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मौसम बदला तो गुलजार हुए स्कूल
ब्यूरो, मऊ, अमर उजाला
Updated Thu, 22 Jan 2015 10:18 PM IST
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कड़ाके की ठंड के बाद जब मौसम बदला तो गुरुवार को लगभग एक महीने से बंद चल रहे स्कूलों के ताले भी बच्चों के लिए खुल गए।
स्कूल खुलते ही अभिभावकों ने भी राहत की सांस ली। लंबे समय से बंद चल रहे स्कूल की वजह से बच्चों का कोर्स भी काफी पिछड़ गया है। वहीं मौसम के साफ होते ही बाजारों में भी चहल पहल दिखाई देने लगी।
दिसंबर माह से ही ठंड का कहर जारी रहने के चलते जिला प्रशासन की ओर से पहली से आठवीं तक के स्कूल 21 जनवरी तक बंद कर दिए गए थे।
स्कूलों में लंबी छुट्टी होने के चलते बच्चे तथा अभिभावकों को कोर्स पिछड़ने की चिंता खाए जा रही थी, लेकिन गुरुवार को कोहरा का प्रकोप जारी रहा, लेकिन पूर्वाह्न 10 बजे के बाद मौसम साफ हो जाने के चलते स्कूल खुल गए। काफी समय बाद जब बच्चे स्कूल आए तो वह आपस में एक दूसरे से कुछ देर तक हाल चाल लेते रहे।
कान्वेंट तथा निजी स्कूलों में तो बच्चों की शत प्रतिशत उपस्थिति रही। वहीं परिषदीय स्कूलों में बच्चाें की उपस्थिति काफी कम रही।
दर्जनों स्कूलों में नाम मात्र ही बच्चे ही देखे गए। कुछ स्कूलों पर तो सन्नाटा पसरा रहा। उधर मौसम साफ होने से जिले के प्रमुख बाजरों में सुबह से ही चहल पहल रही। धूप निकलने से सभी के चेहरे पर मुस्कराहट नजर आ रही थी।
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स्कूल खुलते ही अभिभावकों ने भी राहत की सांस ली। लंबे समय से बंद चल रहे स्कूल की वजह से बच्चों का कोर्स भी काफी पिछड़ गया है। वहीं मौसम के साफ होते ही बाजारों में भी चहल पहल दिखाई देने लगी।
दिसंबर माह से ही ठंड का कहर जारी रहने के चलते जिला प्रशासन की ओर से पहली से आठवीं तक के स्कूल 21 जनवरी तक बंद कर दिए गए थे।
स्कूलों में लंबी छुट्टी होने के चलते बच्चे तथा अभिभावकों को कोर्स पिछड़ने की चिंता खाए जा रही थी, लेकिन गुरुवार को कोहरा का प्रकोप जारी रहा, लेकिन पूर्वाह्न 10 बजे के बाद मौसम साफ हो जाने के चलते स्कूल खुल गए। काफी समय बाद जब बच्चे स्कूल आए तो वह आपस में एक दूसरे से कुछ देर तक हाल चाल लेते रहे।
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कान्वेंट तथा निजी स्कूलों में तो बच्चों की शत प्रतिशत उपस्थिति रही। वहीं परिषदीय स्कूलों में बच्चाें की उपस्थिति काफी कम रही।
दर्जनों स्कूलों में नाम मात्र ही बच्चे ही देखे गए। कुछ स्कूलों पर तो सन्नाटा पसरा रहा। उधर मौसम साफ होने से जिले के प्रमुख बाजरों में सुबह से ही चहल पहल रही। धूप निकलने से सभी के चेहरे पर मुस्कराहट नजर आ रही थी।
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