई गांवों में घुस गया है। पानी के कारण शाहजहांपुर नकुड़ बाईपास मार्ग पूरी तरह से बंद हो गया। बागपत में कई गांवों के खेतों में यमुना का पानी पहुंच गया है। यमुना में आई बाढ़ के कारण कोताना और जागौस में सब्जी किसानों को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। मुजफ्फरनगर में पुरकाजी व भोपा के खादर क्षेत्र में बाढ़ के हालात है। शहर में आबादी के बीच से बहने वाली काली नदी भी शनिवार रात से उफान पर है। बिजनौर में गंगा व मालन नदियां उफान पर हैं। गंगा ने गांव मिर्जापुर व फतेहपुर सभाचंद के पास खेतों में कटान करना शुरू कर दिया है। गांव कुंदनपुर का जंगल वाला रास्ता तीन फीट तक गंगा में डूबा हुआ है। गांव रावली व ब्रह्मपुरी में अब भी गंगा व मालन का पानी भरा हुआ है। कालागढ़ बांध क्षेत्र में पहाड़ों से चट्टानों के टुकड़े टूटकर गिरने से पावर हाउस को जाने वाला मार्ग बंद हो गया। नई कॉलोनी में भारी कटान हुआ।
विज्ञापन
शामली में गांव चंदेनामाल निवासी रजत (19) और उनका भतीजा युवी (12) रविवार देर शाम कृष्णा नदी में ट्रैक्टर धोने गए थे। इस दौरान नदी के रपटे पर खड़े युवी का पैर फिसल गया और उसे बचाने के प्रयास में रजत भी नदी में कूद गया, दोनों तेज बहाव में बहकर डूब गए। सहारनपुर में शनिवार रात यमुना का जलस्तर बढ़ने पर 12 बच्चों सहित 24 लोग गांव घंघोड़ खादर में फंस गए। मूल रूप से गाजीपुर के सब्बलपुर निवासी ये लोग हर साल यमुना खादर में सब्जियां उगाने के लिए आते हैं। रात भर ये एक ऊंचे टीले पर शरण लिए रहे। रविवार तड़के पुलिस और पीएसी ने रेस्क्यू कर इन्हें निकाला। सरसावा और देहात क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति बन गई है। यमुना का पानी ग्राम झरौली बहलोलपुर, घंघोड़, हुसैनपुर, कुतुबपुर समेत कई गांवों में घुस गया है। पानी के कारण शाहजहांपुर नकुड़ बाईपास मार्ग पूरी तरह से बंद हो गया। बागपत में कई गांवों के खेतों में यमुना का पानी पहुंच गया है। यमुना में आई बाढ़ के कारण कोताना और जागौस में सब्जी किसानों को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। मुजफ्फरनगर में पुरकाजी व भोपा के खादर क्षेत्र में बाढ़ के हालात है। शहर में आबादी के बीच से बहने वाली काली नदी भी शनिवार रात से उफान पर है। बिजनौर में गंगा व मालन नदियां उफान पर हैं। गंगा ने गांव मिर्जापुर व फतेहपुर सभाचंद के पास खेतों में कटान करना शुरू कर दिया है। गांव कुंदनपुर का जंगल वाला रास्ता तीन फीट तक गंगा में डूबा हुआ है। गांव रावली व ब्रह्मपुरी में अब भी गंगा व मालन का पानी भरा हुआ है। कालागढ़ बांध क्षेत्र में पहाड़ों से चट्टानों के टुकड़े टूटकर गिरने से पावर हाउस को जाने वाला मार्ग बंद हो गया। नई कॉलोनी में भारी कटान हुआ।
विज्ञापन